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सर्दी के मौसम में सर्द हवाएं, कोहरा और तरह-तरह के पकवान खाने का मजा ही कुछ और है। सर्दियों में अलग-अलग चीजों को खाने पीने में बड़ा मजा आता है। ठंड के मौसम में अक्सर पाचन से जुड़ी समस्याएं भी काफी बढ़ जाती है। लेकिन, क्या कभी आपने सोचा है कि ठंड में पाचन क्रिया धीमी क्यों हो जाती है। बता दें कि पाचन क्रिया धीमा होने के कारण पेट में सूजन, कब्ज, गैस, दस्त और पेट दर्द जैसी पाचन से जुड़ी समस्याएं बढ़ जाती है। ऐसे में आइए नोएडा के मेट्रो अस्पताल के चेयरमैन- मेट्रो इंस्टीट्यूट ऑफ गैस्ट्रोएंटरोलॉजी, हेपेटोलॉजी, डॉ. हर्ष कपूर से जानते हैं कि सर्दियों में पाचन धीमा होने के क्या कारण हैं?
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सर्दियों में पाचन क्रिया धीमा क्यों होता है?
डॉ. हर्ष कपूर के अनुसार ठंड का मौसम पाचन तंत्र पर सीधा असर डालता है। आइए विस्तार में जानते हैं यह क्यों होता है?
1. ठंड में शरीर अपनी गर्मी बचाता है
सर्दी में शरीर का पहला काम होता है अंदर के तापमान को बनाए रखना। इस दौरान हमारी बॉडी थोड़ा-सा ब्लड फ्लो पाचन तंत्र से हटाकर स्किन और शरीर के महत्वपूर्ण अंगों की ओर भेज देता है ताकि शरीर गर्म रहे। इसके कारण पेट और आंतों की गति धीमी हो जाती है, खाना ज्यादा समय लेते है पेट में पचने में, ऐसे में भारीपन, गैस और ब्लोटिंग की समस्या बढ़ जाती है। यही कारण है कि ठंड में डाइजेशन स्वाभाविक रूप से धीमा हो जाता है
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2. ठंड में कम चलना-फिरना
लोग सर्दियों में फिजिकल एक्टिविटी कम कर देते हैं। सुबह उठकर टहलने, योग करने, हल्की एक्सरसाइज आदि गतिविधियां बहुत कम हो जाती है। कम एक्टिविटी करने के कारण आंतों की मूवमेंट धीमी हो जाती है, कब्ज की समस्या बढ़ जाती है, पेट भारी रहने लगता है और गैस या एसिडिटी की समस्या बढ़ जाती है। सर्दियों में पाचन धीमा होने का ये सबसे बड़ा कारण है।
3. पानी कम पीना
ठंड में प्यास कम लगने लगती है और लोग पानी बहुत कम पीते हैं, लेकिन हमारे शरीर में पानी की कमी सीधे पाचन तंत्र को प्रभावित करती है। शरीर में डिहाइड्रेशन के कारण पेट और आंतों में ड्राइनेस आ सकती है, मल कठोर हो सकता है, पेट का एसिड बढ़ जाता है और एसिडिटी या गैस की संभावना ज्यादा बढ़ जाती है।
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4. तला-भुना और भारी भोजन करना
ठंड में खाने की क्रेविंग बहुत ज्यादा बढ़ जाती है, जिसके कारण लोग परांठे, पकौड़े, मिठाइयां, नॉन-वेज आदि चीजों का ज्यादा सेवन करने लगते हैं। यह सभी चीजें डाइजेशन पर ज्यादा दबाव डालती हैं। इन चीजों का सेवन करने से पेट में ज्यादा एसिड बनने लगता है, गैस और ब्लोटिंग की समस्या बढ़ जाती है। अगर आप रात को भारी खाना खाते हैं तो सुबह कब्ज की समस्या बढ़ सकती है।
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5. सर्दियों में मेटाबॉलिज्म धीमा होना
ठंड के मौसम में शरीर एनर्जी बचाने की कोशिश करता है, जिस कारण BMR थोड़ा कम हो जाता है। ठंड में खाना आपके पेट में धीरे टूटता है, डाइजेशन धीमा रहता है और पेट में भारीपन महसूस होता है।
सर्दियों में पाचन को बेहतर कैसे रखें?
ठंड के मौसम में पाचन को तेज और स्वस्थ रखने के लिए आप इन टिप्स को फॉलो कर सकते हैं-
- दिनभर थोड़ी-थोड़ी मात्रा में गुनगुना पानी पिएं, इससे आपका शरीर हाइड्रेट रहता है।
- सुबह हल्दी वॉक या 20 मिनट की हल्की शारीरिक गतिविधियां करें, इससे आपका डाइजेशन बेहतर होता है।
- रात के डिनर में हल्का भोजन करें, जिसमें दाल, सब्जी, सूप आदि चीजें शामिल हो।
- फाइबर से भरपूर फूड्स जैसे सलाह, फल, ओट्स, दालें आदि अपनी डाइट में शामिल करें।
- अच्छे डाइजेशन के लिए खाने को अच्छी तरह चबाकर खाएं।
- ठंड से बचने के लिए बार-बार चाय या कॉफी पीने से बचें, इससे आपको डिहाइड्रेशन हो सकता है।
- रोजाना कम से कम 5 से 10 मिनट डीप ब्रीदिंग एक्सरसाइज करें।
निष्कर्ष
सर्दियों का मौसम आपके डाइजेशन के लिए थोड़ा मुश्किल होता है, लेकिन सही आदतों और खानपान में सही बदलाव करके आप अपनी पाचन क्रिया को मजबूत बनाने मेंं मदद मिलती है।
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FAQ
कमजोर पाचन कैसे ठीक करें?
कमजोर पाचन को ठीक करने के लिए आप नियमित रूप से एक्सरसाइज करें, पर्याप्त मात्रा में पानी पिएं और खाने को समय पर खाएं।खाना तुरंत पचाने के लिए क्या करें?
खाने को पचाने के लिए गर्म पानी में थोड़ा नींबू का रस या एक चुटकी बेकिंग सोडा मिलाकर पीने से पाचन क्रिया बेहतर हो सकती है। इसके अलावा, आप दही, छाछ आदि जैसे फूड्स का सेवन भी कर सकते हैं, क्योंकि इन्हें खाने से आपके गट में अच्छे बैक्टीरिया बढ़ते हैं।कौन सा पेय पाचन को बढ़ाता है?
पाचन को बढ़ाने वाले ड्रिंक्स में पानी, जीरा या सौंफ का पानी, अदरक और पुदीने की चाय और प्रोबायोटिक्स से भरपूर ड्रिंक्स जैसे छाछ शामिल है।
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Nov 22, 2025 18:18 IST
Published By : Katyayani Tiwari