
आजकल फिटनेस का क्रेज हर किसी में दिखता है। लोग दिनभर एनर्जी बनाए रखने और मसल्स को सपोर्ट देने के लिए हाई-प्रोटीन स्नैक्स का खूब इस्तेमाल कर रहे हैं। प्रोटीन बार, प्रोटीन चिप्स, पीनट बटर, ग्रीक योगर्ट, चिकन स्ट्रिप्स, सोया स्नैक्स, ये सब अब हमारी रोजमर्रा की डाइट का हिस्सा बनते जा रहे हैं। जिम जाने वाले ही नहीं, बल्कि ऑफिस में काम करने वाले लोग भी हेल्दी चॉइस समझकर इन्हें खाते रहते हैं, लेकिन क्या ये हाई-प्रोटीन स्नैक्स सच में उतने ही सुरक्षित हैं, जितना हम सोचते हैं? खासकर किडनी की सेहत पर इनका असर कैसा पड़ता है? क्योंकि किडनी ही वह ऑर्गन है जो शरीर में जमा अतिरिक्त प्रोटीन के बाय-प्रोडक्ट्स को फिल्टर करती है। इस लेख में यशोदा हॉस्पिटल्स, हैदराबाद के कंसल्टेंट नेफ्रोलॉजिस्ट डॉ. शशि किरण (Dr. Sashi Kiran A, Consultant Nephrologist, Yashoda Hospitals, Hyderabad) से जानिए, क्या हाई-प्रोटीन स्नैक्स किडनी के लिए सुरक्षित हैं?
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क्या हाई-प्रोटीन स्नैक्स किडनी के लिए सुरक्षित हैं? - Are high protein snacks safe for kidneys
डॉ. शशि किरण बताते हैं कि प्रोटीन शरीर में टूटकर कई वेस्ट प्रोडक्ट बनाता है, जिन्हें किडनी फिल्टर करके बाहर निकालती है। जब हम जरूरत से ज्यादा प्रोटीन खाते हैं, तो किडनी को इन वेस्ट को छांटने में अधिक मेहनत करनी पड़ती है। दिनभर में एक या दो बार हाई-प्रोटीन स्नैक्स लेना कोई बड़ी समस्या नहीं है, लेकिन लगातार ज्यादा मात्रा में प्रोटीन लेना किडनी पर लोड बढ़ा सकता है।
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हेल्दी लोगों में किडनी पूरी तरह सक्षम होती हैं और हाई-प्रोटीन डाइट या स्नैक्स को सामान्य रूप से संभाल सकती हैं। ऐसे लोग कभी-कभार हाई प्रोटीन स्नैक्स खा सकते हैं लेकिन जिन लोगों को किडनी की बीमारी, हाई BP या डायबिटीज है, उनको प्रोटीन की अधिक मात्रा किडनी को और कमजोर कर सकती है, क्योंकि उनकी किडनी पहले से ही वेस्ट फिल्टर करने में संघर्ष करती है।
कौन-कौन हाई-प्रोटीन स्नैक्स से सावधान रहें?
- किडनी रोगी
- डायबिटीज या बॉर्डरलाइन डायबिटीज वाले
- हाई ब्लड प्रेशर
- 60 के बाद की उम्र के लोग
- प्रोटीन सप्लीमेंट पहले से ले रहे लोग
इन लोगों को ज्यादा प्रोटीन लेने से किडनी स्ट्रेन का खतरा बढ़ सकता है।

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डॉक्टर की सलाह
हाई-प्रोटीन स्नैक्स लेना है तो इन बातों का ध्यान रखें कि रोज नहीं, कभी-कभार खाएं, हमेशा लेबल पढ़ें (सोडियम, शुगर, फैट), एक हाई-प्रोटीन स्नैक को पूरा मील रिप्लेसमेंट न बनाएं, पानी ज्यादा पिएं, ताकि किडनी वेस्ट आसानी से फिल्टर कर सके और यदि किडनी रोग है, डॉक्टर से पूछे बिना प्रोटीन सप्लीमेंट या स्नैक्स न लें।
निष्कर्ष
हाई-प्रोटीन स्नैक्स पूरी तरह हानिकारक नहीं हैं, लेकिन इन्हें रोजाना और बड़ी मात्रा में लेना किडनी पर तनाव पैदा कर सकता है, खासतौर पर उन लोगों में जिन्हें पहले से किडनी या ब्लड प्रेशर की समस्या है। हेल्दी लोग इन्हें सीमित मात्रा में ले सकते हैं, लेकिन नेचुरल प्रोटीन सोर्स हमेशा सुरक्षित और बेहतर विकल्प माने जाते हैं। इसलिए संतुलन रखना और शरीर की जरूरत के अनुसार प्रोटीन चुनना ही सबसे सुरक्षित तरीका है।
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FAQ
क्या प्रोटीन शेक रोज पीना सही है?
यदि आपकी प्रोटीन जरूरत सामान्य खाना पूरा नहीं कर पाता, तभी शेक लेना उचित है। बिना जरूरत रोजाना शेक पीना सेहत पर असर डाल सकता है।कितनी मात्रा को हाई प्रोटीन कहा जाता है?
आम व्यक्ति के लिए प्रति किलो शरीर वजन के अनुसार 0.8-1 ग्राम प्रोटीन पर्याप्त है।क्या सिर्फ प्रोटीन खाने से मसल्स बन सकते हैं?
प्रोटीन के साथ सही एक्सरसाइज, कार्ब्स, फैट, नींद और हाइड्रेशन भी जरूरी है। सिर्फ प्रोटीन बढ़ाने से मसल्स नहीं बनते।
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Nov 29, 2025 16:47 IST
Published By : Akanksha Tiwari