Things to do If Heart Problems are Messing with Your Sleep : दिल की बीमारियों का सामना कर रहे लोगों को रात में सुकून भरी नींद नहीं आती है। यह बहुत ही आम समस्या होती है। ऐसे में हम सभी जानना बहुत जरूरी हो जाता है कि दिल के मरीजों को रात में नींद क्यों नहीं आती है और रत में सुकून की नींद सोने के लिए वह क्या कर सकते हैं? इन सवाल का जवाब हम डॉ. निरंजन हिरेमथ, अपोलो इंद्रप्रस्थ में वरिष्ठ सलाहकार कार्डियोवास्कुलर और महाधमनी सर्जन (Dr. Niranjan Hiremath, Senior Consultant Cardiovascular and Aortic Surgeon at Apollo Indraprastha) से जानने की कोशिश करेंगे। आइए जानते हैं कि दिल की समस्याओं का समाना कर रहे लोगों को रात में नींद क्यों नहीं आती है?
दिल के मरीजों की नींद क्यों नहीं होती है पूरी?- Why do Heart Patients Not get Full Sleep
बता दें कि रात में नींद नहीं आने की समस्या तब उत्पन्न होती है, जब दिल की बीमारी के कारण शरीर में ऑक्सीजन की कमी होने लगती है या फिर दिल की धड़कनें अनियमित होने की वजह से भी नींद नहीं आती है। आइए कुछ कारणों के बारे में जानते हैं, जिनकी वजह से दिल के मरीजों को रात में नींद नहीं आती है:
- सांस लेने में परेशानी : दिल के मरीजों को सांस लेने में परेशानी होने की वजह से रात में नींद नहीं आने की समस्या हो सकती है।
- दिल की धड़कनें अनियमित: दिल के मरीजों की धड़कनें अनियमित होने की वजह से रात में नींद पूरी नहीं होती है।
- चिंता और तनाव: दिल के मरीजों को चिंता और तनाव हो सकता है। इस स्थिति में भी रात में नींद नहीं आती है।
- दवाओं के साइड इफेक्ट: दिल के मरीजों द्वारा खाई जाने वाली दवाओं के दुष्प्रभाव के कारण भी रात में नींद पूरी नहीं होती है।
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नींद पूरी करने के लिए क्या करें?- What to do to get Complete Sleep
हार्ट से जुड़ी स्थितियां अक्सर नींद में खलल डालती हैं। हालांकि, छोटे-छोटे बदलाव करके आप रात में सुकून की नींद सो सकते हैं। जैसे कि आप सोते समय अपने सिर को थोड़ा ऊपर उठाकर रखें। इससे सांस लेने में आसानी होती है और नाक में तरल पदार्थ जमा नहीं होते हैं। आइए अन्य टिप्स जानते हैं, जिससे आप रात में अच्छी नींद ले सकते हैं।
- रात में अच्छी नींद सोने के लिए आपको शाम के समय भारी भोजन से बचना चाहिए। इसके अलावा, शराब और कैफीन से बचें। ये सभी चीजें बेचैनी को बढ़ावा दे सकती हैं।
- आपको सोने के समय को फिक्स करना चाहिए और रोजाना उस समय पर सोने जाना चाहिए। बता दें कि नियमित नींद की दिनचर्या शरीर को आराम देने में मदद करती है।
- सोने से पहले हल्की सांस लेने की एक्सरसाइज या ध्यान कर सकते हैं। इससे मन शांत होता है और अच्छी नींद आती है।
- अगर आप जोर से खर्राटे लेते हैं या हांफते हुए उठते हैं, तो स्लीप एपनिया की जांच करवाएं। बता दें कि दिल के रोगियों में यह समस्या आम होती है।
- रात में टॉयलेट कम करने के लिए आप आखिरी लिक्विड के सेवन और सोने के समय के बीच 1-2 घंटे का अंतर रख सकते हैं। इससे टॉयलेट जाने के लिए आपकी नींद नहीं खुलेगी।
- अपनी दवाइयों की जांच करें। दरअसल, कुछ दिल की दवाएं नींद में बाधा डाल सकती हैं। ऐसे में अगर बेचैनी बनी रहती है, तो अपने डॉक्टर से बात करें और दवाइयों को बदलवाएं।
- आपको अपने बेडरूम को ठंडा, अंधेरा और ध्यान भटकाने वाली चीजों से मुक्त रखना चाहिए। इससे रात में अच्छी नींद आ सकती है।
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कुल मिलाकर, आप अपने स्लीप शेड्यूल में थोड़ा सुधार करके अच्छी नींद ले सकते हैं। इससे नींद के साथ शरीर को कई अन्य फायदे भी हो सकते हैं। आपको लाइफस्टाइल और डाइट में जरूरी बदलाव करने चाहिए।