Fri Sep 11, 2026 | 06:54 PM IST

Medically Reviewed by Varnit Yadav , Fitness Coach

बिना कार्डियो किए सिर्फ वेट ट्रेनिंग से घट सकता है वजन? जानें फिटनेस एक्सपर्ट की राय

वजन कम करने के लिए आमतौर पर लोग कार्डियो एक्सरसाइज जैसे दौड़ना, साइकिल चलाना या जॉगिंग को जरूरी मानते हैं लेकिन केवल वेट ट्रेनिंग से भी कैलोरी बर्न होती है और वजन घट सकता है, खासकर जब डाइट सही हो।

आज के समय में वजन बढ़ना एक आम समस्या बन चुकी है, जिसका खास कारण खराब खानपान, फिजिकल एक्टिविटी की कमी और अनहेल्दी लाइफस्टाइल है। वजन घटाने के लिए लोग अक्सर कार्डियो एक्सरसाइज जैसे दौड़ना, साइकिल चलाना या जॉगिंग को प्राथमिकता देते हैं, लेकिन वेट ट्रेनिंग भी तेजी से फेमस हो रही है। ऐसे में एक जरूरी सवाल यह उठता है कि क्या सिर्फ वेट ट्रेनिंग करके बिना कार्डियो के वजन कम किया जा सकता है? इस बारे में सही जानकारी के लिए हमने, न्यूट्रिशन और एक्सरसाइज प्रोफेशनल, फिटनेस कोच वर्णित यादव से बात की।

बिना कार्डियो किए सिर्फ वेट ट्रेनिंग से वजन घट सकता है?

फिटनेस एक्सपर्ट वर्णित यादव के अनुसार, अगर सही तरीके, डाइट और नियमितता के साथ वेट ट्रेनिंग की जाए, तो यह फैट लॉस में काफी प्रभावी हो सकती है। हालांकि, इसका रिजल्ट व्यक्ति की बॉडी टाइप, डाइट और लाइफस्टाइल पर भी निर्भर करता है। फिटनेस एक्सपर्ट वर्णित यादव के अनुसार, केवल वेट ट्रेनिंग से भी वजन कम किया जा सकता है, लेकिन कार्डियो जोड़ने से प्रोसेस तेज हो सकती है। कार्डियो कैलोरी को जल्दी बर्न करता है, जबकि वेट ट्रेनिंग लंबे समय तक मेटाबॉलिज्म को एक्टिव रखती है। फिटनेस एक्सपर्ट वर्णित यादव के अनुसार, यदि कोई व्यक्ति कैलोरी डेफिसिट डाइट फॉलो करता है और नियमित वेट ट्रेनिंग करता है, तो बिना कार्डियो के भी फैट लॉस संभव है लेकिन यदि लक्ष्य जल्दी वजन कम करना है, तो कार्डियो और वेट ट्रेनिंग का संयोजन ज्यादा प्रभावी माना जाता है।

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वेट ट्रेनिंग का फैट लॉस पर असर

वेट ट्रेनिंग का काम मसल्स को मजबूत करना होता है, लेकिन इसका असर मेटाबॉलिज्म पर भी पड़ता है। जब शरीर में मसल मास बढ़ता है, तो कैलोरी बर्न करने की क्षमता भी बढ़ जाती है, यहां तक कि आराम की स्थिति में भी। फिटनेस एक्सपर्ट वर्णित यादव बताते हैं कि वेट ट्रेनिंग के बाद शरीर आफ्टरबर्न इफेक्ट में रहता है, जिसमें वर्कआउट खत्म होने के बाद भी कैलोरी बर्न होती रहती है। यही कारण है कि सही तरीके से की गई स्ट्रेंथ ट्रेनिंग धीरे-धीरे शरीर का फैट कम करने में मदद कर सकती है।

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lose weight with weight training

  • फिटनेस एक्सपर्ट का मानना है कि वजन घटाने में डाइट सबसे बड़ा फैक्टर होता है। यदि कोई व्यक्ति एक्सरसाइज करता है लेकिन जरूरत से ज्यादा कैलोरी खाता है, तो वजन कम करना मुश्किल हो जाता है।
  • फिटनेस एक्सपर्ट वर्णित यादव बताते हैं कि प्रोटीन युक्त डाइट, बैलेंस कार्बोहाइड्रेट और हेल्दी फैट्स वेट ट्रेनिंग के साथ फैट लॉस को सपोर्ट करते हैं।
  • जंक फूड, शुगर और प्रोसेस्ड फूड से दूरी बनाना जरूरी है। सही डाइट के बिना केवल एक्सरसाइज से रिजल्ट सीमित हो सकते हैं।

फिटनेस एक्सपर्ट की सलाह

वेट ट्रेनिंग करते समय सही तकनीक, लगातार प्रोग्रेस और पर्याप्त आराम बेहद जरूरी है। ओवरट्रेनिंग से चोट लगने का खतरा बढ़ सकता है और शरीर रिकवरी में समय ले सकता है। पर्याप्त नींद लेना भी फैट लॉस और मसल रिकवरी के लिए जरूरी है। शुरुआती लोगों को हल्के वजन से शुरुआत करनी चाहिए और धीरे-धीरे इंटेंसिटी बढ़ानी चाहिए। साथ ही ट्रेनर की निगरानी में एक्सरसाइज करना सुरक्षित होता है।

निष्कर्ष

वेट ट्रेनिंग अकेले भी वजन घटाने में मदद कर सकती है, खासकर जब इसे सही डाइट और नियमित डेली रूटीन के साथ किया जाए। हालांकि कार्डियो जोड़ने से फैट लॉस प्रक्रिया और तेज हो सकती है। फिटनेस एक्सपर्ट वर्णित यादव के अनुसार, वजन घटाने का सबसे प्रभावी तरीका बैलेंस डाइट, वेट ट्रेनिंग और एक्टिव लाइफस्टाइल का संयोजन है। इसलिए केवल एक एक्सरसाइज पर निर्भर रहने के बजाय पूरे फिटनेस रूटीन को अपनाना बेहतर रिजल्ट देता है।

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FAQ

  • क्या वेट ट्रेनिंग रोज करनी चाहिए?

    नहीं, मसल्स रिकवरी के लिए बीच-बीच में आराम जरूरी होता है, सप्ताह में 3-5 दिन पर्याप्त हैं।
  • वेट ट्रेनिंग से शरीर पर क्या असर पड़ता है?

    यह मसल्स को मजबूत बनाती है, शरीर को टोन करती है और कैलोरी बर्न करने की क्षमता बढ़ाती है।
  • क्या वेट ट्रेनिंग से शरीर भारी हो जाता है?

    सही तरीके से की गई वेट ट्रेनिंग शरीर को टोन और फिट बनाती है, भारी नहीं।

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Akanksha Tiwari

Akanksha Tiwari

Senior Sub Editor

आकांक्षा तिवारी हेल्थ और लाइफस्टाइल पत्रकारिता में 6 साल का अनुभव रखती हैं। उन्होंने अपने करियर की शुरुआत डिजिटल मीडिया से की और फिलहाल जागरण न्यू मीडिया (Onlymyhealth) में सीनियर सब एडिटर के तौर पर काम कर रही हैं। आकांक्षा को स्वास्थ्य, पोषण और फिटनेस जैसे विषयों पर लिखने का अच्छा अनुभव है। वे पत्रकारिता और जनसंचार में पोस्ट ग्रैजुएट हैं। रिसर्च, SEO और फैक्ट-चेकिंग में उनकी खास पकड़ है और वे हमेशा प्रमाणिक और भरोसेमंद जानकारी देने की कोशिश करती हैं। Editorial Policy: आकांक्षा द्वारा लिखे गए सभी लेखों की हमारी संपादकीय टीम द्वारा तथ्य-जांच की जाती है और आवश्यकता पड़ने पर संबंधित विषय विशेषज्ञों द्वारा समीक्षा की जाती है।

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    Jun 30, 2026 13:06 IST

    Modified By : Akanksha Tiwari
  • Jun 30, 2026 13:06 IST

    Published By : Akanksha Tiwari
    Reviewed By : Varnit Yadav

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