हम में से ज्यादातर लोगों के मन में यह सवाल होता है कि वेदर चेंज से सर्दी जुकाम क्यों होता है? Dr. Brunda M S, Sr. Consultant-Internal Medicine, Aster CMI Hospital, Bangaluru कहती हैं कि मौसम बदलने पर भले ही सर्दी-जुकाम हो जाता है, लेकिन मौसमी बदलाव से सीधे तौर पर सर्दी-जुकाम नहीं होता है। सर्दी-जुकाम वायरस की वजह से होता है, जिनमें राइनोवायरस और सांस से जुड़ी बीमारी फैलाने वाले कई अन्य वायरस शामिल हैं। इसके अलावा भी इसके पीछे कई कारण हैं जानते हैं इस बारे में विस्तार से।
मौसम बदलते ही क्यों शुरू हो जाता है सर्दी, खांसी और जुकाम Dr. Brunda M S कहती हैं कि मौसम बदलते ही लोग ज्यादा समय घर के अंदर या बंद जगहों पर बिताते हैं और दूसरों के ज्यादा करीब रहते हैं। ऐसे हालात में सांस से जुड़ी बीमारी फैलाने वाले वायरस का एक व्यक्ति से दूसरे व्यक्ति में फैलना आसान हो जाता है। यह वायरस ड्रॉपलेट्स, एरोसोल और दूषित हाथों या सतहों के जरिए फैल सकते हैं और इसलिए सर्दी, खांसी और जुकाम की समस्या बढ़ जाती है।
तापमान में बदलाव और वायरस का बढ़ना: क्या है इसके पीछे का मुख्य कारण?
इस सवाल पर डॉक्टर बृं कहती हैं कि तापमान में बदलाव सीधे तौर पर इसका कारण नहीं है, लेकिन बरसात के बाद जब अचानक तापमान बढ़ता है तो बैक्टीरिया और वायरस को फैलने का मौका मिलता है। इसके अलावा तापमान और नमी में बदलाव से सांस से जुड़े वायरस के जीवित रहने और फैलने के तरीके पर भी असर पड़ सकता है। जैसे
- ठंडी या सूखी हवा नाक और सांस की नली की सुरक्षा करने वाली परत को प्रभावित कर सकती है, जिससे उनमें संक्रमण का खतरा बढ़ सकता है।
- मौसम बदलने से लोगों की रोजमर्रा की दिनचर्या, सोने के तरीके और धूप के संपर्क में आने पर भी असर पड़ सकता है।
कमजोर इम्यूनिटी वाले लोगों को मौसम बदलने पर ज्यादा जुकाम क्यों होता है?
कमजोर इम्यूनिटी वाले लोगों को मौसम बदलते ही इसलिए भी सर्दी-जुकाम की समस्या हो सकती है क्योंकि जब आपकी इम्यूनिटी कमजोर होती है तो शरीर आसानी से वायरस और बैक्टीरिया के संपर्क में आ जाता है जिससे ऐसे लोगों में सर्दी-जुकाम बाकी लोगों की तुलना ज्यादा होती है।
1 (22)
इसे भी पढ़ें: काढ़ा ही नहीं, सर्दी-जुकाम में राहत दिला सकते हैं आयुर्वेद के ये 5 असरदार उपाय
मौसमी जुकाम और इंफेक्शन से बचने के लिए डॉक्टर के 5 आसान और असरदार टिप्स
Dr. Brunda कहती हैं कि मौसमी जुकाम और इंफेक्शन से बचने के लिए सिर्फ ठंडी हवा से बचना नहीं है, बल्कि संक्रमण के संपर्क में आने से बचना और सांस से जुड़ी साफ सफाई रखना है। जैसे
1. नियमित रूप से अपने हाथ धोएं। बिना धुले हाथों से अपनी आंखों और नाक को छूने से बचें। दरअसल, हाथों से जुड़ी साफ-सफाई रखने से सर्दी-जुकाम की समस्या से आसानी से बचा जा सकता है इसलिए अपनी आंख और नाक छून से पहले हाथों को सैनिटाइज जरूर करें।
2. भीड़-भाड़ वाली बंद जगहों पर हवा आने-जाने का अच्छा इंतजाम रखें और बीमार लोगों के ज्यादा करीब जाने से बचें। इसके अलावा भीड़ वाली जगहों पर मास्क पहनकर जाना सर्दी-जुकाम से बचा सकता है।
3. भरपूर नींद लें जो कि इम्यूनिटी मजबूत करने के लिए बेहद जरूरी है। साल 2021 में Communications Biology नामक जर्नल में प्रकाशित इस शोध में बताया गया है कि नींद की कमी से इम्यून सिस्टम का रिस्पॉन्स बिगड़ सकता है और शरीर में सूजन (inflammation) बढ़ाने वाले सिग्नल बढ़ सकते हैं। इससे जल्दी इंफेक्शन होने का खतरा बढ़ जाता है। साथ ही यह सूजन से जुड़ी पुरानी बीमारियों का खतरा भी बढ़ सकता है।
4. नियमित एक्सरसाइज करें और फिजकली एक्टिव रहें जिससे मौसमी जुकाम और इंफेक्शन से बचाव होता है।
5. बैलेंस डाइट लें जो शरीर की रोग-प्रतिरोधक क्षमता को ठीक रखने में मदद करें।
इसे भी पढ़ें: बार-बार बीमार पड़ते हैं, तो तुलसी और गिलोय से बढ़ाएं इम्यूनिटी, जानें तरीका
निष्कर्ष:
अगर लक्षण गंभीर हों, लंबे समय तक बने रहें, सांस लेने में तकलीफ, सीने में दर्द, तेज बुखार हो या शुरुआत में सुधार के बाद हालत फिर से बिगड़ जाए, तो डॉक्टर की सलाह लेनी चाहिए। बच्चों, बुज़ुर्गों और पहले से किसी बीमारी से जूझ रहे लोगों को ज्यादा सावधानी बरतने की जरूरत हो सकती है। हालांकि, यह मान लेना सही नहीं है कि मौसम बदलने के दौरान होने वाली हर खांसी, बहती नाक या बुखार सिर्फ सामान्य सर्दी-जुकाम ही है। इन्फ्लूएंजा, COVID-19, एलर्जी और सांस से जुड़े अन्य संक्रमणों में भी ऐसे ही लक्षण दिख सकते हैं, लेकिन उनके इलाज या उनसे निपटने के तरीके अलग-अलग हो सकते हैं।
FAQ
सर्दी जुकाम में नाक बंद हो जाए तो क्या करें?
सर्दी जुकाम में नाक बंद हो जाए तो सबसे पहले आपको कपूर और अजवाइन डालकर गर्म पानी का भाप लेना चाहिए। इसके अलावा आप पिपरमिंट तेल को गर्म पानी में डालकर भाप ले सकते हैं।सर्दी जुकाम में कौन सा काढ़ा पीना चाहिए?
सर्दी जुकाम में आपको हल्दी, अदरक और काली मिर्च का काढ़ा पीना चाहिए जो कि इम्यूनिटी बढ़ाने के साथ सर्दी-जुकाम के लक्षणों को कम करने में मददगार है।
इस जानकारी की सटीकता, समयबद्धता और वास्तविकता सुनिश्चित करने का हर सम्भव प्रयास किया गया है हालांकि इसकी नैतिक जि़म्मेदारी ओन्लीमायहेल्थ डॉट कॉम की नहीं है। हमारा आपसे विनम्र निवेदन है कि किसी भी उपाय को आजमाने से पहले अपने चिकित्सक से अवश्य संपर्क करें। हमारा उद्देश्य आपको जानकारी मुहैया कराना मात्र है।
How we keep this article up to date:
We work with experts and keep a close eye on the latest in health and wellness. Whenever there is a new research or helpful information, we update our articles with accurate and useful advice.
-
Current Version
Sep 29, 2026 15:47 IST
Modified By : Pallavi Kumari Sep 29, 2026 15:47 IST
Published By : Pallavi Kumari
Reviewed By : Dr Brunda M S
-1790676295802.webp)