Tue Oct 6, 2026 | 01:47 PM IST

Medically Reviewed by Dr Gopal Jee Sharma , Sr. Consultant – Internal Medicine

1 बार डेंगू होने के बाद भी न करें ये गलतियां, डॉक्टर से जानें दोबारा बचने के लिए सावधानियां

एक बार डेंगू होने के बाद भी मच्छरों से बचाव, पर्याप्त आराम और शरीर में पानी की कमी न होने देना जरूरी है। यहां डॉक्टर से जानिए, डेंगू से रिकवरी के बाद किन बातों का ध्यान रखें।
1 बार डेंगू होने के बाद भी न करें ये गलतियां, डॉक्टर से जानें दोबारा बचने के लिए सावधानियां1 बार डेंगू होने के बाद भी न करें ये गलतियां, डॉक्टर से जानें दोबारा बचने के लिए सावधानियां

जब व्यक्ति डेंगू से ठीक होने लगता है तो बुखार उतर जाता है और प्लेटलेट्स सामान्य होने लगते हैं, ऐसे में ज्यादातर लोग मान लेते हैं कि अब खतरा पूरी तरह टल गया है लेकिन एक बार डेंगू होने के बाद दोबारा भी यह बीमारी हो सकती है। कैलाश अस्पताल, देहरादून के सीनियर कंसल्टेंट इंटरनल मेडिसिन डॉ. गोपाल जी शर्मा के अनुसार, डेंगू से ठीक होने के बाद भी व्यक्ति को भविष्य में दोबारा इंफेक्शन हो सकता है। इसलिए बीमारी से रिकवरी के बाद सावधानी छोड़ना सही नहीं है। डॉक्टर गोपाल जी शर्मा के अनुसार, डेंगू के बाद लापरवाही करने से बचना चाहिए और शरीर में दोबारा बुखार या असामान्य लक्षण दिखाई देने पर इसे सामान्य वायरल समझकर नजरअंदाज नहीं करना चाहिए। आइए डॉक्टर गोपाल जी शर्मा से जानते हैं डेंगू के बाद बरती जाने वाली जरूरी सावधानियां और वे संकेत जिन्हें नजरअंदाज करना भारी पड़ सकता है।

1 बार डेंगू होने के बाद क्या सावधानियां बरतनी चाहिए?

डॉ. गोपाल जी शर्मा बताते हैं कि डेंगू वायरस के कई सीरोटाइप माने जाते हैं। एक बार किसी सीरोटाइप से इंफेक्शन होने पर शरीर उसके खिलाफ इम्यूनिटी विकसित करता है, लेकिन इसका मतलब यह नहीं कि व्यक्ति फ्यूचर में डेंगू से पूरी तरह सुरक्षित हो गया है। दूसरे सीरोटाइप से दोबारा इंफेक्शन हो सकता है। कुछ परिस्थितियों में दूसरा इंफेक्शन गंभीर भी हो सकता है, इसलिए पहली बार डेंगू होने के बाद भी सावधानी जरूरी है।

1. डेंगू ठीक होते ही मच्छरों से बचाव बंद न करें

डॉ. गोपाल जी शर्मा के अनुसार, कई लोग बुखार उतरने और कमजोरी कम होने के बाद मच्छरों से बचाव को लेकर लापरवाही करने लगते हैं जो कि बिल्कुल सही नहीं है। डेंगू फैलाने वाला मच्छर संक्रमित व्यक्ति से वायरस लेकर दूसरे व्यक्ति तक पहुंचा सकता है। इसलिए घर में किसी को डेंगू होने पर मच्छरदानी लगाकर सोएं, पूरी बाजू के कपड़े पहनें और मच्छर भगाने वाले उपायों का इस्तेमाल भी लगातार करें।

2. पानी जमा न रहने दें

डॉक्टर गोपाल जी शर्मा सलाह देते हैं कि एडीज मच्छर साफ और ठहरे हुए पानी में भी पनप सकता है, इसलिए गमले, बाल्टी या ऐसी अन्य जगहों पर पानी जमा न होने दें। पानी रखने वाले बर्तनों को नियमित रूप से साफ करें और उन्हें ढककर रखें। सिर्फ घर के अंदर सफाई करना पर्याप्त नहीं है, आस-पास भी सफाई रखना जरूरी है।

3. ठीक होने के बाद भी शरीर को दें पर्याप्त आराम

डॉक्टर गोपाल जी शर्मा बताते हैं कि डेंगू से उबरने के बाद कुछ समय तक कमजोरी, थकान और शरीर में दर्द जैसी शिकायतें रह सकती हैं। ऐसे में तुरंत ज्यादा शारीरिक मेहनत या भारी एक्सरसाइज शुरू करना सही नहीं है। शरीर को पर्याप्त आराम दें और धीरे-धीरे नॉर्मल एक्टिविटीज शुरू करें। डॉक्टर की सलाह के अनुसार पर्याप्त लिक्विड और बैलेंस भोजन लेना भी रिकवरी में मदद कर सकता है।

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डेंगू का इलाज

साल 2012 में Infection and Drug Resistance में प्रकाशित रिव्यू के अनुसार, डेंगू के इलाज में सावधानी बहुत जरूरी है। बुखार के दौरान मरीज को भरपूर पानी और केवल पैरासिटामोल लेनी चाहिए, जबकि अन्य पेन किलर दवाइयां बिल्कुल नहीं खानी चाहिए। डॉक्टर की सलाह पर घर पर ही खून की जांच और आराम से काम चल सकता है लेकिन अगर उल्टियां ज्यादा हों, कमजोरी बढ़ जाए या खून बहने के लक्षण दिखें, तो तुरंत अस्पताल में भर्ती होना जरूरी है। गंभीर अवस्था में कोई खास दवा काम नहीं आती, इसलिए सही तरीके से लिक्विड देना और डॉक्टर की देखरेख ही सबसे बड़ा इलाज है।

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डॉक्टर की सलाह के बिना दवाएं न लें

डॉक्टर गोपाल जी शर्मा के अनुसार, डेंगू के दौरान या उसके बाद बुखार और दर्द के लिए खुद से कोई दवा लेना सही नहीं है। खासतौर पर ऐसी पेन किलर दवाओं से बचना चाहिए जो ब्लीडिंग का जोखिम बढ़ा सकती हैं। दवा की जरूरत होने पर डॉक्टर से सलाह लेकर ही उसका इस्तेमाल करें। अगर दोबारा तेज बुखार, पेट दर्द, लगातार उल्टी, खून आना, ज्यादा कमजोरी या बेचैनी जैसे लक्षण दिखाई दें, तो तुरंत डॉक्टर से सलाह लें।

निष्कर्ष

एक बार डेंगू हो जाने का मतलब यह नहीं है कि फ्यूचर में इंफेक्शन का खतरा खत्म हो गया। अलग सीरोटाइप के कारण दोबारा डेंगू हो सकता है और कुछ मामलों में दूसरा इंफेक्शन गंभीर भी हो सकता है। इसलिए बीमारी से ठीक होने के बाद भी मच्छरों से बचाव, आस-पास पानी जमा न होने देना, पर्याप्त आराम और डॉक्टर की सलाह को फॉलो करना जरूरी है। तेज बुखार या किसी गंभीर लक्षण को नजरअंदाज करने के बजाय समय पर जांच और इलाज कराना सही तरीका है।

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FAQ

  • डेंगू के बाद दोबारा बुखार आए तो क्या करना चाहिए?

    दोबारा बुखार आने पर खुद से दवा लेने के बजाय डॉक्टर से संपर्क करें। जरूरत पड़ने पर डॉक्टर जांच की सलाह दे सकते हैं, खासकर अगर बुखार के साथ अन्य लक्षण भी हों।
  • डेंगू से रिकवरी कितने दिन में होती है?

    डेंगू से रिकवरी का समय हर व्यक्ति में अलग होता है और यह इंफेक्शन की गंभीरता, इलाज और व्यक्ति की इम्यूनिटी पर भी निर्भर करता है कि रिकवरी में कितना समय लगेगा।
  • क्या एक बार डेंगू होने के बाद दोबारा हो सकता है?

    एक बार डेंगू होने के बाद दोबारा हो सकता है और कई बार दोबारा यह ज्यादा गंभीर होता है।

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Akanksha Tiwari

Health & Lifestyle Journalist

आकांक्षा तिवारी पिछले 6 वर्षों से पत्रकारिता में सक्रिय हैं, जिनमें से करीब 3 साल उन्होंने हेल्थ जर्नलिज्म को दिए हैं। फिलहाल वह OnlyMyHealth में सीनियर सब एडिटर के तौर पर काम कर रही हैं। वह पोषण, आयुर्वेद, प्रेगनेंसी, हार्ट हेल्थ और फिटनेस जैसे विषयों पर लिखती हैं और स्वास्थ्य से जुड़ी जानकारी को प्रमाणित स्रोतों और रिसर्च के आधार पर सरल भाषा में पाठकों तक पहुंचाने का प्रयास करती हैं। जिन लेखों में मेडिकल पुष्टि जरूरी होती है, उन्हें प्रकाशित होने से पहले विशेषज्ञ डॉक्टरों द्वारा रिव्यू किया जाता है। OnlyMyHealth से पहले वह India TV, India Ahead और News Nation के साथ काम कर चुकी हैं। Editorial Policy: आकांक्षा द्वारा लिखे गए सभी लेखों की हमारी संपादकीय टीम द्वारा तथ्य-जांच की जाती है और आवश्यकता पड़ने पर संबंधित विषय विशेषज्ञों द्वारा समीक्षा की जाती है।

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    Oct 06, 2026 12:23 IST

    Published By : Akanksha Tiwari
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