गणेश उत्सव (Ganesh Utsav 2025) खुशियों भरा त्योहार है, जिसे बड़े उत्साह के साथ मनाया जाता है। इस समय लोग एक साथ इकट्ठा होकर प्रार्थना करते हैं, खाने का आनंद लेते हैं और सांस्कृतिक कार्यक्रमों में हिस्सा लेते हैं। लेकिन इस उत्सव के दौरान पेट की बीमारियों से बचाव के लिए खाने से संबंधित साफ-सफाई (Food Hygiene Tips) का ध्यान रखना भी बहुत जरूरी है, वरना पेट में इंफेक्शन (Stomach Infection) हो सकता है। Dr. Kartik Vedula, Consultant Infectious Diseases at Yashoda Hospitals, Hyderabad ने बताया कि सही हाइजीन बनाए रखना स्वास्थ्य की सुरक्षा और उत्सव का पूरा आनंद लेने का सबसे आसान तरीका है। इस लेख में हम आपके साथ 5 फूड हाइजीन टिप्स शेयर करने जा रहे हैं, जिन्हें फॉलो करके आप खुद को गणेश उत्सव के दौरान पेट के इंफेक्शन से बच सकते हैं।
1. खाने से पहले हाथों को साफ करें- Clean Hands Before Eating
Dr. Kartik Vedula ने बताया कि किसी भी भोजन को छूने या खाने से पहले अपने हाथ अच्छी तरह साबुन और पानी से धो लें। यह पेट के इंफेक्शन से बचने का एक आसान और जरूरी कदम है, क्योंकि इससे उन कीटाणुओं से बचाव होता है, जो हम दूसरों से या सतहों से ले सकते हैं। अगर हाथ धोने की सुविधा न हो, तो हैंड सैनिटाइजर का इस्तेमाल किया जा सकता है।
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2. साफ पानी पिएं- Drink Clean Water
सुरक्षित और शुद्ध पानी पीना बहुत जरूरी है। असुरक्षित स्रोतों या गंदे बर्तनों से पानी पीने से बचें और साफ बोतल का या उबला हुआ पानी ही पिएं। संक्रमित पानी में पेट की बीमारियां फैलाने वाले कई बैक्टीरिया हो सकते हैं।
3. स्टाॅल या पंडाल में खाना न खाएं- Avoid Outside Food In Ganesh Utsav
हमेशा ताजा बने खाने का सेवन करें और गंदगी वाले स्टॉल से दूर रहें। भले ही गणेश उत्सव में लगे पंडाल या स्टॉल पर बिक रहे स्ट्रीट फूड आकर्षक लगें, लेकिन कभी-कभी इसमें गलत तरीके से खाने को तैयार या स्टोर किए जाने के कारण बैक्टीरिया या वायरस हो सकते हैं। घर में ताजा खाना खाने से, पेट में इंफेक्शन का खतरा कम होता है।
4. बर्तन शेयर न करें- Avoid Sharing Utensils
प्लेट, कप और अन्य बर्तनों को दूसरों के साथ शेयर न करें, क्योंकि इससे पेट में इंफेक्शन जल्दी फैल सकता है। हर व्यक्ति को अपने ही बर्तन का इस्तेमाल करना चाहिए। उत्सव के दौरान एक-दूसरे के बर्तन इस्तेमाल करने से पेट में इंफेक्शन जल्दी फैलता है।
5. फल और सब्जियों को धोकर खाएं- Clean Fruits And Vegetables Before Eating
त्योहार के दौरान मिलने वाले फल और सब्जियों को अच्छे से धोकर ही खाएं। बिना धोए खाने पर बैक्टीरिया, परजीवी या केमिकल्स पेट की समस्याएं पैदा कर सकते हैं। साथ ही, सार्वजनिक स्थानों पर ऐसी सतहों को छूने से बचें जिन्हें अक्सर कई लोग छूते हैं, क्योंकि इनमें कीटाणु हो सकते हैं।
Dr. Kartik Vedula ने बताया कि अगर किसी व्यक्ति को मतली, उल्टी, दस्त या पेट में दर्द जैसे लक्षण दिखें, तो तुरंत डॉक्टर से संपर्क करें। इससे पेट के इंफेक्शन को फैलने से रोका जा सकता है और सही इलाज सुनिश्चित होता है।
निष्कर्ष:
गणेश उत्सव भक्ति और खुशी का समय है और इस दौरान पेट की बीमारियों से बचने के लिए हाइजीन का ध्यान रखना जरूरी है। हाथ धोना, सुरक्षित भोजन और पानी लेना, बर्तन साझा न करना और साफ-सफाई बनाए रखना, इन आसान कदमों से समुदाय सुरक्षित और स्वस्थ तरीके से उत्सव मना सकता है। आइए, इन आसान उपायों को अपनाकर त्योहार को सभी के लिए सुरक्षित और सेहतमंद बनाएं।
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FAQ
पेट में इंफेक्शन के क्या लक्षण हैं?
पेट में इंफेक्शन होने पर लगातार पेट दर्द या ऐंठन, मितली और उल्टी, दस्त, भूख कम लगना, तेज बुखार या ठंड लगना, कमजोरी और थकान जैसे लक्षण नजर आ सकते हैं।पेट का इंफेक्शन ठीक होने में कितना समय लगता है?
पेट में हल्का इंफेक्शन सही दवा और खानपान से 5-7 दिन में ठीक हो सकता है। गंभीर इंफेक्शन को पूरी तरह ठीक होने में 2-3 हफ्ते भी लग सकते हैं।पेट में इंफेक्शन के लिए कौन सा टेस्ट कराना चाहिए?
पेट में इंफेक्शन का पता लगाने के लिए डॉक्टर आमतौर पर स्टूल टेस्ट, ब्लड टेस्ट या एंडोस्कोपी टेस्ट करवाने की सलाह देते हैं। ये जांचें इंफेक्शन के कारण (बैक्टीरिया, वायरस, फंगस) और उसकी गंभीरता की पुष्टि करती हैं।