आंतरिक रूप से प्रेरित (Intrinsic Motivation) होने के हैं कई फायदे, जानें इसके बारे में

आंतरिक प्रेरणा एक मनोवैज्ञानिक कांसेप्ट है जिसमें व्यक्ति बिना किसी बाहरी मोटिवेशन के अपना काम पूरी दृढ़ता के साथ करता है।

Prins Bahadur Singh
Written by: Prins Bahadur SinghUpdated at: Aug 27, 2021 16:06 IST
आंतरिक रूप से प्रेरित (Intrinsic Motivation) होने के हैं कई फायदे, जानें इसके बारे में

मोटीवेटेड रहने से इंसान को जीवन में आगे बढ़ने में फायदा मिलता है। मोटिवेशन ही है जिसकी वजह से इंसान किसी काम को मन लगाकर करता है। जिस व्यक्ति में मोटिवेशन की कमी होती है वह कई कामों में असफल हो जाता है। मोटीवेटेड रहना एक या प्रेरित रहकर काम करने के तमाम फायदे भी हैं। इंसान कई तरीके से प्रेरित या मोटीवेटेड हो सकता है। जब कोई व्यक्ति बिना किसी बाहरी परिणाम या पुरूस्कार की अपेक्षा किये किसी भी कार्य को अंजाम देता है तो उसे आंतरिक प्रेरणा (Intrinsic Motivation) कहा जाता है। आंतरिक रूप से प्रेरित होने के अपने कई फायदे भी हैं। आइये जानते हैं आंतरिक रूप से प्रेरित होने के बारे में और इसके फायदों के बारे में।

क्या है आंतरिक प्रेरणा? (What is Intrinsic Motivation?)

मनोविज्ञान में आंतरिक प्रेरणा और वाह्य यानी बाहरी प्रेरणा के बारे में बताया गया है। किसी भी व्यक्ति में आंतरिक प्रेरणा तब होती है जब वह बिनी किसी बाहरी इच्छा, आशा या परिणाम की चिंता और बिना किसी बाहरी पुरुस्कार की चिंता किये हुए जीवन का आनंद लेकर काम करता है। आंतरिक रूप से प्रेरित व्यक्ति हर एक गतिविधि का आनंद लेते हैं या इसे अपनी क्षमता का पता लगाने, सीखने और वास्तविक बनाने के अवसर के रूप में देखते हैं। मोटिवेशन, टाइम लिमिट, या परिणाम के बारे में बिना सोचे सिर्फ अपने कार्य को करते रहना ही आंतरिक प्रेरणा है। ऐसे व्यक्ति जीवन में किसी भी काम को करने के लिए किसी बाहरी चीज से मोटीवेट नहीं होते हैं।

Everything-About-Intrinsic-motivation

(image source - freepik.com)

आंतरिक और वाह्य प्रेरणा में अंतर (Difference Between Intrinsic motivation and Extrinsic Motivation)

आंतरिक रूप से प्रेरित व्यक्ति किसी भी गतिविधि में बिना किसी बाहरी रिवॉर्ड की चिंता किये बिना लगे रहते हैं। ऐसा इसलिए है कि आंतरिक प्रेरणा में आपको किसी काम के लिए बाहरी रिवॉर्ड या किसी कारण की जरूरत नहीं होती है। आप किसी काम को इसलिए करते हैं क्योंकि आपका मन उस काम में लगता है। जबकि बाहरी प्रेरणा से ग्रसित व्यक्ति बिना किसी रिवॉर्ड, फायदे के किसी भी काम में खुद को नहीं लगाते हैं। बाहरी प्रेरणा से ग्रसित व्यक्ति कोई भी काम करने से पहले मुसीबत में पड़ने से बचने और अपनी नौकरी या धन के बारे में जरूर सोचते हैं। 

इसे भी पढ़ें : बीते कल (Past) को लेकर हो रहा है पछतावा तो आप भी हो सकते हैं इमोशनल बैगेज के शिकार, ऐसे पाएं छुटकारा

Everything-About-Intrinsic-motivation

(image source - freepik.com)

आंतरिक रूप से प्रेरित रहने के फायदे (Intrinsic Motivation Benefits)

जब कोई भी व्यक्ति आंतरिक रूप से प्रेरित होता है तो उसे जीवन में आगे बढ़ने कठिनाइयों का सामना अन्य लोगों की तुलना में कम करना पड़ता है। आंतरिक रूप से प्रेरित रहने के निम्नलिखित फायदे हैं। 

इसे भी पढ़ें : सफलता पाने के डर और तनाव (Fear of Success) को कम करने में मदद करेंगी ये टिप्स

1. आंतरिक प्रेरणा आपको दृढ बनाती है

जब कोई भी व्यक्ति आंतरिक रूप से प्रेरित होता है तो वह बिना किसी व्यक्तिगत लाभ की चिंता किये लोगों के लिए भी काम करता है। ऐसे लोग अपने काम, लक्ष्य या जिम्मेदारी के प्रति दृढ होते हैं। आंतरिक प्रेरणा आपके संबंधों को भी मजबूत करने का काम करती है। आंतरिक रूप से प्रेरित व्यक्ति के संबंध जल्दी नहीं टूटते हैं क्योंकि ऐसे लोगो बिना किसी लाभ के संबंधो को निभाते हैं।

इसे भी पढ़ें : नौकरी में नहीं लग रहा मन तो साइकोलॉजिस्ट की ये टिप्स आपके लिए हो सकती हैं कारगर

2. आंतरिक प्रेरणा शिक्षा में भी उपयोगी

जब कोई भी विद्यार्थी आंतरिक रूप से प्रेरित होकर पढाई करता है तो उसे पढाई करने के लाभ के बारे में बताने की जरूरत नहीं पड़ती है। ऐसे विद्यार्थी जीवन में आगे निकलते हैं और पूरा मन लगाकर पढाई करते हैं। वहीं अगर वाह्य प्रेरणा से ग्रसित व्यक्ति पढाई करता है तो उसके मन में पढाई करने के फायदे इससे मिलने वाली नौकरी आदि का लालच रहता है।

3. आंतरिक रूप से प्रेरित व्यक्ति अपने काम में भी रहते हैं अव्वल

उदाहरण के लिए अगर कोई व्यक्ति जो नौकरी कर रहा है और वाह्य प्रेरणा से प्रेरित है तो वह सिर्फ पैसे कमाने अपना फ्यूचर सुरक्षित करने के उद्देश्य से नौकरी करता है। जबकि आंतरिक रूप से प्रेरित व्यक्ति बिना किसी हानि या लाभ की चिंता किये पूरी दृढ़ता के साथ अपने काम को अंजाम देता है।

4. आंतरिक रूप से प्रेरित व्यक्ति रहता है हमेशा मोटीवेटेड

आंतरिक रूप से प्रेरित व्यक्ति को किसी भी प्रकार के बाहरी मोटिवेशन की जरूरत नहीं होती है। ऐसे लोग अपने काम के लिए खुद से मोटीवेटेड रहते हैं।

Everything-About-Intrinsic-motivation

(image source - freepik.com)

इसे भी पढ़ें : खुद की भावनाओं को व्यक्त न कर पाना हो सकता है इमोशनल ब्लंटिंग, जानें इसके कारण और लक्षण

आंतरिक रूप से प्रेरित रहने वाले व्यक्ति जीवन में निराश नहीं होते हैं और बिना किसी सोच के हर काम में जुट जाते हैं। ऐसे लोग समाज की भलाई में भी आगे रहते हैं। अगर आप भी किसी काम को आंतरिक प्रेरणा के साथ करते हैं तो उसका लाभ आपको जरूर मिलेगा।

(main image source - freepik.com)

Read More Articles on Mind and Body in Hindi

Disclaimer