Fri Sep 11, 2026 | 07:30 PM IST

Medically Reviewed by Archana Jain , Nutritionist

हाई कोलेस्ट्रॉल से परेशान? आज ही डाइट में शामिल करें ये 4 दालें, नसों में जमी गंदगी होगी साफ

आज की भागदौड़ भरी जिंदगी में हाई कोलेस्ट्रॉल एक आम समस्या बनती जा रही है, खराब कोलेस्ट्रॉल यानी LDL का बढ़ना दिल की बीमारियों, ब्लॉकेज और हार्ट अटैक का खतरा बढ़ा सकता है। यहां जानिए, हाई कोलेस्ट्रॉल होने पर कौन-सी दालें खाना फायदेमंद होती हैं?

आज की तेज रफ्तार जिंदगी में हाई कोलेस्ट्रॉल एक गंभीर समस्या बन चुका है, अक्सर हमें इसका तब पता चलता है जब रिपोर्ट में LDL यानी खराब कोलेस्ट्रॉल का लेवल बढ़ा हुआ मिलता है। यह वही फैट है जो धीरे-धीरे हमारी धमनियों में जमा होकर ब्लॉकेज, हाई ब्लड प्रेशर और हार्ट अटैक जैसी गंभीर समस्याओं का कारण बन सकता है लेकिन क्या हो अगर इस समस्या का समाधान आपकी रोज की थाली में ही छुपा हो? डाइट एक्सपर्ट्स का मानना है कि कुछ साधारण दिखने वाली दालें जैसे बीन्स, चने, मटर और मसूर आपके दिल की सेहत के लिए फायदेमंद हो सकती हैं। इस लेख में जयपुर स्थित Angelcare-A Nutrition and Wellness Center की निदेशक, डाइटिशियन एवं न्यूट्रिशनिस्ट अर्चना जैन से जानिए, हाई कोलेस्ट्रॉल होने पर कौन-सी दालें खाना फायदेमंद होती हैं?

हाई कोलेस्ट्रॉल होने पर कौन-सी दालें खाना फायदेमंद होती हैं?

डाइटिशियन अर्चना जैन के अनुसार, रोजाना बीन्स, चने, मटर और मसूर जैसी दालों का सेवन करने से खराब कोलेस्ट्रॉल को प्राकृतिक रूप से कम किया जा सकता है। ये दालें न केवल पौष्टिक हैं बल्कि दिल की सेहत के लिए भी बेहद फायदेमंद मानी जाती हैं।

1. राजमा

राजमा घुलनशील फाइबर (soluble fiber) से भरपूर होता है। यह फाइबर आंतों में जाकर कोलेस्ट्रॉल को बांध लेता है और उसे शरीर से बाहर निकालने में मदद करता है। नियमित रूप से राजमा खाने से LDL के लेवल में कमी देखी जा सकती है। डाइटिशियन अर्चना जैन बताती हैं कि सप्ताह में कम से कम 2-3 बार राजमा को अपने भोजन में शामिल करें। इसे कम तेल और कम नमक में पकाएं ताकि इसका फायदा मिल सके। राजमा में प्रोटीन, आयरन और मैग्नीशियम भी भरपूर मात्रा में होते हैं, जो सेहत के लिए बेहद जरूरी हैं।

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2. काबुली चना

काबुली चना या छोले भी हाई फाइबर और प्लांट-बेस्ड प्रोटीन का अच्छा सोर्स हैं, इनमें मौजूद घुलनशील फाइबर खून में मौजूद अतिरिक्त कोलेस्ट्रॉल को कम करने में मदद करता है। डाइटिशियन अर्चना जैन के अनुसार, उबले हुए चने या चना सलाद का सेवन नाश्ते या लंच में किया जा सकता है। इससे पेट लंबे समय तक भरा रहता है और अनहेल्दी स्नैकिंग की आदत कम होती है। चने में मौजूद एंटीऑक्सीडेंट्स और पोटैशियम ब्लड प्रेशर को कंट्रोल रखने में भी सहायक होते हैं, जिससे हार्ट डिजीज का जोखिम घटता है।

3. हरी मटर

हरी मटर में फाइबर और विटामिन K के साथ अन्य पोषक तत्व पाए जाते हैं, यह खराब कोलेस्ट्रॉल को कम करने के साथ-साथ शरीर की इम्यूनिटी को भी मजबूत करती है। डाइटिशियन अर्चना जैन बताती हैं कि मटर को सब्जी, सूप या सलाद के रूप में रोजाना डाइट में शामिल किया जा सकता है। इसमें मौजूद फाइटोन्यूट्रिएंट्स धमनियों में जमा चर्बी को कम करने में मदद करते हैं। इसके अलावा मटर वजन कंट्रोल में भी सहायक है, जो कोलेस्ट्रॉल मैनेजमेंट का अहम हिस्सा है।

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best pulses to lower high cholesterol

4. मसूर दाल

मसूर दाल हल्की और जल्दी पचने वाली दाल है, लेकिन इसके फायदे बेहद असरदार हैं। इसमें अच्छी मात्रा में फाइबर और फोलेट होता है, जो हार्ट हेल्थ के लिए जरूरी है। डाइटिशियन अर्चना जैन के अनुसार, मसूर दाल का नियमित सेवन LDL को कम करने और अच्छे कोलेस्ट्रॉल (HDL) को संतुलित रखने में मदद करता है। यह ब्लड शुगर को भी स्थिर रखती है, जिससे डायबिटीज और दिल की बीमारियों का खतरा कम हो सकता है।

क्या कहती है स्टडी

स्टडी के अनुसार, प्रतिदिन लगभग 130 ग्राम (करीब एक सर्विंग) दालों जैसे कि बीन्स, चने, मटर और मसूर का सेवन करने से खराब कोलेस्ट्रॉल (LDL) में 5% तक की कमी आ सकती है। यह हार्ट डिजीज के जोखिम को कम करने का एक प्रभावी और नेचुरल तरीका है। दालों में मौजूद हाई फाइबर और कम ग्लाइसेमिक इंडेक्स कोलेस्ट्रॉल को कंट्रोल करने में मुख्य भूमिका निभाते हैं। बैलेंस डाइट में नियमित रूप से दालों को शामिल करना कोलेस्ट्रॉल मैनेजमेंट के लिए फायदेमंद है।

निष्कर्ष

अगर आप हाई कोलेस्ट्रॉल से परेशान हैं तो दवाइयों के साथ-साथ नेचुरल उपाय अपनाना भी जरूरी है। बीन्स, चने, मटर और मसूर जैसी दालें आपके दिल की सेहत के लिए वरदान साबित हो सकती हैं। डाइटिशियन अर्चना जैन के अनुसार, इन दालों को नियमित रूप से अपनी डाइट में शामिल करने से खराब कोलेस्ट्रॉल (LDL) को कम करने में मदद मिलती है और दिल हेल्दी रहता है।

All Images Credit- Freepik

FAQ

  • हाई कोलेस्ट्रॉल के लक्षण क्या हैं?

    हाई कोलेस्ट्रॉल आमतौर पर बिना किसी लक्षण के बढ़ता है और इसलिए इसे साइलेंट किलर भी कहा जाता है। अक्सर इसका पता ब्लड टेस्ट के जरिए ही चलता है।
  • क्या खाने से कोलेस्ट्रॉल कम होता है?

    हां, बैलेंस डाइट से कोलेस्ट्रॉल को काफी हद तक कंट्रोल किया जा सकता है। फाइबर युक्त डाइट, जैसे दालें, ओट्स, फल और हरी सब्जियां LDL कम करने में मदद करती हैं।
  • क्या बिना दवा लिए कोलेस्ट्रॉल कम करना संभव है?

    हल्के मामलों में सही डाइट, नियमित एक्सरसाइज, वजन कंट्रोल और तनाव कम करके कोलेस्ट्रॉल को कंट्रो किया जा सकता है।

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Akanksha Tiwari

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आकांक्षा तिवारी हेल्थ और लाइफस्टाइल पत्रकारिता में 6 साल का अनुभव रखती हैं। उन्होंने अपने करियर की शुरुआत डिजिटल मीडिया से की और फिलहाल जागरण न्यू मीडिया (Onlymyhealth) में सीनियर सब एडिटर के तौर पर काम कर रही हैं। आकांक्षा को स्वास्थ्य, पोषण और फिटनेस जैसे विषयों पर लिखने का अच्छा अनुभव है। वे पत्रकारिता और जनसंचार में पोस्ट ग्रैजुएट हैं। रिसर्च, SEO और फैक्ट-चेकिंग में उनकी खास पकड़ है और वे हमेशा प्रमाणिक और भरोसेमंद जानकारी देने की कोशिश करती हैं। Editorial Policy: आकांक्षा द्वारा लिखे गए सभी लेखों की हमारी संपादकीय टीम द्वारा तथ्य-जांच की जाती है और आवश्यकता पड़ने पर संबंधित विषय विशेषज्ञों द्वारा समीक्षा की जाती है।

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    Feb 16, 2026 17:55 IST

    Modified By : Akanksha Tiwari
  • Feb 16, 2026 17:55 IST

    Published By : Akanksha Tiwari
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