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बच्चों में एडेनोइड हाइपरट्रॉफी (नाक और गले के बीच में मौजूद टिशू) के नजर आ सकते हैं ये 5 लक्षण, डॉक्टर से जानें इलाज

एडेनोइड नासिका के पीछे स्थित छोटे-से टिश्यू होते हैं, जो बच्चों के शुरुआती सालों में इंफेक्शन से बचाव में मदद करते हैं। लेकिन, जब ये बढ़ जाते हैं, तो यह बच्चों के लिए कई स्वास्थ्य समस्याओं का कारण बन सकता है। 
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बच्चों में एडेनोइड हाइपरट्रॉफी (नाक और गले के बीच में मौजूद टिशू) के नजर आ सकते हैं ये 5 लक्षण, डॉक्टर से जानें इलाज


क्या आपके बच्चे को अक्सर नाक से सांस लेने में मुश्किल होती है या वह सोते समय मुंह से सांस लेता है? या फिर आपका बच्चा सोते समय खर्राटे लेता है, या उसके नींद में रुकावट या काम में दर्द की समस्या रहती है? तो ये समस्याएं बच्चे में एडेनोइड हाइपरट्रॉफी (Adenoid Hypertrophy) के कारण हो सकते हैं। एडेनोइड नासिका के पीछे स्थित छोटे-से टिश्यू होते हैं, जो बच्चों के शुरुआती सालों में इंफेक्शन से बचाव में मदद करते हैं। लेकिन, जब ये बढ़ जाते हैं, तो यह बच्चों के लिए कई स्वास्थ्य समस्याओं का कारण बन सकता है। ऐसे में आइए नवी मुंबई के खारघर में स्थित मदरहुड अस्पताल के कंसल्टेंट पीडियाट्रिशन और नियोनेटोलॉजिस्ट डॉ. संजू सिदारड्डी से जानते हैं कि एडेनोइड हाइपरट्रॉफी के बच्चों के शरीर में क्या लक्षण नजर आते हैं और इसका क्या इलाज है?

एडेनोइड हाइपरट्रॉफी के लक्षण - Symptoms of Adenoid Hypertrophy in Hindi

एडेनोइड हाइपरट्रॉफी का सबसे सामान्य लक्षण नाक बंद होना या नाक से सांस लेने में मुश्किल होना है। जब बच्चों में एडेनोइड बढ़ जाते हैं, तो वह मुंह से सांस लेने लगता है, खासकर सोते समय। इसके अलावा, उनके शरीर में अन्य कई लक्षण नजर आ सकते हैं, जैसे-

  1. बच्चे को सोते समय खर्राटे आ सकते हैं, जो एडेनोइड के बढ़ने का संकेत हो सकते हैं।
  2. एडेनोइड बढ़ने के कारण बच्चों को सोने में समस्या आ सकती है, जिसके कारण वे रात में बार-बार जागते हैं।
  3. कभी-कभी एडेनोइड के कारण बच्चे को नींद में सांस लेने में रुकावट (स्लीप एपनिया) की समस्या हो सकती है।
  4. बढ़े हुए एडेनोइड के कारण बच्चों के कान में इंफेक्शन की संभावना बढ़ सकती है, क्योंकि ये एडेनोइड यूस्टेशियन ट्यूब को ब्लॉक कर सकते हैं। इसलिए कान में दवाब या दर्द हो सकता है।
  5. नाक से लगातार म्यूकस निकलने की समस्या भी, एडेनोइड बढ़ने का संकेत हो सकता है।

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डॉक्टर के पास कब जाएं?

अगर आपके बच्चे में डॉक्टर द्वारा बताए गए कोई भी लक्षण नजर आते हैं, तो आपको बिना देर किए डॉक्टर से कंसल्ट करना बहुत जरूरी है। बच्चों के डॉक्टर आपके बच्चे की समस्या जानने के बाद उसके शरीर की जांच करेंगे और एडेनोइड के आकार का पता लगाने के लिए जरूरी टेस्ट करवाने की सलाह देंगे, जिससे बच्चे को सही ट्रीटमेंट मिल सकता है।

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Adenoid Hypertrophy in Children

एडेनोइड हाइपरट्रॉफी का ट्रीटमेंट - Adenoid Hypertrophy Treatment in Hindi

एडेनोइड हाइपरट्रॉफी का इलाज इसके लक्षणों पर निर्भर करता है। हल्के मामलों में, डॉक्टर केवल लक्षणों पर निगरानी रखने और उन्हें कंट्रोल करने की सलाह दे सकते हैं। इसके अलावा एडेनोइड हाइपरट्रॉफी के कुछ सामान्य इलाज ये हैं-

  • नाक के अंदर की नमी बनाए रखने और नाक में हो रहे जाम को कम करने के लिए नमक पानी का स्प्रे उपयोग कर सकते हैं।
  • नाक को साफ करने के लिए डिकॉन्गेस्टेंट्स (नासिका से नमी निकालने वाली दवाएं) का इस्तेमाल डॉक्टर की सलाह पर करें।
  • सूजन को कम करने के लिए स्टेरॉयड आधारित नासिका स्प्रे का इस्तेमाल कर सकते हैं।

निष्कर्ष

एडेनोइड हाइपरट्रॉफी बच्चों में एक सामान्य समस्या हो सकती है, जो स्वास्थ्य से जुड़ी समस्याओं का कारण बन सकती है। इसलिए, समय पर इस समस्या का इलाज करना और इसे कंट्रोल करना बेहद जरूरी होता है। इसलिए, अगर आपके बच्चे में ये लक्षण नजर आए तो इन्हें नजरअंदाज न करें और तुरंत डॉक्टर से कंसल्ट करें।
Image Credit: Freepik

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