आजकल पैरेंट्स अपने बच्चों की सेहत को लेकर पहले से कहीं ज्यादा सजग हो गए हैं। जंक फूड और पैकेज्ड स्नैक्स से दूरी बनाकर वे बच्चों की प्लेट में हेल्दी और नेचुरल चीजें शामिल करना चाहते हैं। अंकुरित चना भी तेजी से बच्चों की डाइट का हिस्सा बनता जा रहा है। प्रोटीन से भरपूर होने की वजह से इसे ग्रोथ फूड माना जाता है और कई लोग इसे नेचुरल सुपरफूड कहकर बच्चों को रोज खिलाने लगे हैं लेकिन सवाल यह है कि जो चीज बड़ों के लिए फायदेमंद है, क्या वही बच्चों के लिए भी उतनी ही सुरक्षित होती है? इस बारे में सही जानकारी के लिए हमने, जयपुर स्थित Angelcare-A Nutrition and Wellness Center की निदेशक, डाइटिशियन एवं न्यूट्रिशनिस्ट अर्चना जैन से बात की-
बच्चों को अंकुरित चना देना चाहिए या नहीं?
डाइटिशियन एवं न्यूट्रिशनिस्ट अर्चना जैन के अनुसार, बच्चों को अंकुरित चना दिया जा सकता है, लेकिन यह उनकी उम्र और पाचन क्षमता पर निर्भर करता है। 5 साल से कम उम्र के बच्चों का पाचन तंत्र पूरी तरह विकसित नहीं होता, इसलिए उन्हें कच्चा अंकुरित चना देना सही नहीं माना जाता। बड़े बच्चों को भी इसे सीमित मात्रा में ही देना चाहिए।
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- चना जब भिगोने के बाद अंकुरित किया जाता है, तो उसमें मौजूद पोषक तत्व ज्यादा एक्टिव हो जाते हैं।
- डाइटिशियन अर्चना जैन बताती हैं कि अंकुरित चने में प्रोटीन, फाइबर, आयरन, कैल्शियम, जिंक और बी-कॉम्प्लेक्स विटामिन्स अच्छी मात्रा में पाए जाते हैं।
- यह शरीर को एनर्जी देता है और लंबे समय तक पेट भरा रखने में मदद करता है लेकिन बच्चों के मामले में केवल पोषण देखना काफी नहीं होता, बल्कि उनके पाचन तंत्र को भी ध्यान में रखना जरूरी है।
बच्चों को कितनी मात्रा में अंकुरित चना देना सुरक्षित है?
मात्रा का ध्यान रखना सबसे जरूरी है। डाइटिशियन अर्चना जैन के मुताबिक, 6-10 साल के बच्चों को हफ्ते में 2-3 बार 1-2 चम्मच अंकुरित चना पर्याप्त होता है। इससे ज्यादा मात्रा देने पर गैस, पेट दर्द या ब्लोटिंग की समस्या हो सकती है। छोटे बच्चों को तो इससे भी कम मात्रा में देना चाहिए।
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अंकुरित चना देने का सही तरीका क्या है?
कई पैरेंट्स बच्चों को कच्चा अंकुरित चना दे देते हैं, जो सही तरीका नहीं है। डाइटिशियन अर्चना जैन सलाह देती हैं कि बच्चों के लिए अंकुरित चने को हल्का उबालकर या भाप में पकाकर देना बेहतर होता है। इससे यह आसानी से पच जाता है और पेट में गड़बड़ी का खतरा कम रहता है। आप इसे सब्जी, चाट या दाल में मिलाकर भी दे सकते हैं, लेकिन बहुत ज्यादा मसाले न डालें।
किन बच्चों को अंकुरित चना नहीं देना चाहिए?
अगर बच्चे को बार-बार गैस, पेट दर्द, IBS, फूड एलर्जी या एसिडिटी की समस्या रहती है, तो अंकुरित चना देने से पहले डॉक्टर की सलाह जरूर लें। इसके अलावा, अगर बच्चा पहली बार अंकुरित चना खा रहा है तो बहुत कम मात्रा से शुरुआत करें और उसके शरीर का रिएक्शन देखें।
निष्कर्ष
कुल मिलाकर, बच्चों को अंकुरित चना देना पूरी तरह गलत नहीं है, लेकिन इसे उम्र, मात्रा और सही तरीके के साथ देना बेहद जरूरी है। डाइटिशियन अर्चना जैन के अनुसार, पकाकर और सीमित मात्रा में दिया गया अंकुरित चना बच्चों की ग्रोथ और एनर्जी के लिए फायदेमंद हो सकता है। किसी भी तरह की परेशानी दिखे तो तुरंत इसे बंद कर डॉक्टर से सलाह लें।
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FAQ
बच्चों को डाइट में क्या देना चाहिए?
बच्चों को डाइट में साबुत अनाज जैसे कि साबुत गेहूं की रोटी, ओटमील, क्विनोआ या ब्राउन राइस शामिल करें। इसके अलावा डाइट में प्रोटीन और फाइबर की मात्रा सही रखें।पतले बच्चे का वजन कैसे बढ़ाएं?
दुबले-पतले बच्चों का वजन बढ़ाने के लिए उनकी डाइट में आलू, चावल, पनीर, अंडे, दाल, और मेवे शामिल करें। दूध से बनी चीजें और दही दें, घी या हेल्दी तेल का प्रयोग करें और नियमित अंतराल पर पौष्टिक स्नैक्स खिलाएं। साथ ही डॉक्टर की सलाह से विटामिन सप्लीमेंट्स भी दिए जा सकते हैं।बच्चों को सुबह खाली पेट क्या देना चाहिए?
बच्चों को सुबह खाली पेट गुनगुना पानी, ड्राई फ्रूट्स और फल खिलाने चाहिए, जो पाचन सुधारें, इम्यूनिटी बढ़ाएं और दिन भर के लिए ताकत दें।
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Current Version
Jan 27, 2026 15:16 IST
Modified By : Akanksha Tiwari Jan 27, 2026 15:16 IST
Published By : Akanksha Tiwari
Reviewed By : Archana Jain