हाई कोलेस्ट्रॉल के कारण हार्ट डिजीज, हार्ट अटैक और स्ट्रोक का खतरा बढ़ जाता है। हाई कोलेस्ट्रॉल लेवल को कंट्रोल करने के लिए लाइफस्टाइल चेंज के अलावा डाइट में भी बदलाव करना जरूरी होता है। अगर डाइट में हार्ट फ्रेंडली फूड्स को शामिल करेंगे, तो कोलेस्ट्रॉल कंट्रोल होने के साथ-साथ हार्ट डिजीज का खतरा भी कम होगा। ऐसा ही एक फूड है अखरोट। अखरोट फाइबर, कार्ब्स, हेल्दी फैट्स, प्रोटीन, विटामिन्स, मिनरल्स, मैग्नीशियम, कॉपर और मैंगनीज जैसे पोषक तत्व पाए जाते हैं जो हार्ट को हेल्दी रखने में मदद करते हैं। इस लेख में जानेंगे हाई कोलेस्ट्रॉल में अखरोट खाने के फायदे, नुकसान और सेवन का सही तरीका। बेहतर जानकारी के लिए हमने Neha Sinha, Nutritionist At The Nutriwise Clinic, Lucknow से बात की।
कोलेस्ट्रॉल लेवल को कंट्रोल करने के लिए क्यों फायदेमंद है अखरोट?

अखरोट खाने से कोलेस्ट्रॉल लेवल कंट्रोल करने में मदद मिलती है, हालांकि यह सीधे तौर पर कोलेस्ट्रॉल कंट्रोल करने का फूड नहीं है, लेकिन इसे हेल्दी डाइट का हिस्सा बनाकर कोलेस्ट्रॉल लेवल कंट्रोल करने में मदद मिलती है।
- अखरोट में फाइबर होता है जिससे कोलेस्ट्रॉल लेवल को कंट्रोल करने में मदद मिलती है।
- अखरोट में पॉलीअनसैचुरेटेड फैट्स होते हैं जो बैड कोलेस्ट्रॉल को कंट्रोल करने में मदद करते हैं।
- अखरोट में विटामिन ई, एंटीऑक्सीडेंट्स भी होते हैं जो बैड कोलेस्ट्रॉल को ऑक्सीडेशन प्रक्रिया से बचाते हैं जिससे धमनियां ब्लॉक होने का खतरा घटता है।
- अखरोट में एंटीइंफ्लेमेटरी गुण होते हैं जो सूजन को कम करने में मदद करते हैं और हार्ट हेल्थ को सपोर्ट करते हैं।
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हार्ट अटैक का रिस्क कम होता है
Mayo Clinic के मुताबिक, कई स्टडीज में यह बताया गया है कि अखरोट में ओमेगा 3 फैटी एसिड्स मौजूद होते हैं जिससे हार्ट अटैक का रिस्क घटता है। सभी नट्स में कैलोरीज की मात्रा ज्यादा होती है, इसलिए सीमित मात्रा में अखरोट का सेवन हार्ट हेल्थ के लिए फायदेमंद होता है। अखरोट के साथ-साथ बादाम का सेवन करने से भी कोलेस्ट्रॉल लेवल को बेहतर बनाने में मदद मिलती है।
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क्या कहती है स्टडी?
साल 2021 में American Heart Association के जर्नल Circulation में प्रकाशित एक स्टडी के मुताबिक, जो लोग नियमित रूप से अखरोट का सेवन करते हैं, उन्हें बैड कोलेस्ट्रॉल को कंट्रोल करने में मदद मिलती है। स्टडी में पाया गया कि अखरोट खाने वाले लोगों में बैड कोलेस्ट्रॉल का खतरा 4.3 mg/dL तक कम होता है।
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अखरोट का सेवन कैसे करें?
अखरोट को खाने से पहले दो से तीन घंटे भीगा दें, इसके बाद खाएं। अखरोट को सलाद, हेल्दी डेजर्ट या अन्य बेकिंग फूड्स में मिलाकर भी खा सकते हैं। अखरोट में फोलेट, विटामिन ई और गुड फैट्स की भरपूर मात्रा होती है। हालांकि इसमें कैलोरी ज्यादा होती हैं इसलिए सीमित मात्रा में ही अखरोट का सेवन करना चाहिए। डायबिटीज के मरीज हैं, तो एक या दो अखराेट से ज्यादा न खाएं।
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अखरोट के कुछ नुकसान भी हैं
- अखरोट में कैलोरी की मात्रा ज्यादा होती है, इसे खाने से कैलोरी बढ़ सकती है।
- अखरोट खाने से ब्लोटिंग और गैस हो सकती है क्योंकि इसमें फाइबर और फैट कटेंट ज्यादा होता है।
- नमक वाले अखरोट खाने से सोडियम इंटेक बढ़ सकता है, इससे हाई बीपी की समस्या हो सकती है और हार्ट डिजीज का खतरा बढ़ता है।
- बाजार में मिलने वाले अखरोट में शुगर की मात्रा ज्यादा होती है और इससे हार्ट डिजीज का खतरा बढ़ता है।
- अखरोट का सेवन करने से कैलोरी इंटेक बढ़ता है जिससे वजन घटाना मुश्किल हो सकता है और कोलेस्ट्रॉल को कंट्रोल करने में भी परेशानी हो सकती है।
निष्कर्ष:
अखरोट का सेवन करने से कोलेस्ट्रॉल लेवल को कंट्रोल करने में मदद मिलती है। हालांकि, अखरोट में कैलोरी ज्यादा होती हैं इसलिए सीमित मात्रा में ही अखरोट का सेवन करना चाहिए। अखरोट को खाने से पहले उसे भीगा दें और फिर रॉ, सलाद या डिश में एड करके खा सकते हैं।
FAQ
दिनभर में कितने अखरोट खा सकते हैं?
दिनभर में करीब 25 ग्राम अखरोट खा सकते हैं। यानी 8 से 10 या मुट्ठी भर अखरोट खा सकते हैं।हार्ट हेल्थ के लिए क्यों फायदेमंद है अखरोट?
अखरोट में ओमेगा 3 फैटी एसिड्स, फाइबर, एंटीऑक्सीडेंट्स होते हैं जिससे बैड कोलेस्ट्रॉल कंट्रोल होता है और हार्ट डिजीज का रिस्क घटता है।
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Jul 06, 2026 19:49 IST
Modified By : Yashaswi Mathur Jul 06, 2026 19:49 IST
Modified By : Yashaswi MathurJul 06, 2026 19:49 IST
Published By : Yashaswi Mathur
Reviewed By : Neha Mohan Sinha