HPV Vaccine Prevents Ovarian Cancer : आधुनिकता के दौर में महिलाओं में बढ़ती कैंसर की दर वैश्विक चिंता का विषय बन चुकी है। ब्रेस्ट कैंसर, गर्भाशय ग्रीवा (सर्वाइकल कैंसर) और डिंबग्रंथि (ओवेरियन कैंसर) महिलाओं को सबसे ज्यादा प्रभावित करते हैं। आईसीएमआर की रिपोर्ट के अनुसार, भारत में महिलाओं में ब्रेस्ट कैंसर के सबसे ज्यादा मामले दर्ज किए जाते हैं। जो सभी मामलों का लगभग 27% है। इसके बाद भारतीय महिलाओं में सर्वाइकल और ओवेरियन कैंसर पाया जाता है। रिपोर्ट बताती है कि भारत में हर साल दुनिया के 6 से 8 प्रतिशत ओवेरियन कैंसर के मामले सामने आते हैं। साल दर साल महिलाओं में ओवेरियन कैंसर की संख्या बढ़ती जा रही है।
महिलाओं में कैंसर की बढ़ती दर को रोका जा सके, इसके लिए विभिन्न प्रकार की वैक्सीन का निर्माण किया जा रहा है। महिलाओं में सर्वाइकल कैंसर से बचाव के लिए एचपीवी (ह्यूमन पैपिलोमा वायरस) वैक्सीन व्यापक रूप से मान्यता प्राप्त है, लेकिन अक्सर यह सवाल उठता है कि क्या ये ओवेरियन कैंसर से भी बचाव करती है? 8 मई को जब सारी दुनिया वर्ल्ड ओवेरियन कैंसर डे मना रही है, तब इस सवाल का जवाब जानना और भी ज्यादा जरूरी हो जाता है।
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एचपीवी वैक्सीन कैसे काम करती है?
दिल्ली के साकेत स्थित मैक्स हॉस्पिटल के कैंसर केयर / ऑन्कोलॉजी, हेड एंड नेक ऑन्कोलॉजी, रोबोटिक सर्जरी डॉ. अक्षत मलिक (Dr. Akshat Malik, Surgical Oncology, Cancer Care / Oncology, Head & Neck Oncology, Robotic Surgery, Max Hospital, Saket) के अनुसार, एचपीवी वैक्सीन महिलाओं को एचपीवी वायरस के खिलाफ सुरक्षा देने के लिए बनाई गई है। एचपीवी एक आम यौन संचारित संक्रमण है जो त्वचा से त्वचा के संपर्क में आने से फैलता है। एचपीवी वैक्सीन इस वायरस के खिलाफ महिलाओं के शरीर में एंटीबॉडी बनाती है। इससे वायरस शरीर की कोशिकाओं को छू नहीं पाता है और कैंसर सेल्स बनने की प्रक्रिया पूरी तरह से रुक जाती है। एचपीवी वैक्सीन को सर्वाइकल कैंसर से बचाव के लिए सुरक्षित माना गया है।
क्या एचपीवी वैक्सीन ओवेरियन कैंसर से बचाव कर सकती है- can hpv vaccine prevents ovarian cancer
ओनली माई हेल्थ के साथ खास बातचीत में डॉ. अक्षत मलिक कहते हैं, ओवेरियन कैंसर महिलाओं के प्रजनन अंगों में विकसित होता है। महिलाओं में बढ़ती उम्र के साथ ओवेरियन कैंसर का खतरा तेजी से बढ़ता है। महिलाओं में पाए जाने वाले विभिन्न प्रकार के कैंसर के मुकाबले ओवेरियन कैंसर का पता देरी से चलता है, क्योंकि इसके शुरुआती लक्षण पेट में सूजन, दर्द या असामान्य मासिक धर्म होते हैं। अब तक जो रिसर्च हुई है, उसमें यह देखा गया है कि ओवेरियन टिश्यू में भी एचपीवी डीएनए के अंश पाए गए हैं, जिससे यह संभावना उठती है कि एचपीवी संक्रमण किसी न किसी रूप में ओवेरियन कैंसर में योगदान दे सकता है।
वहीं, The Lancet Oncology में प्रकाशित एक रिसर्च बताती है कि महिलाओं को होने वाला ओवेरियन कैंसर मुख्य रूप से जेनेटिक म्यूटेशन और हार्मोनल असंतुलन से होता है। ओवेरियन कैंसर और एचपीवी वायरस के बीच कोई संबंध नहीं है। इसलिए यह कहना गलत होगा कि एचपीवी वैक्सीन, ओवेरियन कैंसर से बचाव करने में मददगार हो सकती है। एचपीवी वैक्सीन मुख्य रूप से सर्वाइकल कैंसर, वल्वर (योनि के बाहरी भाग), वेजाइना और एनल कैंसर से बचाव करने में सहायक होती है।
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क्या ओवेरियन कैंसर से बचाव के लिए वैक्सीन है?
डॉ. अक्षत मलिक का कहना है कि ओवेरियन कैंसर से बचाव के लिए वैक्सीन के ट्रायल विभिन्न देशों द्वारा किए जा रहे हैं। लेकिन वर्तमान में बाजार में ओवेरियन कैंसर से सुरक्षा के लिए कोई वैक्सीन नहीं है। एचपीवी या कोई भी अन्य वैक्सीन ओवेरियन कैंसर को रोकने में मददगार नहीं है। ओवेरियन कैंसर के लक्षणों का पता लगते ही इस विषय पर डॉक्टर से बात करके मेडिकल ट्रीटमेंट लेने की जरूरत होती है।
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निष्कर्ष
हेल्थ एक्सपर्ट के साथ बातचीत के आधार पर हम ये कह सकते हैं कि एचपीवी वैक्सीन सिर्फ सर्वाइकल कैंसर से बचाव करने में मददगार होती है। ओवेरियन कैंसर से बचाव के लिए इसका कोई वैज्ञानिक प्रमाण मौजूद नहीं है। ओवेरियन कैंसर से बचाव के लिए नियमित मेडिकल चेकअप, जीवनशैली और खानपान में बदलाव की जरूरत होती है।
FAQ
क्या ओवेरियन कैंसर जानलेवा है?
ओवेरियन कैंसर का पता लगने के बाद इसके इलाज में देरी हो जाए, तो यह मृत्यु का कारण बन सकती है। ओवेरियन कैंसर के स्टेज 3 और 4 में मरीज के जीने की संभावना 30 से 40 प्रतिशत तक ही होती है। ओवेरियन कैंसर के लक्षणों का अनुभव होते ही इलाज कराना जरूरी है।क्या ओवेरियन कैंसर हमेशा के लिए ठीक हो सकता है?
ओवेरियन कैंसर का पता स्टेज 1 और 2 में लग जाएगा, तो इसके ठीक होने की संभावना 90 प्रतिशत तक होती है। वहीं, स्टेज 3 और 4 ओवेरियन कैंसर से मरीज के ठीक होने की संभावना 30 से 40 प्रतिशत तक ही होती है। ओवेरियन कैंसर हमेशा के लिए ठीक होने की संभावना मरीजे के स्टेज पर निर्भर करती है।ओवेरियन कैंसर क्यों होता है?
ओवेरियन कैंसर (Ovarian Cancer) तब होता है जब अंडाशय (ovary) की कोशिकाएं असामान्य रूप से बढ़ने लगती हैं। धीरे-धीरे यह ट्यूमर का रूप लेकर कैंसर बनती है।