World Cancer Day 2022: शरीर में कैंसर के 7 लक्षण, जिन्हें सामान्य समझकर लोग कर देते हैं नजरअंदाज

कैंसर जैसी घातक बीमारी के शरीर में निश्चित लक्षण नहीं होते हैं, कैंसर से जुड़े इन 7 प्रमुख लक्षणों को सामान्य समझकर नजरअंदाज नही किया जाना चाहिए।

 
Prins Bahadur Singh
Written by: Prins Bahadur SinghPublished at: Jun 17, 2021Updated at: Feb 03, 2022
World Cancer Day 2022: शरीर में कैंसर के 7 लक्षण, जिन्हें सामान्य समझकर लोग कर देते हैं नजरअंदाज

कैंसर (Cancer) जैसी घातक बीमारी आज के दौर में तेजी से फैल रही है। इसके पीछे लाइफस्टाइल से लेकर खानपान और प्रदूषण जैसे प्रमुख कारण हो सकते हैं। कैंसर एक ऐसी बीमारी है जिसके लक्षण तमाम तरह के हो सकते हैं। इनके लक्षणों के आधार पर ही चिकित्सक कैंसर का पता लगाने के लिए जांच का सुझाव देते हैं। अक्सर कैंसर के लक्षण अस्पष्ट ही होते हैं, जिन्हें देखकर यह नही कहा जा सकता है कि अमुक लक्षणों वाला व्यक्ति कैंसर से पीड़ित है। पूरी दुनिया में 04 फरवरी को विश्व कैंसर दिवस (World Cancer Day) के रूप में मनाया जाता है, ताकि लोगों को इस गंभीर बीमारी के बारे में जागरूक किया जा सके।

कैंसर को लेकर दुनियाभर में हुए रिसर्च और अध्ययन के बात यह बात निकलकर सामने आयी है कि कुछ सामान्य समस्याओं के लक्षण भी शरीर में कैंसर जैसी बीमारी के संकेत हो सकते हैं। खांसी, जुकाम और सर्दी जैसी सामान्य समस्या ही अगर लंबे समय तक है तो यह भी शरीर में गंभीर स्थिति की ओर इशारा करती है। ऐसे में कैंसर के कुछ प्रमुख लक्षण हैं जिन्हें लोग सामान्य समस्या समझकर नजरंदाज कर देते हैं लेकिन आगे चलकर यही समस्याएं कैंसर जैसी गंभीर बीमारी को पनपने देती हैं। आइए जानते हैं कैंसर के उन 7 प्रमुख सामान्य लक्षणों (Cancer Symptoms) के बारे में जो दिखने में तो सामान्य लगते हैं लेकिन अगर ये लंबे समय तक शरीर में बने रह गये तो गंभीर स्थिति पैदा कर सकते हैं।

कैंसर के 7 लक्षण, जिन्हें लोग सामान्य समझकर कर देते हैं नजरअंदाज (7 Lesser Known Cancer Symptoms)

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लगातार खांसी, अचानक दर्द का होना और ब्लीडिंग आदि की समस्या को सामान्य समस्या समझकर नजरअंदाज कर देना भारी पड़ सकता है। ये लक्षण शरीर में कैंसर जैसी घातक बीमारी के संकेत भी हो सकते हैं। कैंसर को लेकर दुनियाभर में किए गए शोध यही बताते हैं कि कैंसर जैसी घातक बीमारी के लक्षण निश्चित नहीं होते हैं। ये अलग-अलग मरीजों के हिसाब से अलग-अलग हो सकते हैं। ऐसे में यह कहा जा सकता है कि सामान्य बीमारियां भी शरीर में कैंसर जैसी बीमारी की चेतावनी का संकेत हो सकती हैं। ऐसे में अपने स्वास्थ्य की उपेक्षा कर इन बीमारियों को सामान्य समझकर नजरंदाज करना कैंसर को बढ़ावा देने जैसा होता है। चिकित्सक कहते हैं कि अगर किसी ही व्यक्ति में लंबे समय तक कोई बीमारी है तो उसे एक्सपर्ट डॉक्टर की सलाह के बाद जांच अवश्य करानी चाहिए। सामान्य सी दिखने वाली खांसी की समस्या या अचानक से वजन घटने के दिक्कत ये सब कैंसर के शुरूआती संकेत माने जाते हैं। आइए जानते हैं ऐसे ही 7 प्रमुख लक्षणों (Lesser Known Cancer Symptoms) के बारे में, जिन्हें सामान्य समझकर नजरंदाज करना भारी पड़ सकता है।

1. लंबे समय तक होने वाला दर्द (Persistent Pain)

एक्सपर्ट्स के मुताबिक सामान्य रूप से दर्द होने की समस्या या ज्यादातर दर्द की समस्या को कैंसर का लक्षण नहीं माना जा सकता लेकिन लंबे समय तक अगर कोई दर्द बना रहता है तो उसकी जांच जरूर की जानी चाहिए। लंबे समय तक लगातार होने वाले दर्द शरीर में कैंसर के शुरूआती लक्षण भी हो सकते हैं। उदहारण के लिए अगर आपको लगातार छाती, फेफड़े में दर्द या सिरदर्द की समस्या बनी हुई है तो इसका सीधा मतलब ये नहीं है कि आपको कैंसर की बीमारी है लेकिन यह जरूर है कि ये लक्षण शरीर में कैंसर की शुरुआत की वजह से हो सकते हैं। इसी तरह अगर आपके पेट में लगातार दर्द की समस्या बनी हुई है तो इसका सीधा मतलब कैंसर से नहीं है लेकिन ज्यादातर अंडाशयी कैंसर या पेट के कैंसर के मामलों में, पेट के दर्द की समस्या देखी जाती है।

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2. लगातार खांसी की दिक्कत (Persistent Cough)

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अगर किसी भी व्यक्ति को लंबे समय से लगातार खांसी की समस्या हो रही है तो उसे इसकी जांच जरूर करानी चाहिए। खांसी के साथ बलगम और खून आने पर शरीर में कई तरह की गंभीर स्थिति हो सकती है। इस स्थिति को गंभीरता से लिया जाना चाहिए। हालांकि यह नहीं कहा जा सकता कि खांसी आने और बलगम या खून आने की समस्या सीधे कैंसर से जुड़ी हुई है लेकिन यह कैंसर के शुरूआती संकेत में से एक मानी जाती है। लगातार और लंबे समय तक खांसी, बलगम और खून का बने रहना फेफड़ों में होने वाले कैंसर का संकेत भी हो सकता है। इसे नजरअंदाज नहीं किया जाना चाहिए। ऐसी स्थिति होने पर चिकित्सक की सलाह के अनुसार जांच जरूर की जानी चाहिए।

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3. मूत्राशय से जुड़ी दिक्कतें (Change in Bladder Activity)

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अगर आपके मूत्राशय या पेशाब की आदतों में लगातार बदलाव देखने को मिल रहा है तो यह कैंसर के शुरुआत का संकेत भी हो सकता है। एक्सपर्ट्स के मुताबिक अगर आपके पेशाब से खून की समस्या हो रही है तो यह मूत्राशय या गुर्दे से जुड़े कैंसर का संकेत हो सकता है। टॉयलेट की आदतों में बदलाव को गंभीरता से लिया जाना चाहिए। अगर आप पेशाब करते वक्त दर्द या दिक्कत का सामना कर रहे हैं तो ऐसे में आपको चिकित्सक की सलाह जरूर लेनी चाहिए।

4. ब्लीडिंग की समस्या (Unexpected Bleeding Problem)

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रक्तस्राव या ब्लीडिंग जैसी समस्या को सामान्य समझकर नजरअंदाज नहीं किया जाना चाहिए। चिकित्सकों का मानना है कि अगर आपको मेनोपॉज के बाद लगातार ब्लीडिंग की समस्या हो रही है तो यह गर्भाशय से जुड़े कैंसर का संकेत हो सकता है। वहीं अगर आपके मलाशय से ब्लीडिंग लंबे समय तक होती है तो यह कोलन कैंसर की समस्या से जुड़ा हो सकता है। कुछ मामलों में संबंध बनाने के बाद भी गंभीर रूप से ब्लीडिंग की समस्या होती है, अगर यह समस्या लगातार हो रही है तो इसकी जांच जरूर की जानी चाहिए। इसके अलावा मसूढ़ों या मुहं आदि से खून बहने की समस्या को भी सामान्य समस्या समझकर नजरअंदाज करना भारी पड़ सकता है। अगर आपके मसूढ़ों या मुहं से लगातार ब्लीडिंग की समस्या हो रही है तो यह कैंसर का शुरूआती लक्षण भी हो सकता है। समय रहते इसकी जांच जरूर की जानी चाहिए।

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5. वजन घटना (Weight Loss)

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वजन कम करने के लिए लोग तमाम तरह की डाइट और एक्सरसाइज का सहारा लेते हैं। लेकिन अगर बिना कुछ किए अचानक आपका वजन कम होना शुरू हो जाए तो इसे गंभीरता से लिया जाना चाहिए। इस स्थिति को नजरअंदाज करने से शरीर में दूसरी अन्य गंभीर बीमारियाँ पैदा हो सकती हैं। अगर आपको भी ऐसा महसूस होता है तो एक्सपर्ट डॉक्टर से सलाह जरूर लेनी चाहिए। बिना किसी वजह के अचानक वजन कम होना अग्नाशय, पेट, ग्रासनली या फेफड़ों के कैंसर का संकेत हो सकता है।

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6. आंत की आदतों में बदलाव (Change in Bowel Habits)

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एक्सपर्ट्स के मुताबिक अगर आपकी आंतों से जुड़ी आदतों में लगातार बदलाव हो रहे हैं तो इसे सामान्य समस्या समझकर नजरअंदाज नही किया जाना चाहिए। अगर आपको मल त्याग करने में दिक्कत का सामना करना पड़ता है या फिर पहले की तरह मलत्याग नहीं हो रहा तो यह समस्या कोलन कैंसर का लक्षण हो सकती है। ऐसी समस्या में चिकित्सक की राय के अनुसार जांच के बाद उचित उपचार किया जाना चाहिए।

7. लगातार थकान (Consistent Fatigue)

लगातार थकान की समस्या कई कारणों से हो सकती है लेकिन अगर यह समस्या लंबे समय तक बनी रहती है तो इसे सामान्य समस्या नही समझना चाहिए। खेलने या काम करने के बाद थकान को सामान्य कहा जा सकता है लेकिन बेवजह अगर आपको लंबे समय तक थकान महसूस हो रही है तो यह थकान ल्यूकेमिया के साथ-साथ कुछ कोलन और पेट के कैंसर का संकेत हो सकता है। इसे नजरअंदाज नहीं किया जाना चाहिए।

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ये कुछ प्रमुख लक्षण हैं जो शरीर में कैंसर जैसी गंभीर समस्या के शुरूआती संकेत माने जाते हैं। अगर आपके शरीर में ये लक्षण लंबे समय से लगातार दिख रहे हैं तो इन्हें नजरंदाज करना भरी पड़ सकता है। इन लक्षणों के बने रहने पर आपको चिकित्सक की राय लेकर जरूर जांच करना चाहिए। जान के परिणाम के हिसाब से अगर आप उचित समय पर इलाज शुरू करते हैं तो ऐसी स्थितियों से निजात पाने में आसानी होती है।

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