Fri Sep 11, 2026 | 06:52 PM IST

Medically Reviewed by Payal Asthana , Fitness Expert

क्या वेटलिफ्टिंग करके घटा सकते हैं पेट की चर्बी? एक्‍सपर्ट से समझें

शरीर का संतुलन और इसे लचीला बनाने के ल‍िए वेटलिफ्टिंग एक असरदार एक्‍सरसाइज है। इस एक्‍सरसाइज से बॉडी पॉश्चर और शेप बेहतर होता है। जानें इससे पेट की चर्बी कम होती है या नहीं?

वेटलिफ्टिंग की मदद से वजन कम करने, शरीर की ताकत को बढ़ाने और मसल टोन इंंप्रूव करने में मदद म‍िलती है। वेट ट्रेन‍िंग की मदद से हड्ड‍ियां मजबूत बनती हैं। शरीर को शेप देने के ल‍िए वेटल‍िफ्टिंग एक अच्‍छी एक्‍सरसाइज है। वेटलिफ्टिंग की मदद से फ्रैक्‍चर और ऑस्‍ट‍ियोपोरोस‍िस का खतरा कम होता है। हार्ट हेल्‍थ के ल‍िए यह एक असरदार एक्‍सरसाइज मानी जाती है। कुछ लोग यह मानते हैं क‍ि वेटलिफ्टिंग करने से बेली फैट को कम करने में मदद म‍िलती है। जानें इस बात में क‍ितनी सच्‍चाई है। बेहतर जानकारी के ल‍िए हमने Director Ozefit Fitness Club, Australia & Certified Fitness Coach Payal Asthana से बात की।

केवल वेटलिफ्टिंग से बेली फैट कम नहीं होता

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Fitness Coach Payal Asthana ने बताया क‍ि वेटलिफ्टिंग की मदद से बेली फैट को कम करने में मदद म‍िल सकती है लेक‍िन यह एक्‍सरसाइज केवल बेली फैट को कम करने के ल‍िए नहीं जानी जाती है। बॉडी फैट तब घटता है जब आप कंज्‍यूम की गई कैलोरी से ज्‍यादा बर्न करते हैं।

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क्‍या कहती है स्‍टडी?

साल 2014 में Obesity नामक जर्नल में प्रकाश‍ित एक स्‍टडी के मुता‍बि‍क, ज‍िन पुरुषों की उम्र 40 साल या उससे ज्‍यादा है उनमें वेट ट्रेन‍िंग को पेट की चर्बी कम करने के ल‍िए असरदार एक्‍सरसाइज बताया। कमर पर जमा फैट कम करने के ल‍िए वेट ट्रेन‍िंग को असरदार पाया गया। यह स्‍टडी 10 हजार से ज्‍यादा लोगोंं पर की गई थी। हालांक‍ि स्‍टडी में यह बात साफ नहीं है क‍ि केवल वेटलिफ्टिंग के जर‍िए पेट की चर्बी घटती है या नहीं इसल‍िए इसे आधार नहीं माना जा सकता।

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बेली फैट घटाने के ल‍िए स्‍ट्रेंथ ट्रेन‍िंग करें

स्‍ट्रेंथ ट्रेन‍िंग की मदद से लीन मसल्‍स बनाने में मदद म‍िलती है, रेस्‍ट‍िंग मेटाबॉल‍िक रेट बढ़ता है ज‍िससे कैलोरी बर्न करने में ज्‍यादा मदद म‍िलती है। इससे कमर पतली होती है और फैट की जगह शरीर में मसल्‍स बढ़ती हैं।

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वेटलिफ्टिंग के साथ-साथ कार्डि‍यो भी जरूरी है

वेटलिफ्टिंग के साथ-साथ कार्डि‍योवैस्‍कुलर एक्‍सरसाइज जैसे कार्डि‍यो को भी करने की सलाह देते हैं। साथ ही बेहतर पर‍िणाम के ल‍िए हाई प्रोटीन डाइट और अच्‍छी नींद की जरूरत होती है। साथ ही कंपाउंंड एक्‍सरसाइज जैसे स्क्वाट्स, डेडल‍िफ्ट, बेंच प्रेस जैसी एक्‍सरसाइज करने की सलाह देते हैं ताक‍ि ज्‍यादा से ज्‍यादा कैलोरी बर्न हो सके। साथ ही पेट का फैट तभी कम होगा जब पूरे शरीर से फैट लॉस होगा।

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क‍िन एक्‍सरसाइज से घटती है पेट की चर्बी?

  • तेज स्‍पीड से चलना, तैरना, इंक्‍लाइन वॉक या माउंटेन क्‍लाइंबर एक्‍सरसाइज, बर्पीज, जंंप‍िंग लंज, हाई नीज, केटलबेल स्‍व‍िंग वगैरह कर सकते हैं।
  • पेट की चर्बी कम करने के ल‍िए वेटलिफ्टिंग के साथ-साथ इंटरवल र‍न‍िंग करें। कुछ देर तेज गत‍ि से दौड़ें, फ‍िर वेटलिफ्टिंग को जारी रखें।
  • दौड़ना, तेज चलना वगैरह कार्डि‍यो करें और इसके बाद वजन उठाने वाली एक्‍सरसाइज करें।

न‍िष्‍कर्ष:

वेटलिफ्टिंग से बेली फैट कम करने में मदद म‍िल सकती है, लेक‍िन यह एक्‍सरसाइज केवल बेली फैट को टार्गेट नहीं करती है। वेटलिफ्टिंग के साथ-साथ स्‍ट्रेंथ ट्रेन‍िंग, कार्डि‍यो जैसी एक्‍सरसाइज करेंगे, तो ज्‍यादा फायदे म‍िलेंगे।

FAQ

  • वेटलिफ्टिंग करने के फायदे क्‍या हैं?

    वेटलिफ्टिंग करने से पीठ का दर्द और मसल्‍स की अकड़न को दूर करने में मदद म‍िलती है। इससे हड्ड‍ियां मजबूत होती हैं और हार्ट ड‍िजीज से बचाव होता है।
  • बेली फैट कम करने वाले योग कौन से हैं?

    बेली फैट घटाने के ल‍िए नौकासन, भुजंगासन, पवनमुक्तासन और कपालभाति जैसे योग कर सकते हैं।

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Yashaswi Mathur

Yashaswi Mathur

Senior Sub Editor

यशस्वी माथुर पिछले 10 वर्षों से पत्रकारिता में सक्रिय हैं, जिनमें से करीब 8 साल उन्होंने हेल्थ जर्नलिज्म को दिए हैं। फिलहाल वह OnlyMyHealth में सीनियर सब एडिटर के तौर पर काम कर रही हैं। यहां वह स्वास्थ्य, महिला स्वास्थ्य, पोषण और लाइफस्टाइल से जुड़े विषयों पर लिखती हैं। यशस्वी की खासियत है जटिल मेडिकल विषयों और रिसर्च को आसान भाषा में समझाना, ताकि आम पाठक भी उन्हें आसानी से समझ सके। लेख तैयार करते समय वह विशेषज्ञ डॉक्टरों की राय, मेडिकल रिसर्च और भरोसेमंद स्रोतों का ध्यान रखती हैं। जिन विषयों में मेडिकल वैरिफिकेशन जरूरी होता है, उन्हें प्रकाशित होने से पहले डॉक्टरों द्वारा रिव्यू किया जाता है। उन्होंने अपने करियर की शुरुआत हिंदुस्तान अखबार से की थी। उस दौरान स्वास्थ्य से जुड़ी उनकी एक खोजी रिपोर्ट के बाद लखनऊ के KGMU स्थित क्वीन मेरी अस्पताल के गायनेकोलॉजी विभाग में व्यवस्थाओं को लेकर स्वास्थ्य विभाग को सुधारात्मक कदम उठाने पड़े। Editorial Policy: यशस्वी द्वारा लिखे गए सभी लेखों की हमारी संपादकीय टीम द्वारा तथ्य-जांच की जाती है और आवश्यकता पड़ने पर संबंधित विषय विशेषज्ञों द्वारा समीक्षा की जाती है।

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    Jun 29, 2026 17:02 IST

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