Doctor Verified

इन 5 तरह के लोगों को नहीं करना चाहिए सत्तू का सेवन, सेहत को हो सकता है नुकसान

Sattu Side Effects in Hindi: गर्मियों में सत्तू पीना फायदेमंद होता है। लेकिन सत्तू कुछ संवेदनशील लोगों के लिए नुकसान दायक भी हो सकता है।

Anju Rawat
Written by: Anju RawatPublished at: Mar 28, 2022Updated at: Mar 28, 2022
इन 5 तरह के लोगों को नहीं करना चाहिए सत्तू का सेवन, सेहत को हो सकता है नुकसान

Sattu Side Effects in Hindi: गर्मियों में सत्तू का सेवन करना काफी फायदेमंद होता है। सत्तू पेट को ठंडा रखने में मदद करता है। सत्तू (Sattu in Hindi) को सफेद वाले काबुली चने या फिर लाल चने को भूनकर तैयार किया जाता है। सत्तू की तासीर काफी ठंडी होती है, गर्मियों में सत्तू पीने से लू से बचा जा सकता है। लेकिन क्या आप जानते हैं, कुछ लोग ऐसे भी है जिनके लिए सत्तू का सेवन नकुसानदायक हो सकता है। सत्तू का अधिक सेवन सेहत को नुकसान (Sattu Khane ke Nuksan) भी पहुंचा सकता है। इसलिए सत्तू के प्रति संवेदनशील लोगों को इसका सेवन डॉक्टर की सलाह पर ही करना चाहिए। 

सत्तू डायबिटीज रोगियों के लिए भी लाभकारी होता है। इतना ही नहीं सत्तू वजन घटाता है, पाचन क्रिया को मजबूत बनाता है। सत्तू (Sattu in Hindi) पीने से शरीर को पर्याप्त पोषण मिलता है, इसलिए सभी आयु वर्ग के लोग सत्तू का सेवन कर सकते हैं। लेकिन कुछ खास लोगों को सत्तू पीने से बचना (Sattu Side Effects in Hindi) चाहिए। आरोग्य डाइट और न्यूट्रीशन क्लीनिक, द्वारका की डायटीशियन डॉक्टर सुगीता मुटरेजा से जानें इस बारे में-

gestric problem

इन लोगों को नहीं पीना चाहिए सत्तू: Sattu Side Effects in Hindi:  Sattu Khane ke Nuksan

कोई भी खाद्य पदार्थ तभी तक सेहत के लिए अच्छा माना जाता है, जब तक उसका सेवन सीमित मात्रा में किया जाता है। यही सत्तू के साथ भी होता है। कम मात्रा में सत्तू खाने (Sattu Benefits in Hindi) से शरीर को कई लाभ मिलते हैं। इसके विपरीत अधिक सत्तू कई रोगों का कारण भी बन सकता है। ये लोग न खाएं सत्तू (When to Avoid Sattu in Hindi)-

1. पेट में गैस होने पर

सत्तू में फाइबर की अधिकता होती है। एक 1 कप सत्तू में करीब 10 ग्राम फाइबर होता है। वैसे तो यह पाचन को बेहतर बनाता है। लेकिन अधिक मात्रा में सत्तू पीने से पेट में गैस बन सकती है। यह पाचन तंत्र पर असर डाल सकता है। इसलिए जिन लोगों पहले से ही पेट में गैस, अपच की समस्या है उन्हें सत्तू का सेवन करने से बचना चाहिए। या फिर कम मात्रा में ही सत्तू पीना चाहिए। जिन लोगों को गैस के साथ ही कब्ज की समस्या भी रहती है, उन्हें भी चने और जौ के सत्तू से बचना चाहिए।

2. पथरी होने पर

पथरी में भी सत्तू का सेवन नुकसानदायक (Sattu Side Effects in Hindi) हो सकता है। जिन लोगों को पथरी की समस्या पहले से हैं, उन्हें सत्तू का सेवन करने से बचना चाहिए। पथरी से पीड़ित लोगों को चने का सत्तू नहीं लेना चाहिए। डॉक्टर सुगीता मुटरेजा बताती हैं कि चने का सत्तू किडनी की पथरी होने पर नहीं लेना चाहिए, लेकिन जौ का सत्तू किडनी स्टोन में लिया जा सकता है।

इसे भी पढ़ें - रात को सोते समय पिएं पुदीने की चाय, मिलेंगे ये 4 फायदे

3. चना पचाने में मुश्किल

कई लोगों को किसी खास फूड से एलर्जी होती है, अगर आपको चने से एलर्जी है तो आपको सत्तू का सेवन करने से बचना चाहिए। साथ ही जिन लोगों को चना पचाने में मुश्किल आती है, उन लोगों को भी सत्तू नहीं पीना चाहिए। 

4. वात दोष होने पर

सत्तू की तासीर बहुत ठंडी होती है, इसके सेवन से शरीर में वायु बढ़ सकता है। इससे वात प्रकृति के लोगों में वात दोष पैदा हो सकता है। इसलिए जिन लोगों को वात दोष है, उन्हें सत्तू (Sattu ke Nuksan) पीने से बचना चाहिए। ठंडी चीजें वात दोष को बढ़ा सकती है

5. ठंडी चीजें खाने से मना होने पर

जिन लोगों को हड्डियां में दर्द या वात से जुड़ी कोई समस्या रहती है, उन्हें अक्सर ठंडी चीजों से परहेज करने की सलाह दी जाती है। अगर आपको डॉक्टर से ठंडी चीजें खाने से मना किया है, तो सत्तू का सेवन करने से भी बचें। क्योंकि सत्तू ठंडा होता है, इससे शरीर को ठंडक मिलती है।

इसे भी पढ़ें - गर्मियों में कैसे खाएं बादाम, अंजीर, अखरोट जैसे गर्म तासीर वाले ये 5 ड्राई फ्रूट्स? जानें सही तरीका

सत्तू खाने का सही समय (Best Time to Eat Sattu)

सत्तू पोषक तत्वों से भरपूर होता है। सत्तू का सेवन करने से कई बीमारियां दूर होती हैं। सत्तू खुद में एक कंप्लीट डाइट है। आप सत्तू (Sattu in Hindi) का सेवन दिन के किसी भी समय में कर सकते हैं। सत्तू को ब्रेकफ्रास्ट, लंच में कभी भी लिया जा सकता है। लेकिन रात को सत्तू का सेवन करने से बचना चाहिए। सत्तू को छानकर नहीं पीना चाहिए, इसका आटा घोलकर पीना चाहिए। 

Disclaimer