शीशम के तने से बना तेल (रोजवुड ऑयल) में होते हैं कई गुण, जानें इस तेल के इस्तेमाल का तरीका, फायदे और नुकसान

रोजवुड ऑयल के इस्तेमाल से आप स्ट्रेस और शरीर में होने वाले दर्द की परेशानी से बच सकते हैं। आइए जानते हैं क्या है यह तेल?

 

Kishori Mishra
Written by: Kishori MishraPublished at: Mar 12, 2021Updated at: Mar 12, 2021
शीशम के तने से बना तेल (रोजवुड ऑयल) में होते हैं कई गुण, जानें इस तेल के इस्तेमाल का तरीका, फायदे और नुकसान

रोजवुड ऑयल को बायो डी रोज ऑयल नाम भी दिया गया है। इस तेल को आप शीशम का तेल भी कह सकते हैं। शीशम एक लकड़ी का पेड़ है, जिसका ज्यादातर इस्तेमाल फर्नीचर तैयार करने के लिए किया जाता है। वहीं, इस पेड़ के तने से तेल तैयार किया जाता है। इसे ही रोजवुड ऑयल नाम दिया गया है। रोजवुड ऑयल एक एसेंशियल ऑयल है, जिसे अधिकतर लोग अरोमा थैरेपी के लिए इस्तेमाल करते है। इसके अलावा मांसपेशियों की मालिश के लिए भी इस तेल का इस्तेमाल किया जाता है। इसके इस्तेमाल से आप दर्द की परेशानी से राहत पा सकते हैं। रोजवुड तेल के इस्तेमाल से आप स्ट्रेस फ्री हो सकते हैं। अधिकतर ब्यूटी प्रोडक्ट्स में रोजवुड ऑयल का इस्तेमाल किया जाता है। आइए जानते हैं विस्तार से रोजवुड ऑयल के बारे (What is Rosewood Oil) में -

कैसे काम करता है रोजवुड ऑयल ?

रोजवुड ऑयल में अल्फा-पेनी नामक कंटेंट होता है, जो एंटी बायोटिक गुणों से भरपूर होता है। इसके अलावा इस तेल में रसायन (chemical)  जेरेनियल (geraniol),  लिनलोल (linalool), नेरोल (nerol) , 8-सिनेऑल (8-cineole) और लिमुनिन (limonene) मांसपेशियों की कोशिकाओं को ढीला करने में असरकारी है। रोजवुड ऑयल के इस्तेमाल से कैंसर जैसी खतरनाक बीमारी से बचाव किया जाता है। मालिश के साथ-साथ इस ऑयल को सूंघने और भाप के जरिए शरीर में पहुंचा सकते हैं। अरोमा थेरेपी के अलावा इस तेल का इस्तेमाल आयुर्वेदिक ट्रीटमेंट के लिए किया जाता है। आइए जानते हैं रोजवुड ऑयल के फायदे और नुकसान (Benefits and Side Effects of Rosewood Oil) -

रोजवुड ऑयल के फायदे (Benefits of Rosewood Oil)

दर्द से दिलाए राहत 

रोजवुड ऑयल के इस्तेमाल से आप शरीर में होने वाले दर्द की परेशानी से राहत पा सकते हैं। इसके इस्तेमाल से आप सिरदर्द, जोड़ों में दर्द, मांसपेशियों में दर्द और दांतों में दर्द से राहत पा सकते हैं।

स्ट्रेस करे कम

रोजवुड ऑयल के इस्तेमाल से ब्लड में मौजूद स्ट्रेस हॉर्मोन कोर्टिसोल (stress hormone cortisol) का लेवल कम होता है। रोजवुड तेल के इस्तेमाल से आपकी मांसपेशियों को रिलैक्स फील होता है, जिससे स्ट्रेस लेवल घटता है। 

अल्जाइमर के खतरे को करे कम

रोजवुड तेल के इस्तेमाल से आप अपने न्यूरो प्रॉब्लम को भी घटा सकते हैं। इसके इस्तेमाल से न्यूरो की समस्या धीरे-धीरे कम होती है। इतना ही नहीं इस तेल से अगर आप नियमित रूप से मालिश करते हैं, तो इससे अल्जाइमर, याददाश्त शक्ति और दिमागी समस्याएं कम होती है। 

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घाव को करे रोजवुड ऑयल 

रोजवुड तेल में एंटी-बायोटिव गुण मौजूद होते हैं, जो घाव को भरने का कार्य करती है। इसके साथ ही इसमें घाव के दर्द को कम करने और संक्रमण के खतरे को रोकने का गुण मौजूद होता है। घाव को जल्दी भरने में रोजवुड ऑयल असरदार होता है। 

सर्दी-जुकाम की परेशानी कम करे रोजवुड तेल

सर्दी-जुकाम की समस्या होने पर आप रोजवुड ऑयल को सूंघे। इससे सर्दी-जुकाम से तुरंत राहल मिलेगा। इसके साथ ही इसमें स्वास संबंधी परेशानी को कंट्रोल करने की क्षमता होती है। 

क्या कहते हैं एक्सपर्ट 

आयुर्वेदा एक्सपर्ट डॉक्टर राहुल चतुर्वेदी का कहना है कि रोजवुड ऑयल का इस्तेमाल सदियों से किया जा रहा है। इस तेल के इस्तेमाल से आप स्किन में होने वाली परेशानियों से ऊभर सकते हैं। यह ऑयल आपके लिए असरदार साबित हो सकता है, लेकिन इसके साइड इफेक्ट्स क्या हैं, इस बारे में अधिक सबूत हासिल नहीं हुए हैं। एक्सपर्ट का कहना है कि रोजवुड ऑयल का डोज काफी बातों पर निर्भर करता है। जैसे - आपकी उम्र क्या है? आपका स्वास्थ्य कैसा है? इत्यादि। इन सभी जानकारियों के आधार पर ही एक्सपर्ट आपको रोजवुड ऑयल इस्तेमाल करने की सलाह देते हैं। बिना डॉक्टर या एक्सपर्ट की सलाह के रोजवुड ऑयल का इस्तेमाल ना करें।

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क्या गर्भावती और स्तनपान कराने वाली महिलाओं कर सकती हैं इसका इस्तेमाल ?

एक्सपर्ट का कहना है कि गर्भावस्था में होने वाले दर्द से राहत दिलाने के लिए रोजवुड ऑयल का इस्तेमाल किया जाता है। ऐसा माना जाता है कि इसकी खूशबू से लोगों का तनाव कम होता है, साथ ही इससे भ्रूण का विकास सही ढंग से होता है। लेकिन इन सभी बातों के अलावा इस्तेमाल करने से पहले एक बार डॉक्टर से जरूर संपर्क करें। स्तनपान कराने वाली महिलाओं और गर्भवती महिलाओं को बिना डॉक्टर की सलाह के किसी भी चीज का इस्तेमाल करने से बचना चाहिए। 

रोजवुड ऑयल के नुकसान (Side Effects of Rosewood Oil)

रोजवुड ऑयल के साइड इफेक्ट्स के अभी तक कोई पुख्ता सबूत सामने नहीं आए हैं। लेकिन लोगों को डॉक्टर के सलाहनुसार ही इसका इस्तेमाल करना चाहिए। बिना डॉक्टर की सलाह के इसका इस्तेमाल करने से बचें। नवजात और कम उम्र के बच्चों को इसका इस्तेमाल ना करने दें। 

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इसके साथ ही जिनकी स्किन सेंसटिव है, उन्हें भी इसके इस्तेमाल से बचना चाहिए। अगर आपको इसके इस्तेमाल से किसी तरह की परेशानी हो रही है, तो तुरंत डॉक्टर से संपर्क करें।

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