Fri Sep 11, 2026 | 09:16 PM IST

Medically Reviewed by Dr Smita Singh , Dietitian

ओमेगा 3 की कमी हार्ट पर कैसे असर डालती है? जानें इससे होने वाली 5 समस्‍याएं

ओमेगा 3 की कमी हार्ट की बीमार‍ियों का कारण बन सकती है। ओमेगा 3 हार्ट हेल्‍थ को बेहतर बनाने का काम करता है। इसकी कमी से ब्‍लड वेसल्‍स में सूजन और अन्‍य हार्ट संबंधी श‍िकायतें हो सकती हैं। एक्‍सपर्ट से जानें ओमेगा 3 की कमी के नुकसान।

ओमेगा 3 एक पॉलीअनसेचुरेटेड फैटी एसिड है ज‍िसे शरीर खुद नहीं बनता बल्‍क‍ि हमें डाइट से लेना पड़ता है। यह हार्ट हेल्‍थ के ल‍िए बेहद फायदेमंद होता है। एक बार स्‍कूल प्रॉजेक्‍ट के दौरान मुझे ओमेगा 3 के बारे में जानने का मौका म‍िला। ओमेगा 3 द‍िमाग की कोश‍िकाओं को बनाने का काम करता है और हार्ट के साथ-साथ अन्‍य अंगों को भी स्‍वस्‍थ रखता है। इसकी कमी मतलब हार्ट की बीमार‍ियों को न्‍यौता।

National Cardiovascular Disease Regional Center For Anhui, China की एक स्‍टडी के मुताब‍िक, आजकल हार्ट ड‍िजीज तेजी से बढ़ रहे हैं, इसका कारण है खराब डाइट, मोटापा, धूम्रपान और एक्‍सरसाइज की कमी। इसके अलावा ज‍िन लोगों के शरीर में ओमेगा 3 की कमी होती है, उन्‍हें भी हार्ट ड‍िजीज होने का खतरा रहता है। ओमेगा-3 के एंंटीइंंफ्लेमेटरी प्रभाव से ब्‍लड ल‍िप‍िड प्रोफाइल बेहतर होती है और इससे हार्ट हेल्‍थ को बेहतर बनाने में मदद म‍िलती है। साथ ही इसकी कमी हार्ट ड‍िजीज का खतरा पैदा कर सकती है। इस लेख में हम जानेंगे हार्ट के ल‍िए ओमेगा 3 की कमी के नुकसान। इस व‍िषय पर बेहतर जानकारी के ल‍िए हमने Smita Singh, Chief Dietitian At Midland Hospital & Director At Wellness Diet Clinic, Lucknow से बात की।

1. ट्राइग्लिसराइड का स्‍तर बढ़ सकता है- It Raises Triglyceride Level

अगर शरीर में ओमेगा 3 की कमी होगी, तो ट्राइग्लिसराइड का स्‍तर बढ़ जाएगा। इस कारण हार्ट अटैक और स्‍ट्रोक का खतरा डबल हो जाता है। अगर ट्राइग्लिसराइड का स्‍तर 150 mg/dl से ऊपर है, तो समझ लें क‍ि यह स्‍थ‍ित‍ि हार्ट को बीमार कर सकती है।

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2. ब्‍लड वेसल्‍स में सूजन आ सकती है- It Increases Inflammation In Blood Vessels

ओमेगा 3 में एंटीइंफ्लेमेटरी गुण होते हैं। इसकी मदद से शरीर की सूजन को दूर करने में मदद म‍िलती है। इसकी कमी से धमन‍ियों में प्‍लाक जमने का खतरा बढ़ जाता है। ओमेगा की कमी से धमन‍ियां सख्‍त हो सकती हैं और ब्‍लड प्रेशर बढ़ सकता है।

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3. कोलेस्‍ट्रॉल का लेवल खराब हो सकता है- It Worsens Cholesterol Level

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अगर शरीर में ओमेगा 3 की कमी होगी, तो बैड कोलेस्‍ट्रॉल का लेवल बढ़ जाएगा और गुड कोलेस्‍ट्रॉल का लेवल घट जाता है। गुड कोलेस्‍ट्रॉल की मात्रा कम होगी, तो हार्ट में सूजन का र‍िस्‍क ज्‍यादा होगा। यह स्‍थ‍ित‍ि हार्ट के ल‍िए अच्‍छी नहीं है। इससे बचने के ल‍िए च‍िया सीड्स, अखरोट, बादाम वगैरह का सेवन करें।

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4. ब्‍लड प्रेशर बढ़ सकता है- It Can Increase Blood Pressure

अगर शरीर में ओमेगा 3 की कमी होगी, तो धमन‍ियांं सख्‍त हो जाएंगी। इस वजह से ब्‍लड प्रेशर बढ़ सकता है। अमेर‍िकन हार्ट एसोसि‍एशन के मुताब‍िक, अगर आप रोजाना तीन ग्राम ओमेगा 3 का सेवन करेंगे, तो ब्‍लड प्रेशर 4.5 mmHg तक कम हो सकता है।

5. दि‍ल की धड़कन अन‍ियम‍ित हो सकती है- Omega 3 Deficiency Causes Arrhythmia

ओमेगा 3 की कमी से मांसपेश‍ियों को स्‍थ‍िर रखने में परेशानी आती है, ऐसे में जो लोग पहले से ही मोटापे का श‍िकार हैं, खराब डाइट लेते हैं, धूम्रपान का सेवन करते हैं उनमें दि‍ल की धड़कन अन‍ियम‍ित होने की आशंका बढ़ जाती है।

न‍िष्‍कर्ष:

अगर शरीर में ओमेगा 3 की कमी है, तो इसका मतलब है क‍ि द‍िल की धड़कन अन‍ियम‍ित हो रही है, बीपी बढ़ रहा है, कोलेस्‍ट्रॉल लेवल खराब हो रहा है, ब्‍लड वेसल्‍स में सूजन है या ट्राइग्लिसराइड का स्‍तर बढ़ रहा है। ओमेगा 3 की कमी से बचने के ल‍िए च‍िया सीड्स, अखरोट, सोयाबीन वगैरह का सेवन करें।

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Yashaswi Mathur

Yashaswi Mathur

Senior Sub Editor

यशस्वी माथुर पिछले 10 वर्षों से पत्रकारिता में सक्रिय हैं, जिनमें से करीब 8 साल उन्होंने हेल्थ जर्नलिज्म को दिए हैं। फिलहाल वह OnlyMyHealth में सीनियर सब एडिटर के तौर पर काम कर रही हैं। यहां वह स्वास्थ्य, महिला स्वास्थ्य, पोषण और लाइफस्टाइल से जुड़े विषयों पर लिखती हैं। यशस्वी की खासियत है जटिल मेडिकल विषयों और रिसर्च को आसान भाषा में समझाना, ताकि आम पाठक भी उन्हें आसानी से समझ सके। लेख तैयार करते समय वह विशेषज्ञ डॉक्टरों की राय, मेडिकल रिसर्च और भरोसेमंद स्रोतों का ध्यान रखती हैं। जिन विषयों में मेडिकल वैरिफिकेशन जरूरी होता है, उन्हें प्रकाशित होने से पहले डॉक्टरों द्वारा रिव्यू किया जाता है। उन्होंने अपने करियर की शुरुआत हिंदुस्तान अखबार से की थी। उस दौरान स्वास्थ्य से जुड़ी उनकी एक खोजी रिपोर्ट के बाद लखनऊ के KGMU स्थित क्वीन मेरी अस्पताल के गायनेकोलॉजी विभाग में व्यवस्थाओं को लेकर स्वास्थ्य विभाग को सुधारात्मक कदम उठाने पड़े। Editorial Policy: यशस्वी द्वारा लिखे गए सभी लेखों की हमारी संपादकीय टीम द्वारा तथ्य-जांच की जाती है और आवश्यकता पड़ने पर संबंधित विषय विशेषज्ञों द्वारा समीक्षा की जाती है।

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    Feb 12, 2026 19:13 IST

    Modified By : Yashaswi Mathur
  • Feb 12, 2026 19:13 IST

    Published By : Yashaswi Mathur
    Reviewed By : Dr Smita Singh

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