Fri Sep 11, 2026 | 08:19 PM IST

Medically Reviewed by Dr Smita Singh , Dietitian

सर्दि‍यों में थकान-कमजोरी की वजह इलेक्‍ट्रोलाइट असंतुलन तो नहीं? एक्‍सपर्ट से जानें बचाव के तरीके

सर्दियों में थकान, कमजोरी और सुस्ती महसूस होती है? कहीं इसकी वजह इलेक्ट्रोलाइट असंतुलन तो नहीं। एक्सपर्ट से जानें सर्दियों में इलेक्ट्रोलाइट बैलेंस बनाए रखने के पांच आसान और असरदार उपाय।

सर्दियों का मौसम आते ही कई लोगों को बिना ज्यादा मेहनत किए भी थकान, सुस्ती, कमजोरी, चक्कर और मांसपेशियों में भारीपन महसूस होने लगता है। अक्सर लोग इसे ठंड, कम धूप या आलस का असर मानकर नजरअंदाज कर देते हैं। एक्सपर्ट्स के मुताबिक, इसके पीछे इलेक्ट्रोलाइट असंतुलन (Electrolyte Imbalance) भी हो सकता है। Smita Singh, Chief Dietician At Midland Hospital & Director At Wellness Diet Clinic, Lucknow ने बताया क‍ि इलेक्ट्रोलाइट्स जैसे सोडियम, पोटैशियम, कैल्शियम और मैग्नीशियम शरीर में नर्व फंक्शन, ब्लड प्रेशर और एनर्जी लेवल को संतुलित रखते हैं। सर्दियों में पसीना कम आने और प्यास कम लगने की वजह से पानी एवं मिनरल्स का इंटेक घट जाता है, जिससे यह बैलेंस बिगड़ सकता है। आइए जानते हैं इससे बचाव के पांच आसान और असरदार तरीके।

1. पानी की कमी से बचें- Avoid Low Water Intake

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ठंड के मौसम में प्‍यास कम लगती है लेक‍िन शरीर को पानी की उतनी ही जरूरत होती है। जब शरीर में फ्लूड की कमी होती है, तो इलेक्‍ट्रोलाइट्स का संतुलन ब‍िगड़ने लगता है। द‍िनभर में थोड़ी-थोड़ी मात्रा में पानी पीते रहें। गुनगुना पानी सर्दि‍यों के ल‍िए एक बेहतरीन व‍िकल्‍प है।

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2. नींबू पानी प‍िएं- Drink Lemon Water For Electrolytes

Dietician Smita Singh ने बताया क‍ि नींबू में पोटैश‍ियम और व‍िटाम‍िन-सी की भरपूर मात्रा होती है ज‍िससे थकान दूर होती है और एनर्जी को बढ़ाने में मदद म‍िलती है। सुबह या दोपहर में गुनगुने पानी में नींबू म‍िलाकर प‍िएं। चाहें, तो चुटकी भर सेंधा नमक भी डाल सकते हैं। नींबू पानी का सेवन करने से शरीर हाइड्रेट रहता है और इलेक्‍ट्रोलाइट बैलेंस को सुधारने में मदद म‍िलती है।

 

 

 

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3. गर्म सूप को डाइट का ह‍िस्‍सा बनाएं- Include Hot Soups In Daily Diet

सर्दियों में सूप का सेवन करने से शरीर में गर्माहट रहती है और म‍िनरल्‍स की कमी भी दूर होती है। गर्म सूप सोड‍ियम, पोटैश‍ियम और मैग्नीशियम का अच्छा स्रोत होते हैं। Dietician Smita Singh सलाह देती हैं क‍ि बाजार में म‍िलने वाले सूप की जगह घर पर सूप बनाकर प‍िएं क्‍योंक‍ि बाहर म‍िलने वाले सूप में नमक और प्र‍िजर्वेट‍िव्‍स ज्‍यादा होते हैं।

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4. नारियल पानी प‍िएं- Drink Coconut Water

कई लोगों को लगता है क‍ि नार‍ियल पानी गर्मि‍यों के ल‍िए हेल्‍दी ड्र‍िंक है बल्‍क‍ि नार‍ियल पानी का सेवन सर्दि‍यों में भी फायदेमंद है। यह एक बेहतरीन इलेक्‍ट्रोलाइट ड्र‍िंक है। नार‍ियल पानी में पोटैश‍ियम होता है जो शरीर को एनर्जी देता है। Dietician Smita Singh ने बताया क‍ि नार‍ियल पानी को दोपहर के समय लें या कमजोरी महसूस होने पर प‍िएं। नार‍ियल पानी में चुटकी भर नमक म‍िलाकर प‍िएं। नारियल पानी में पोटैशियम होता है और जब इसमें थोड़ी मात्रा में नमक मिलाया जाता है, तो यह शरीर में सोडियम-पोटैशियम बैलेंस को बेहतर करता है।

5. बहुत ज्यादा चाय-कॉफी से दूर रहें- Avoid Excess Tea And Coffee

सर्द‍ियों में ज्‍यादातर लोग गर्म पेय के ल‍िए चाय या कॉफी का सेवन करने लगते हैं। चाय या कॉफी में कैफीन होता है ज‍िससे शरीर में पानी की कमी हो सकती है और इलेक्‍ट्रोलाइट लॉस हो सकता है। सर्द‍ियों में इलेक्‍ट्रोलाइट असंतुलन से बचने के ल‍िए हर्बल टी, सूप, हल्‍दी वाला दूध या गुनगुना पानी प‍िएं।

निष्कर्ष:

सर्द‍ियों में लगातार थकान, कमजोरी या एनर्जी की कमी महसूस हो रही हो, तो इसे नजरअंदाज न करें। डाइट में नार‍ियल पानी, नींबू पानी, गर्म सूप को शामि‍ल करें। कैफीन से बचें और पानी का सेवन करें। जरूरत लगने पर तुरंत एक्‍सपर्ट से सलाह लें और इलेक्‍ट्रोलाइट असंतुलन से बचें।

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Yashaswi Mathur

Yashaswi Mathur

Senior Sub Editor

यशस्वी माथुर पिछले 10 वर्षों से पत्रकारिता में सक्रिय हैं, जिनमें से करीब 8 साल उन्होंने हेल्थ जर्नलिज्म को दिए हैं। फिलहाल वह OnlyMyHealth में सीनियर सब एडिटर के तौर पर काम कर रही हैं। यहां वह स्वास्थ्य, महिला स्वास्थ्य, पोषण और लाइफस्टाइल से जुड़े विषयों पर लिखती हैं। यशस्वी की खासियत है जटिल मेडिकल विषयों और रिसर्च को आसान भाषा में समझाना, ताकि आम पाठक भी उन्हें आसानी से समझ सके। लेख तैयार करते समय वह विशेषज्ञ डॉक्टरों की राय, मेडिकल रिसर्च और भरोसेमंद स्रोतों का ध्यान रखती हैं। जिन विषयों में मेडिकल वैरिफिकेशन जरूरी होता है, उन्हें प्रकाशित होने से पहले डॉक्टरों द्वारा रिव्यू किया जाता है। उन्होंने अपने करियर की शुरुआत हिंदुस्तान अखबार से की थी। उस दौरान स्वास्थ्य से जुड़ी उनकी एक खोजी रिपोर्ट के बाद लखनऊ के KGMU स्थित क्वीन मेरी अस्पताल के गायनेकोलॉजी विभाग में व्यवस्थाओं को लेकर स्वास्थ्य विभाग को सुधारात्मक कदम उठाने पड़े। Editorial Policy: यशस्वी द्वारा लिखे गए सभी लेखों की हमारी संपादकीय टीम द्वारा तथ्य-जांच की जाती है और आवश्यकता पड़ने पर संबंधित विषय विशेषज्ञों द्वारा समीक्षा की जाती है।

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    Dec 27, 2025 13:02 IST

    Modified By : Yashaswi Mathur
  • Dec 27, 2025 13:02 IST

    Published By : Yashaswi Mathur
    Reviewed By : Dr Smita Singh

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