Fri Sep 11, 2026 | 09:03 PM IST

Medically Reviewed by Dr. Pooja Pillai , Internal Medicine

क्या ऊंचे तकिए पर सोने से खर्राटे आ सकते हैं? डॉक्टर से जानें

High pillow cause snoring: खर्राटे की दिक्कत बहुत से लोगों को होती है और कुछ लोग इस वजह से रातभर सो नहीं पाते। ऐसे में एक सवाल आता है कि क्या ऊंचे तकिए से खर्राटे आते हैं? जानते हैं इस बारे में एक्सपर्ट की राय।

High pillow cause snoring: कभी आपने सोचा है कि खर्राटे क्यों आते हैं? दरअसल, ये दिक्कत तब होती है जब नेसल पैसेज संकुचित हो जाता है और सांस लेने पर हवा नाक से गुजरती है और वे कंपन (vibrate) होने लगती है जिससे खर्राटों की आवाज पैदा होती है। इसके अलावा आपके सोने का तरीका, मोटापा, पीठ के बल सोना, नाक बंद होना और कई बार धमनियों में ब्लॉकेज की समस्या होने पर भी खर्राटे की दिक्कत होती है? इसी कड़ी में सवाल आता है कि क्या ऊंचे तकिए पर सोने से खर्राटे आ सकते हैं (high pillow snoring)? क्या सच में तकिया सही कर लेने से इस दिक्कत में कमी आ सकती है, जानते हैं इस बारे में Dr. Pooja Pillai, Consultant - Internal Medicine, Aster CMI Hospital, Bangalore से।

क्या ऊंचे तकिए पर सोने से खर्राटे आ सकते हैं?

इस सवाल पर Dr. Pooja Pillai कहती हैं कि जी हां, डॉक्टरों के अनुसार, बहुत ऊंचे तकिए का इस्तेमाल खर्राटे का कारण बन सकता है या उन्हें और खराब कर सकता है। ऊंचा तकिया सिर और गर्दन को आगे की ओर धकेल सकता है, जिससे नींद के दौरान सांस लेने का रास्ता संकरा हो जाता है। सांस लेने का रास्ता संकरा होने पर हवा का प्रवाह मुश्किल हो जाता है और गले के मुलायम ऊतकों में कंपन होने लगता है, जिससे खर्राटे आने लगते हैं। इस तरह से ऊंचे तकिए पर सोने से खर्राटे की दिक्कत हो सकती है।

इसे भी पढ़ें: गर्दन के दर्द के लिए तकिया लगाना सही है या नहीं? डॉक्टर से जानें

ऊंचे तकिए पर सोने से हो सकती है सांस लेने में दिक्कत

ऊंचे तकिए गर्दन को भी अप्राकृतिक स्थिति में ला सकते हैं, जिससे मांसपेशियों में खिंचाव और सांस लेने की गलत मुद्रा हो सकती है। इसी प्रकार से पीठ के बल सोने वाले लोगों को ऊंचे तकिए के साथ खर्राटे आने की संभावना अधिक होती है। Sleepfoundation.org के अनुसार रीढ़ की हड्डी को सही स्थिति में रखने के लिए तकिए की सही ऊंचाई बहुत जरूरी है और इससे खर्राटे कम करने में भी मदद मिल सकती है। बहुत मोटा तकिया सिर को ऊपर की ओर धकेल सकता है, जबकि बहुत पतला तकिया सिर को नीचे की ओर झुका सकता है, जिससे सांस लेने में रुकावट और खर्राटे बढ़ सकते हैं।

high_pillow

खर्राटे रोकने के लिए कौन सा तकिया सबसे अच्छा है?

डॉक्टर पूजा पिल्लई कहती हैं कि खर्राटे से बचने के लिए डॉक्टर ऐसे तकिए का इस्तेमाल करने की सलाह देते हैं जो सिर, गर्दन और रीढ़ की हड्डी को एक सीधी रेखा में रखे ताकि नींद के दौरान सांस लेना आसान हो सके। हालांकि, आदर्श ऊंचाई मुख्य रूप से शरीर के प्रकार और सोने की स्थिति पर निर्भर करती है। चौड़े कंधों और भारी सिर वाले लोगों को आमतौर पर गद्दे और सिर व गर्दन के बीच की जगह को भरने और पर्याप्त सहारा देने के लिए मोटे तकिए की जरूरत होती है, वहीं पतले कंधों या छोटे सिर वाले लोगों को अक्सर बहुत ज्यादा ऊंचाई के बिना सहारा देने के लिए पतले तकिए की जरूरत होती है।

इसे भी पढ़ें: आपके तकिए का कवर कर सकता है आपके स्किन और बालों को खराब, जानें कारण

अधिक वजन वाले व्यक्तियों के लिए, जिन्हें अपनी गर्दन को सही स्थिति में रखने के लिए अतिरिक्त सहारे की जरूरत होती है उन्हें आरामदेह पर थोड़ा तकिया चाहिए होता है। जबकि कम वजन वाले लोगों के लिए, जिन्हें धंसने के लिए अतिरिक्त कोमलता की आवश्यकता होती है, एक नरम विकल्प बेहतर हो सकता है। कठोरता का आकलन करते समय आपको सोने की स्थिति और तकिये की ऊंचाई पर भी विचार करना चाहिए। करवट और पीठ के बल सोने वालों को आमतौर पर पेट के बल सोने वालों की तुलना में अधिक कठोर तकिए की जरूरत होती है। हालांकि, दबाव से राहत खर्राटों को महत्वपूर्ण रूप से प्रभावित नहीं करती है, लेकिन यह आराम पर बड़ा प्रभाव डाल सकती है। एक ऐसा तकिया जो सिर और गर्दन के आकार में ढलकर उनके वजन को समान रूप से वितरित करता है, ऐसे ही तकिए का चुनाव करें।

FAQ

  • सोते समय आपका तकिया बहुत ऊंचा हो तो क्या होता है?

    सोते समय आपका तकिया बहुत ऊंचा हो सिर और गर्दन सही स्थिति में नहीं रहते। इससे पीठ में दर्द, कमर दर्द, छाती और गर्दन की रीढ़ की हड्डियां में भी दर्द की समस्या हो सकती है।
  • क्या तकिया हटाने से खर्राटे कम होते हैं?

    तकिया हटाने से खर्राटे कम हो सकते हैं क्योंकि इससे वायुमार्ग पर दबाव कम होता है, जिससे वे खुले रहते हैं और खर्राटे कम आते हैं। हालांकि, आप एडजस्टेबल बेड या तकिए का उपयोग करके खर्राटे कम कर सकते हैं।
  • डॉक्टर आपको बायीं तरफ लेटने के लिए क्यों कहते हैं?

    बाईं करवट सोने से पाचन क्रिया सही रहता है और मल त्यागने में आसानी होती है। इतना ही नहीं इस प्रकार सोने से पाचन संबंधी समस्याएं और सीने में जलन की समस्या भी नहीं होती है।

Read Next

HbA1c लेवल को आसानी से घटा देंगे ये ट‍िप्‍स, तेजी से ग‍िरेगा शुगर ग्राफ

Disclaimer

इस जानकारी की सटीकता, समयबद्धता और वास्तविकता सुनिश्चित करने का हर सम्भव प्रयास किया गया है हालांकि इसकी नैतिक जि़म्मेदारी ओन्लीमायहेल्थ डॉट कॉम की नहीं है। हमारा आपसे विनम्र निवेदन है कि किसी भी उपाय को आजमाने से पहले अपने चिकित्सक से अवश्य संपर्क करें। हमारा उद्देश्य आपको जानकारी मुहैया कराना मात्र है।

Pallavi Kumari

Pallavi Kumari

चीफ सब-एडिटर

पल्लवी,  हेल्थ और लाइफस्टाइल पत्रकारिता में करीब 8 साल का अनुभव रखती हैं। शुरुआती कई सालों तक All India Radio में सक्रिय रहीं, फिर विभिन्न वेब पोर्ट्ल्स जैसे TheHealthsite, Indiatv और Jansatta के लिए हेल्थ, लाइफस्टाइल, धर्म, स्त्री विमर्श और साहित्य से जुड़े विषयों पर खूब लिखा और संपादन किया। फिलहाल ओनलीमायहेल्थ में चीफ सब एडिटर के पद पर रहते हुए ये हेल्थ और लाइफस्टाइल से जुड़े गंभीर विषयों को आमजन की सरल-सहज भाषा में परोसने का काम कर रही हैं। इन लेखों को विश्वसनीय और तथ्यपरक बनाने के लिए ये न सिर्फ विषयों पर गहन शोध करती हैं बल्कि, एक्सपर्ट्स और डॉक्टर्स से बात भी करती हैं। Editorial Policy: पल्लवी द्वारा लिखे गए सभी लेखों की हमारी संपादकीय टीम द्वारा तथ्य-जांच की जाती है और आवश्यकता पड़ने पर संबंधित विषय विशेषज्ञों द्वारा समीक्षा की जाती है।

Read More..

How we keep this article up to date:

We work with experts and keep a close eye on the latest in health and wellness. Whenever there is a new research or helpful information, we update our articles with accurate and useful advice.

  • Current Version

    Feb 12, 2026 18:09 IST

    Modified By : Anurag Gupta
  • Feb 12, 2026 18:09 IST

    Published By : Pallavi Kumari
    Reviewed By : Dr. Pooja Pillai

Medically reviewed content
200+ medical reviewers in network
17 Years of Trusted Health Content
Medically reviewed content
200+ medical reviewers in network
17 Years of Trusted Health Content
Medically reviewed content
200+ medical reviewers in network
17 Years of Trusted Health Content