वजन कम करने के लिए लोग अक्सर खाना कम कर देते हैं या फिर सिर्फ एक बार ही खाते हैं। कई बार तेजी से वजन घटाने के चक्कर में घंटों तक एक्सरसाइज करते हैं। इस वजह से शुरुआत में तेजी से वजन कम हो जाता है, लेकिन इस दौरान शरीर को पूरा न्यूट्रिशन नहीं मिल पाता और इस वजह से सेहत पर असर पड़ने लगता है। क्या वजन घटाने का असर हड्डियों पर भी पड़ता है? यह जानने के लिए हमने Dr. Srikanth Madikattu, Consultant, Orthopaedic Surgeon and Joint Replacement Surgeon, Manipal Hospital, Baner, Pune से बात की। उन्होंने बताया कि आमतौर पर वजन घटाने वाले लोग सिर्फ पेट के फैट और मांसपेशियों पर ही ध्यान देते हैं, लेकिन गलत तरीके से वजन कम करने पर हड्डियों की मजबूती भी प्रभावित हो सकती है। बहुत कम कैलोरी वाली डाइट, जरूरी न्यूट्रिशन और लंबे समय तक एनर्जी न मिलने के कारण हड्डियों की सेहत पर असर पड़ सकता है।
तेजी से वजन घटाने का हड्डियों पर क्या असर पड़ता है?
Dr. Srikanth Madikattu कहते हैं, “हड्डियां शरीर को सहारा देने के साथ लगातार खुद को नया बनाने का काम भी करती हैं। इस प्रोसेस को रीमॉडलिंग कहा जाता है। इस प्रोसेस में हड्डियों को पुराने टिश्यू टूटते है और उनकी जगह नए टिश्यू बनते हैं। इस प्रोसेस के लिए शरीर को पर्याप्त मात्रा में कैल्शियम, विटामिन D, मैग्नीशियम, प्रोटीन और दूसरे जरूरी न्यूट्रिशन चाहिए। जब कोई व्यक्ति तेजी से वजन घटाने के लिए खाना कम कर देता है, तो न्यूट्रिशन पर्याप्त मात्रा में नहीं मिल पाता। लंबे समय तक हड्डियों के टिश्यू बनने और टूटने पर असर पड़ सकता है। कुछ लोगों में इस वजह से बोन मिनरल डेंसिटी कम होने का रिस्क भी बढ़ सकता है।”
Osteoporosis International जर्नल में 32 रैंडमाइज्ड कंट्रोल ट्रायल्स पर रिसर्च की गई। इसमें पाया गया है कि वजन कम होने से कूल्हे और लम्बर स्पाइन पर असर पड़ सकता है। जिन लोगों ने तेजी से वजन घटाया है, उनके कूल्हे और रीढ़ की हड्डी की डेंसिटी में कमी देखी गई है।
तेजी से वजन घटाने पर हड्डियां कमजोर होने के क्या कारण हैं?
Dr. Srikanth Madikattu ने बताया कि तेजी से वजन घटाने पर हड्डियां कमजोर होने के कारण कुछ इस तरह हो सकते हैं।
1. कैल्शियम और विटामिन D की कमी होना
Dr. Srikanth Madikattu ने कहा कि अक्सर लोग वजन कम करने के लिए अपनी डाइट में दूध, दही या डेयरी प्रोडक्ट्स कम कर देते हैं। अगर इस दौरान कैल्शियम और विटामिन D की पर्याप्त मात्रा नहीं मिलती, तो हड्डियों की सेहत पर असर पड़ सकता है। इसलिए वजन घटाते समय सिर्फ कैलोरी कम करने पर ध्यान देना पर्याप्त नहीं है। खाने से मिलने वाले पोषक तत्वों का भी ख्याल रखना जरूरी है।
2. शरीर को पर्याप्त प्रोटीन न मिलना
Dr. Srikanth Madikattu ने बताया कि क्रैश डाइटिंग के दौरान कुछ लोग खाना इतना ज्यादा कम कर देते हैं कि शरीर में प्रोटीन की जरूरत पूरी नहीं हो पाती। प्रोटीन मांसपेशियों की मजबूती के लिए जरूरी है और यह हड्डियों को बनाने में भी महत्वपूर्ण भूमिका निभाता है। अगर लंबे समय तक प्रोटीन की कमी बनी रहती है, तो मांसपेशियां कमजोर हो सकती हैं और हड्डियों की सेहत पर भी असर पड़ सकता है। इसलिए प्रोटीन सही मात्रा में लें।
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3. शरीर में हार्मोनल बदलाव होना
Dr. Srikanth Madikattu का कहना है कि बहुत कम खाना और जरूरत से ज्यादा एक्सरसाइज करना शरीर में एनर्जी की कमी होने लगती है। लंबे समय तक ऐसा होने से हार्मोन के लेवल पर असर पड़ सकता है। महिलाओं को पीरियड्स की समस्या हो सकती है। पुरुषों में हार्मोन असंतुलित होने पर हड्डियों पर असर पड़ सकता है।
4. मांसपेशियों की मजबूती कम होना
Dr. Srikanth Madikattu कहते हैं, “जब कोई व्यक्ति बहुत कम कैलोरी लेता है, तो वजन के साथ मांसपेशियों का नुकसान भी हो सकता है। इसलिए वजन घटाने के दौरान मांसपेशियों की मजबूती बनाए रखना जरूरी है। जब लोग वजन घटाने लगते हैं, तो उन्हें मांसपेशियों की मजबूती पर भी ध्यान देना चाहिए, ताकि इससे हड्डियां कमजोर होने से बच सके।”
हड्डियों के कमजोर होने के किन लक्षणों पर ध्यान देना चाहिए?
Dr. Srikanth Madikattu ने कहा कि हड्डियों की डेंसिटी कम होने पर शुरुआत में लक्षण साफ दिखाई नहीं देते। इसलिए कई बार लोगों को पता ही नहीं चल पाता कि उनकी हड्डियां कमजोर हो गई है। ऐसे में जो लोग तेजी से वजन कम कर रहे हैं, उन्हें इन लक्षणों पर ध्यान देने की जरूरत है।
- अगर हल्की चोट लगने या मामूली गिरने पर भी फ्रैक्चर हो जाता है, तो यह हड्डियों की कमजोरी का संकेत हो सकता है।
- लगातार पीठ दर्द रहना या समय के साथ लंबाई कम होना भी कुछ मामलों में रीढ़ की हड्डियों से जुड़ी समस्या का संकेत हो सकता है।
- अगर तेजी से वजन घटने के साथ बहुत ज्यादा थकान, मांसपेशियों में कमजोरी या पीरियड्स में बदलाव हो रहा है, तो यह पर्याप्त न्यूट्रिशन और एनर्जी न मिलने का लक्षण है।
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निष्कर्ष
जो लोग क्रैश डाइट या तेजी से वजन कम कर रहे हैं, उनकी हड्डियों की डेंसिटी जानने के लिए डॉक्टर जरूरत पड़ने पर DEXA स्कैन की सलाह दे सकते हैं। अगर कोई वजन कम कर रहा है, तो उसे खाना न्यूट्रिशन पर ध्यान देना चाहिए। जरूरत से ज्यादा तेजी से वजन घटाना या कम करना न सिर्फ हड्डियों, बल्कि पूरे शरीर पर ही असर डाल सकता है।
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FAQ
एक महीने में कितना वजन घटाना हड्डियों और संपूर्ण स्वास्थ्य के लिए सुरक्षित माना जाता है?
मेडिकल गाइडलाइंस के अनुसार, हर हफ्ते आधा किलो से एक किलो यानी महीने में दो से चार किलो तक वजन घटाना ही सुरक्षित होता है।क्या वजन कम करने वाली सर्जरी के बाद भी हड्डियां कमजोर होती हैं?
बैरियाट्रिक सर्जरी में पेट और छोटी आंत का वह हिस्सा छोटा या बाईपास कर दिया जाता है जहां कैल्शियम और विटामिन डी का मुख्य अवशोषण होता है। इसलिए ऐसे मरीजों को सर्जरी के बाद जीवनभर खास फॉर्मूलेशन वाले कैल्शियम सिट्रेट और विटामिन डी सप्लीमेंट्स रेगुलर लेने पड़ते हैं।
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Oct 28, 2026 18:51 IST
Published By : Aneesh Rawat
Reviewed By : Dr Srikanth Madikattu
