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Medically Reviewed by Archana Jain , Nutritionist

7 दिन की राइस डाइट क्या है? डाइटिशियन से जानें फायदे-नुकसान

वजन घटाने और शरीर को डिटॉक्स करने के लिए आजकल सोशल मीडिया पर कई तरह की फास्ट डाइट्स ट्रेंड में हैं। इन्हीं में से एक है 7 दिन की राइस डाइट, यहां जानिए, 7 दिन की राइस डाइट क्या है? 
7 दिन की राइस डाइट क्या है? डाइटिशियन से जानें फायदे-नुकसान7 दिन की राइस डाइट क्या है? डाइटिशियन से जानें फायदे-नुकसान

वजन तेजी से घटाने के चक्कर में आजकल लोग सोशल मीडिया पर वायरल हो रही डाइट्स को बिना सोचे-समझे फॉलो करने लगते हैं। कभी सिर्फ फल खाने की सलाह दी जाती है, तो कभी दिनभर जूस पर रहने की। इन्हीं ट्रेंडिंग डाइट्स में इन दिनों 7 दिन की राइस डाइट भी खूब चर्चा में है। दावा किया जा रहा है कि सिर्फ चावल खाने से शरीर डिटॉक्स हो जाता है, पेट हल्का रहता है और कुछ ही दिनों में वजन तेजी से कम हो जाता है लेकिन सवाल यह है कि क्या वाकई चावल जैसी कार्बोहाइड्रेट-रिच चीज वजन घटाने में मदद कर सकती है? इस बारे में ज्यादा जानकारी के लिए हमने, जयपुर स्थित Angelcare-A Nutrition and Wellness Center की निदेशक, डाइटिशियन एवं न्यूट्रिशनिस्ट अर्चना जैन (Archana Jain, Dietitian and Nutritionist, Director, Angelcare-A Nutrition and Wellness Center, Jaipur) से बात की-

7 दिन की राइस डाइट क्या है? - What is the 7 day rice diet

डाइटिशियन एवं न्यूट्रिशनिस्ट अर्चना जैन बताती हैं कि 7 दिन की राइस डाइट एक शॉर्ट-टर्म डाइट प्लान है, जिसमें मुख्य रूप से उबले हुए चावल, सब्जियां, फल और सीमित मात्रा में प्रोटीन शामिल होता है। इस डाइट में तला-भुना, प्रोसेस्ड फूड, ज्यादा नमक और शक्कर से पूरी तरह परहेज किया जाता है। इसका मकसद कैलोरी इनटेक को कम करना और पाचन तंत्र को आराम देना होता है।

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  • डाइटिशियन अर्चना जैन बताती हैं कि राइस डाइट कम कैलोरी और लो फैट डाइट मानी जाती है। चावल आसानी से पच जाते हैं और पेट पर ज्यादा दबाव नहीं डालते।
  • जब शरीर को कम कैलोरी मिलती है, तो वह जमा फैट को एनर्जी के रूप में इस्तेमाल करने लगता है, जिससे वजन घटने लगता है।
  • साथ ही नमक कम होने से शरीर में जमा अतिरिक्त पानी भी बाहर निकलता है।

फायदे - Benefits

डाइटिशियन अर्चना जैन के अनुसार, जिन लोगों को पाचन संबंधी समस्याएं हैं, हल्का वजन घटाना चाहते हैं या शरीर को कुछ दिनों के लिए डिटॉक्स करना चाहते हैं, उन्हें इस डाइट से फायदा हो सकता है। हालांकि यह डाइट लंबे समय के लिए नहीं बनाई गई है और इसे सिर्फ कुछ दिनों तक ही अपनाना चाहिए।

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What is the 7 day Rice DietWhat is the 7 day Rice Diet

नुकसान - Side Effect

हर डाइट की तरह राइस डाइट के भी कुछ नुकसान हैं। इस डाइट में प्रोटीन, हेल्दी फैट और जरूरी माइक्रोन्यूट्रिएंट्स की कमी हो सकती है। लंबे समय तक इसे फॉलो करने से कमजोरी, थकान, चक्कर आना और मसल लॉस का खतरा बढ़ सकता है। डायबिटीज के मरीजों के लिए ज्यादा चावल खाना ब्लड शुगर बढ़ा सकता है।

डाइटिशियन की सलाह

डाइटिशियन अर्चना जैन साफ तौर पर कहती हैं कि यह डाइट डायबिटीज, थायराइड, किडनी रोग, प्रेग्नेंट महिलाओं और स्तनपान कराने वाली महिलाओं के लिए बिना डॉक्टर या डाइटिशियन की सलाह के बिलकुल नहीं अपनानी चाहिए। जिन लोगों को पहले से किसी तरह की कमजोरी या न्यूट्रिशन डेफिशिएंसी है, उन्हें भी इस डाइट से बचना चाहिए।

निष्कर्ष

7 दिन की राइस डाइट वजन कम करने और पाचन को आराम देने में मदद कर सकती है, लेकिन यह कोई स्थायी समाधान नहीं है। इसके फायदे तभी मिलते हैं जब इसे सही लोगों द्वारा, सीमित समय और सही तरीके से अपनाया जाए। बिना एक्सपर्ट सलाह के इस तरह की फास्ट डाइट अपनाना सेहत के लिए नुकसानदायक हो सकता है।

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FAQ

  • क्या रोज चावल खाना सेहत के लिए सही है?

    सीमित मात्रा में और सही तरीके से पकाए गए चावल रोज खाए जा सकते हैं।
  • सफेद चावल और ब्राउन राइस में क्या फर्क है?

    सफेद चावल जल्दी पचते हैं, जबकि ब्राउन राइस में फाइबर ज्यादा होता है और यह देर तक पेट भरा रखने में मदद करता है।
  • क्या रात में चावल खाना नुकसानदायक है?

    अगर मात्रा ज्यादा न हो और हल्का भोजन लिया जाए, तो रात में चावल खाना नुकसानदायक नहीं होता। देर रात भारी मात्रा में चावल खाने से वजन बढ़ सकता है।

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Akanksha Tiwari

Health & Lifestyle Journalist

आकांक्षा तिवारी पिछले 6 वर्षों से पत्रकारिता में सक्रिय हैं, जिनमें से करीब 3 साल उन्होंने हेल्थ जर्नलिज्म को दिए हैं। फिलहाल वह OnlyMyHealth में सीनियर सब एडिटर के तौर पर काम कर रही हैं। वह पोषण, आयुर्वेद, प्रेगनेंसी, हार्ट हेल्थ और फिटनेस जैसे विषयों पर लिखती हैं और स्वास्थ्य से जुड़ी जानकारी को प्रमाणित स्रोतों और रिसर्च के आधार पर सरल भाषा में पाठकों तक पहुंचाने का प्रयास करती हैं। जिन लेखों में मेडिकल पुष्टि जरूरी होती है, उन्हें प्रकाशित होने से पहले विशेषज्ञ डॉक्टरों द्वारा रिव्यू किया जाता है। OnlyMyHealth से पहले वह India TV, India Ahead और News Nation के साथ काम कर चुकी हैं। Editorial Policy: आकांक्षा द्वारा लिखे गए सभी लेखों की हमारी संपादकीय टीम द्वारा तथ्य-जांच की जाती है और आवश्यकता पड़ने पर संबंधित विषय विशेषज्ञों द्वारा समीक्षा की जाती है।

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    Jan 02, 2026 17:00 IST

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  • Jan 02, 2026 17:00 IST

    Published By : Akanksha Tiwari
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