Fri Sep 11, 2026 | 09:54 PM IST

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आयुर्वेद में शहद गर्म करने की मनाही क्यों है? जानें सेहत पर इसका असर

शहद के फायदों के बारे में हर कोई जानता है और इसका सेवन लोग अलग-अलग तरीकों से करते हैं लेकिन कई बार लोग ऐसी गलतियां कर देते हैं जिनके कारण शहद का पूरा फायदा शरीर को नहीं मिलता है। यहां जानिए, आयुर्वेद के अनुसार शहद को गर्म क्यों नहीं करना चाहिए?

सुबह उठते ही गुनगुने पानी में शहद मिलाकर पीना आजकल हेल्दी लाइफस्टाइल का हिस्सा बन चुका है। वजन घटाने से लेकर डिटॉक्स और इम्यूनिटी बढ़ाने तक, शहद को एक नेचुरल सुपरफूड के तौर पर प्रचारित किया जाता है। सोशल मीडिया, फिटनेस कोच और कई हेल्थ ब्लॉग्स भी गर्म पानी के साथ शहद पीने की सलाह देते नहीं थकते लेकिन क्या आपने कभी सोचा है कि जो चीज सेहत के लिए अमृत मानी जाती है, वही गलत तरीके से लेने पर नुकसान भी पहुंचा सकती है? इस लेख में सिरसा के रामहंस चेरिटेबल हॉस्पिटल के आयुर्वेदिक एक्सपर्ट डॉ. श्रेय शर्मा (Ayurvedic doctor Shrey Sharma from Ramhans Charitable Hospital) से जानिए, आयुर्वेद के अनुसार शहद को गर्म क्यों नहीं करना चाहिए?

आयुर्वेद के अनुसार शहद को गर्म क्यों नहीं करना चाहिए? - Why honey should not be heated

डॉ. श्रेय शर्मा बताते हैं कि आयुर्वेदिक ग्रंथों में शहद का उपयोग पाचन सुधारने, वजन घटाने, खांसी-जुकाम और घाव भरने तक में बताया गया है। हालांकि, आयुर्वेद में शहद के सेवन से जुड़ा एक सख्त नियम है कि इसे कभी भी गर्म नहीं करना चाहिए। आयुर्वेद के अनुसार, शहद को गर्म करने या गर्म चीजों में मिलाने से इसके गुण कम हो जाते हैं। चरक संहिता और सुश्रुत संहिता में स्पष्ट रूप से उल्लेख मिलता है कि गर्म किया गया शहद शरीर में अम (toxins) पैदा कर सकता है। आयुर्वेदिक डॉक्टर श्रेय शर्मा बताते हैं कि शहद की प्रकृति भारी और शीतल होती है, लेकिन जब इसे गर्म किया जाता है तो इसकी संरचना बदल जाती है और यह पचने में कठिन हो जाता है।

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1. पाचन तंत्र पर असर

गर्म शहद सबसे ज्यादा असर पाचन तंत्र पर डालता है। यह अग्नि को कमजोर करता है और भूख कम कर सकता है। कई लोग वजन घटाने के लिए गर्म पानी में शहद मिलाकर पीते हैं, लेकिन आयुर्वेद इसे गलत मानता है। डॉक्टर श्रेय शर्मा बताते हैं कि हल्के गुनगुने (उबाल रहित) पानी में शहद मिलाना ठीक है, लेकिन पानी ज्यादा गर्म हो तो शहद जहरीला प्रभाव दिखाने लगता है।

2. त्वचा और बालों पर प्रभाव

गर्म शहद का नियमित सेवन त्वचा से जुड़ी समस्याएं भी बढ़ा सकता है। आयुर्वेद के अनुसार, इससे मुंहासे, एलर्जी, खुजली और रैशेज की समस्या हो सकती है। बालों के लिए भी गर्म शहद नुकसानदायक माना गया है, क्योंकि यह शरीर में पित्त को बढ़ाता है, जिससे बाल झड़ने और समय से पहले सफेद होने की शिकायत हो सकती है।

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why honey should not be heated

शहद लेने का सबसे अच्छा तरीका क्या है? - What is the best way to eat honey

आयुर्वेदिक डॉक्टर श्रेय शर्मा के अनुसार, शहद को हमेशा कच्चे रूप में और कमरे के तापमान पर ही लेना चाहिए। शहद को कभी भी चाय या उबलते पानी में नहीं मिलाना चाहिए।

निष्कर्ष

आयुर्वेद में शहद को अमृत समान माना गया है, लेकिन तभी जब इसका सेवन सही तरीके से किया जाए। शहद को गर्म करना आयुर्वेद के अनुसार विष के समान प्रभाव डाल सकता है, जिससे पाचन, त्वचा और संपूर्ण स्वास्थ्य पर नकारात्मक असर पड़ता है। आयुर्वेदिक डॉक्टर श्रेय शर्मा की सलाह है कि शहद को हमेशा प्राकृतिक और बिना गर्म किए सेवन करें, ताकि इसके पूरे औषधीय फायदे मिल सकें।

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FAQ

  • क्या शहद वजन घटाने के लिए अच्छा है?

    सही तरीके से लेने पर शहद वजन घटाने में मदद कर सकता है। इसे नींबू के साथ गुनगुने (ज्यादा गर्म नहीं) पानी में लिया जा सकता है। गलत तरीके से, खासकर गर्म करके लेने पर यह फायदा नहीं देता।
  • क्या चाय में शहद मिलाकर पी सकते हैं?

    आयुर्वेद के अनुसार, शहद को चाय या किसी भी गर्म पेय में मिलाने से बचना चाहिए। इससे शहद के औषधीय गुण खत्म हो जाते हैं और पाचन संबंधी दिक्कतें हो सकती हैं।
  • क्या शहद सभी के लिए सुरक्षित है?

    सामान्य रूप से शहद सुरक्षित है, लेकिन डायबिटीज, एलर्जी या 1 साल से कम उम्र के शिशुओं को शहद देने से पहले डॉक्टर की सलाह जरूरी होती है।

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Akanksha Tiwari

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आकांक्षा तिवारी हेल्थ और लाइफस्टाइल पत्रकारिता में 6 साल का अनुभव रखती हैं। उन्होंने अपने करियर की शुरुआत डिजिटल मीडिया से की और फिलहाल जागरण न्यू मीडिया (Onlymyhealth) में सीनियर सब एडिटर के तौर पर काम कर रही हैं। आकांक्षा को स्वास्थ्य, पोषण और फिटनेस जैसे विषयों पर लिखने का अच्छा अनुभव है। वे पत्रकारिता और जनसंचार में पोस्ट ग्रैजुएट हैं। रिसर्च, SEO और फैक्ट-चेकिंग में उनकी खास पकड़ है और वे हमेशा प्रमाणिक और भरोसेमंद जानकारी देने की कोशिश करती हैं। Editorial Policy: आकांक्षा द्वारा लिखे गए सभी लेखों की हमारी संपादकीय टीम द्वारा तथ्य-जांच की जाती है और आवश्यकता पड़ने पर संबंधित विषय विशेषज्ञों द्वारा समीक्षा की जाती है।

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    Dec 31, 2025 14:32 IST

    Modified By : Akanksha Tiwari
  • Dec 31, 2025 14:32 IST

    Published By : Akanksha Tiwari
    Reviewed By : Dr Shrey Sharma

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