सर्दियों का मौसम आते ही सुबह उठना और दिन की शुरुआत करना कई लोगों के लिए कठिन हो जाता है। ठंडी सुबह, सुस्ती और बार-बार आने वाली नींद इस मौसम की आम शिकायतें हैं। इसका सबसे बड़ा कारण है धीमा मेटाबॉलिज्म। ठंड में शरीर को अपने तापमान को बनाए रखने के लिए ज्यादा एनर्जी खर्च करनी पड़ती है, लेकिन अगर नाश्ता बैलेंस्ड और पोषक तत्वों से भरपूर न हो तो दिनभर एनर्जी बनाए रखना मुश्किल हो जाता है। नतीजा यह होता है कि लोग दिनभर सुस्त, थके हुए और आलसी महसूस करते हैं। अक्सर देखा जाता है कि सर्दियों में लोग नाश्ते में तला-भुना, मीठा या भारी भोजन करने लगते हैं। पराठा, पूरी, जलेबी या अधिक घी-तेल वाला खाना तुरंत एनर्जी तो देता है, लेकिन थोड़ी देर बाद शरीर और भी सुस्त महसूस करता है। इस लेख में जयपुर स्थित Angelcare-A Nutrition and Wellness Center की निदेशक, डाइटिशियन एवं न्यूट्रिशनिस्ट अर्चना जैन से जानेंगे, मेटाबॉलिज्म बूस्ट करने के लिए नाश्ते में क्या खाएं?
मेटाबॉलिज्म बूस्ट करने के लिए नाश्ते में क्या खाएं?
डाइटिशियन अर्चना जैन के अनुसार, ''सर्दियों में मेटाबॉलिज्म को बूस्ट करने के लिए सुबह का नाश्ता बेहद जरूरी है। नाश्ते में प्रोटीन, फाइबर, हेल्दी फैट और हल्के मसाले शामिल करने से शरीर अंदर से गर्म रहता है और दिनभर एनर्जी बनी रहती है।'' सही नाश्ता न सिर्फ मेटाबॉलिज्म को तेज करता है, बल्कि भूख को कंट्रोल रखता है और थकान कम करता है। सर्दियों में प्रोटीन-रिच ब्रेकफास्ट मेटाबॉलिज्म बूस्ट करने का सबसे अच्छा तरीका है। अंडे, पनीर, दूध, दही, मूंग दाल, ओट्स और सोया प्रोटीन के बेहतरीन सोर्स हैं। डाइटिशियन अर्चना जैन बताती हैं कि प्रोटीन पचने में ज्यादा समय लेता है, जिससे कैलोरी बर्निंग भी बढ़ती है और भूख लंबे समय तक कंट्रोल रहती है।
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- ब्रेकफास्ट में फाइबर और साबुत अनाज को शामिल करने से पाचन बेहतर रहता है और ब्लड शुगर लेवल स्थिर रहता है। दलिया, ओट्स, ब्राउन ब्रेड, मिक्स्ड सीरियल और ज्वार-बाजरे के फ्लेक्स अच्छे विकल्प हैं। ये फाइबर से भरपूर फूड्स पेट को लंबे समय तक भरा रखते हैं और मेटाबॉलिज्म को एक्टिव रखते हैं।
- सर्दियों में हेल्दी फैट मेटाबॉलिज्म और शरीर को गर्म रखने में मदद करता है। अखरोट, बादाम, अलसी, चिया सीड्स और सीमित मात्रा में देसी घी नाश्ते में शामिल करें। अर्चना जैन के अनुसार, ''हेल्दी फैट न केवल एनर्जी देता है बल्कि मसल्स रिकवरी और हार्मोन बैलेंस में भी मदद करता है।''
- सर्दियों में मसाले न सिर्फ स्वाद बढ़ाते हैं बल्कि मेटाबॉलिज्म को भी तेज करते हैं। अदरक, दालचीनी, काली मिर्च, हल्दी और लौंग नाश्ते में शामिल किए जा सकते हैं। इसके अलावा गुनगुना हल्दी वाला दूध, मसाला ओट्स या फाइबर रिच स्मूदी भी शरीर को अंदर से गर्म रखते हैं।
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| Food Category | Benefits | Examples |
| प्रोटीन | कैलोरी बर्निंग बढ़ाता है और पेट को लंबे समय तक भरा रखता है। | अंडे, पनीर, दूध, दही, मूंग दाल, ओट्स और सोया। |
| फाइबर और अनाज | पाचन बेहतर करता है और शरीर में एनर्जी लेवल को स्थिर रखता है। | दलिया, ब्राउन ब्रेड, मिक्स्ड सीरियल, ज्वार-बाजरे के फ्लेक्स। |
| हेल्दी फैट | शरीर को अंदर से गर्म रखता है और मसल्स रिकवरी में मदद करता है। | अखरोट, बादाम, अलसी, चिया सीड्स और सीमित मात्रा में देसी घी। |
डाइटिशियन की सलाह
डाइटिशियन अर्चना जैन सलाह देती हैं कि नाश्ते के साथ गुनगुना पानी या हर्बल टी पिएं। फलों को शामिल करें जैसे संतरा, सेब या अमरूद, ये विटामिन C और एंटीऑक्सीडेंट से भरपूर होते हैं। इसके अलावा ध्यान रखें कि आप मीठे और प्रोसेस्ड फूड्स से दूरी ही रखें।
निष्कर्ष
सर्दियों में सही ब्रेकफास्ट अपनाने से न सिर्फ मेटाबॉलिज्म बूस्ट होता है बल्कि दिनभर एनर्जी बनी रहती है और शरीर अंदर से गर्म भी रहता है। प्रोटीन, फाइबर, हेल्दी फैट और मसालों से भरपूर नाश्ता थकान और सुस्ती से बचाता है। डाइटिशियन अर्चना जैन के अनुसार, ''अगर सुबह का नाश्ता संतुलित और पोषक तत्वों से भरपूर हो तो मेटाबॉलिज्म तेज रहता है, भूख कंट्रोल रहती है और दिनभर एक्टिव महसूस होता है।'' सर्दियों में इस तरह के नाश्ते अपनाकर आप फिट और एनर्जेटिक रह सकते हैं।
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FAQ
क्या नाश्ता छोड़ना ठीक है?
नहीं, नाश्ता स्किप करने से मेटाबॉलिज्म स्लो हो जाता है और दिनभर सुस्ती और थकान महसूस होती है।सर्दियों में सबसे अच्छा नाश्ता कौन सा है?
अखरोट, बादाम, अलसी, चिया सीड्स और थोड़ी मात्रा में देसी घी नाश्ते में शामिल करना शरीर को अंदर से गर्म और एनर्जेटिक रखता है।तेजी से मेटाबॉलिज्म कैसे बढ़ाएं?
प्रोटीन, फाइबर और हेल्दी फैट युक्त नाश्ता सबसे बेहतर होता है। उदाहरण के लिए ओट्स, दलिया, पनीर, अंडा, बादाम और मौसमी फल शामिल किए जा सकते हैं।
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Jan 19, 2026 14:42 IST
Modified By : Akanksha Tiwari Jan 19, 2026 14:42 IST
Modified By : Akanksha TiwariJan 19, 2026 14:42 IST
Published By : Akanksha Tiwari
Reviewed By : Archana Jain