Wed Oct 7, 2026 | 05:45 PM IST

Medically Reviewed by Dr Purendra Bhasin , Ophthalmologist

एक आंख ज्यादा ड्राई क्यों लगती है? डॉक्टर से जानें

आजकल डिजिटल स्क्रीन के ज्यादा इस्तेमाल से आंखों में ड्राईनेस होना आम है, लेकिन कभी-कभी एक आंख दूसरी से ज्यादा सूखी महसूस होती है। इसके कई कारण हो सकते हैं जैसे- कम पलक झपकना, आंसू ग्रंथि की समस्या या पर्यावरणीय फैक्टर्स, जिसके लिए डॉक्टर से सलाह लेना जरूरी है।
एक आंख ज्यादा ड्राई क्यों लगती है? डॉक्टर से जानेंएक आंख ज्यादा ड्राई क्यों लगती है? डॉक्टर से जानें

आज के समय में ज्यादा मोबाइल, कंप्यूटर और दूसरे डिजिटल स्क्रीन का इस्तेमाल बढ़ने के कारण आंखों में ड्राई महसूस होना आम बात है, लेकिन कई बार व्यक्ति को ऐसा लगता है कि एक आंख दूसरी आंख के मुकाबले ज्यादा ड्राई, भारी और चुभन भरी हो रही है। कुछ लोगों को एक आंख में जलन महसूस होती है, जबकि दूसरी आंख बिल्कुल नॉर्मल लगती है। यह समस्या कुछ समय के लिए हो सकती है या लंबे समय तक हो सकती है, लेकिन ऐसा क्यों होता है यह सवाल कई बार मन में आता है? आइए इस बारे में Dr. Purendra Bhasin, Ophthalmologist, Ratan Jyoti Netralaya Ophthalmic Institute & Research Centre, Gwalior से जानें।  

एक आंख ज्यादा सूखी क्यों महसूस होती है?

डॉ. पुरेंद्र भसीन के अनुसार, "कई बार हमें ऐसा लगता है कि एक आंख दूसरी आंख की तुलना में ज्यादा सूखी या चुभने वाली महसूस हो रही है। ऐसा होना जरूरी नहीं है कि दोनों आंखों में एक जैसी मात्रा में आंसू बन रहे हों। हमारी दोनों आंखों में आंसुओं की परत, आंसू बनने की क्षमता और उनके आंख की सतह पर फैलने का तरीका थोड़ा अलग हो सकता है।"

डॉ. पुरेंद्र आगे कहते हैं, एक आंख का ज्यादा सूखा महसूस होने के पीछे कई नॉर्मल कारण हो सकते हैं। इन कारणों को नजरअंदाज नहीं करना चाहिए। जैसे-

  • लंबे समय तक स्क्रीन देखने से पलकें कम झपकती हैं, जिससे आंख की सतह पर आंसुओं की परत जल्दी सूख सकती है। अगर किसी एक आंख में पलक झपकने का पैटर्न थोड़ा अलग है, तो यह समस्या हो सकती है।
  • उस आंख की आंसू ग्रंथि ठीक तरह से काम नहीं कर रही है, तो भी वह आंख ज्यादा सूखी महसूस हो सकती है।

इसे भी पढ़ें: ड्राई आई के कारण आंखों में खुजली और जलन से हैं परेशान? इन घरेलू नुस्खों से मिलेगा आराम


why does one eye feel drier than the other 01'why does one eye feel drier than the other 01

ड्राई आई के अन्य कारण

डॉ. पुरेंद्र का कहना है, कई बार लोगों को आस-पास के वातावरण या कुछ आदतों के कारण आंखों के ड्राई होने की समस्या हो सकती है। जैसे- 

  • हवा या धूल-मिट्टी के संपर्क में आने।
  • एसी या पंखे की सीधी हवा। 
  • कॉन्टैक्ट लेंस का इस्तेमाल करने।
  • आंखों को बार-बार रगड़ने। 
  • पलक के किनारे सूजन।
  • तेल बनाने वाली ग्रंथियों में रुकावट।

ये आदतें भी एक आंख को दूसरी की तुलना में ज्यादा प्रभावित कर सकती हैं। कभी-कभी पलक के किनारे की छोटी-सी सूजन या तेल बनाने वाली ग्रंथियों में रुकावट भी आंख की नमी को प्रभावित कर सकती है। इन आदतों से बचने से व्यक्ति को ड्राई आई की समस्या से बचाव हो सकता है। 

इसे भी पढ़ें: आंखों में सूखेपन और जलन से परेशान? डॉक्टर से जानें कारण और बचाव के उपाय

क्या कहती है स्टडी?

साल 2003 में British Journal of Ophthalmology में प्रकाशित स्टडी के अनुसार, आंखों में सूखापन, जलन, चुभन और खुजली होने जैसी समस्याएं आंखों की सीमित प्रतिक्रियाएं, इंफेक्शन, एलर्जी, टेरिजियम, कंजंक्टिवल कॉन्क्रीशंस और स्मोकिंग जैसे कारणों से हो सकती हैं। 

आंखों की ड्राईनेस से बचने के लिए क्या करना चाहिए?

डॉ. पुरेंद्र बताते हैं, अगर कभी-कभार ऐसा हो रहा है और थोड़ी देर आराम करने या आंखों को नम रखने से ठीक हो जाता है, तो आमतौर पर चिंता की बात नहीं होती है। आंखों में ड्राईनेस की समस्या से बचने के लिए कुछ बातों का ध्यान रखना जरूरी है। जैसे- 

  • स्क्रीन से ब्रेक लें। 
  • पर्याप्त पानी पिएं। 
  • आंखों को हवा या धूल से बचाएं। 

डॉक्टर से सलाह कब लें?

डॉ. पुरेंद्र बताते हैं, अगर एक ही आंख में लगातार ड्राईनेस, जलन, आंखों में खुजली, रेडनेस, दर्द, धुंधला दिखाई देना या आंख में किरकिरापन या कुछ फंसा हुआ महसूस होने की समस्या बनी रहती है, तो इसे नजरअंदाज नहीं करना चाहिए। 

ऐसी स्थिति में डॉक्टर से आंखों की जांच कराना बेहतर है, क्योंकि लगातार एकतरफा सूखापन किसी समस्या का संकेत भी हो सकता है।

निष्कर्ष 

एक आंख में ड्राईनेस होने की समस्या स्क्रीन देखने के कारण पलकें कम झपकाने, आंसू ग्रंथि के ठीक से काम न करने, ज्यादा हवा या धूल-मिट्टी के संपर्क में रहने, एसी या पंखे की सीधी हवा, पलकों की सूजन, ऑयल बनाने वाली ग्रंथियों में रुकावट आने, आंखों को बार-बार रगड़ने और कॉन्टैक्ट लेंस के इस्तेमाल के कारण लोगों को ड्राई आई की समस्या हो सकती है।

ऐसे में आंखों के सूखेपन की समस्या से बचने के लिए ज्यादा समय तक स्क्रीन का इस्तेमाल करने से बचें, पर्याप्त पानी पिएं और आंखों को हवा या धूल मिट्टी से बचाएं। अगर यह समस्या थोड़े समय के लिए होती है, तो ठीक है, लेकिन अगर व्यक्ति को आंखों में रेडनेस, धुंधला दिखने, जलन और ड्राईनेस की समस्या लंबे समय तक बनी रहती है, तो तुरंत डॉक्टर से सलाह लें, ताकि समय रहते किसी भी समस्या से बचा जा सके।

All Images Credit- Freepik

FAQ

  • आंखों के ड्राई होने के क्या कारण हैं?

    ज्यादा स्क्रीन देखने, बढ़ती उम्र, पर्यावरण, कॉन्टैक्ट लेंस का अधिक इस्तेमाल, दवाइयों का सेवन करने और मेडिकल कंडीशन्स के कारण लोगों को आंखों के ड्राई होने की समस्या हो सकती है।
  • ड्राई आई से राहत के लिए क्या करें?

    ड्राई आई की समस्या से राहत के लिए पलकों को झपकाएं, 20-20-20 रूल्स को फॉलो करें, हेल्दी फैट्स को डाइट में शामिल करें और वॉर्म कॉम्प्रेस करें।

Read Next

→ बार-बार चीजें भूलना कब है चिंता की बात? डाॅक्‍टर से जानें किन संकेतों को नहीं करना चाहिए नजरअंदाज

Disclaimer

इस जानकारी की सटीकता, समयबद्धता और वास्तविकता सुनिश्चित करने का हर सम्भव प्रयास किया गया है हालांकि इसकी नैतिक जि़म्मेदारी ओन्लीमायहेल्थ डॉट कॉम की नहीं है। हमारा आपसे विनम्र निवेदन है कि किसी भी उपाय को आजमाने से पहले अपने चिकित्सक से अवश्य संपर्क करें। हमारा उद्देश्य आपको जानकारी मुहैया कराना मात्र है।

Priyanka Sharma

Health & Lifestyle Journalist

प्रियंका शर्मा पिछले 4 वर्षों से पत्रकारिता में सक्रिय हैं, जिनमें से 2 साल उन्होंने हेल्थ जर्नलिज्म को दिए हैं। फिलहाल वह OnlyMyHealth में सब एडिटर हैं। वह महिला स्वास्थ्य, पोषण, प्रेगनेंसी, स्किनकेयर, हेयरकेयर, आयुर्वेद, योग और हार्ट हेल्थ जैसे विषयों पर शोध आधारित लेख लिखती हैं और जटिल स्वास्थ्य जानकारी को सरल भाषा में पाठकों तक पहुंचाने की कोशिश करती हैं। लेख तैयार करते समय वह विशेषज्ञों की राय और भरोसेमंद मेडिकल स्रोतों का ध्यान रखती हैं। जिन लेखों में मेडिकल पुष्टि जरूरी होती है, उन्हें प्रकाशित होने से पहले डॉक्टरों द्वारा रिव्यू किया जाता है। OnlyMyHealth से पहले वह Grehlakshmi (महिला केंद्रित हिंदी पत्रिका) और Noida Khabar के साथ काम कर चुकी हैं। Editorial Policy: प्रियंका द्वारा लिखे गए सभी लेखों की हमारी संपादकीय टीम द्वारा तथ्य-जांच की जाती है और आवश्यकता पड़ने पर संबंधित विषय विशेषज्ञों द्वारा समीक्षा की जाती है।

Read More..

How we keep this article up to date:

We work with experts and keep a close eye on the latest in health and wellness. Whenever there is a new research or helpful information, we update our articles with accurate and useful advice.

  • Current Version

    Sep 10, 2026 16:52 IST

    Published By : Priyanka Sharma
    Reviewed By : Dr Purendra Bhasin