Wed Oct 7, 2026 | 01:38 PM IST

Medically Reviewed by Dr Brunda M S , Internal Medicine

फेस की स्किन पतली होने का क्या कारण है? एक्सपर्ट से जानें इस स्थिति में क्या करें

फेस की स्किन पतली होने के पीछे कई कारण हो सकते हैं। सबसे पहला कारण है उम्र बढ़ना। इसकी वजह से चेहरे की बनावट प्रभावित होती है और देखने में चेहरा अजीब सा लगता है। आइए, जानते हैं एक्सपर्ट से इस बारे में विस्तार से।  
फेस की स्किन पतली होने का क्या कारण है? एक्सपर्ट से जानें इस स्थिति में क्या करेंफेस की स्किन पतली होने का क्या कारण है? एक्सपर्ट से जानें इस स्थिति में क्या करें

चेहरे की त्वचा (thin facial skin) कई कारणों से पतली हो सकती है और उम्र बढ़ना उनमें से एक आम कारण है। जैसे-जैसे उम्र बढ़ती है, त्वचा धीरे-धीरे कम कोलेजन बनाती है जिससे अजीब सी नजर आने लगती है। इसके अलावा भी फेस की स्किन की पतली होने के पीछे कई कारण हो सकते हैं जिसके बारे में हमें Dr. Brunda M S, Sr. Consultant - Internal Medicine, Aster CMI Hospital, Bangaluru ने बताया। साथ ही जानेंगे क्या कोई उपाय है जिससे हम स्थिति से बच सकते हैं।

फेस की स्किन पतली होने का क्या कारण है?

Dr. Brunda M S फेस की स्किन पतली होने के पीछे कई कारण हो सकते हैं जिसमें सबसे बड़ा एक कारण है इलास्टिन की कमी जो कि उम्र बढ़ने की वजह से हो सकता है। इसके लिए उम्र बढ़ने की वजह से त्वचा की मोटाई, कसावट और लचीलेपन में भी फर्क आता है जैसे-जैसे कोलेजन कम होता है, इलास्टिन की कमी होने लगती है और त्वचा पतली नजर आने लगती है। इसके अलावा

1. सीबम प्रोडक्शन कम होने की वजह से

Dr. Brunda M S कहती हैं कि स्किन के लिए तेल का उत्पादन कम होने से भी त्वचा रूखी और ज्यादा नाज़ुक हो सकती है। इससे स्किन की बनावट पतली और झिल्ली जैसी नजर आती है और देखने में लगता है कि पूरी स्किन फटी हुई है।

2. यूवी किरणों से संपर्क में रहने के कारण

सूरज की अल्ट्रावायलेट किरणों के लंबे समय तक संपर्क में रहने से कोलेजन तेजी से टूटने लगता है, जिससे त्वचा पतली हो सकती है और उस पर झुर्रियां पड़ सकती हैं। दरअसल, ज्यादा देर तक सूरज की रोशनी में रहने से त्वचा में कोलेजन के तत्व टूटने लगते हैं जिससे त्वचा की बनावट प्रभावित होती है और स्किन पतली हो जाती है।

3. मेनोपॉज की वजह से

Dr. Brunda M S कहती हैं कि मेनोपॉज के बाद एस्ट्रोजन के स्तर में गिरावट से त्वचा में कोलेजन और नमी कम हो जाती है। इसके अलावा सेल ग्रोथ भी धीमा हो जाता है जिससे चेहरे की स्किन पतली नजर आती है इस वजह से 50 के बाद महिलाएं अपनी पतली स्किन से ज्यादा परेशान रहती हैं क्योंकि इन पर फाइन लाइन्स नजर आते हैं।

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4. यह बीमारियों भी हो सकती हैं कारण

National Institue on Aging के अनुसार उम्र बढ़ने के साथ आपकी त्वचा पर कई चीजों का असर पड़ता है। हार्मोनल बदलाव, जैसे कि मेनोपॉज के दौरान होने वाले बदलाव, त्वचा को पतला और रूखा बना सकते हैं। कुछ पुरानी बीमारियां जो बुज़ुर्गों में आम हैं, जैसे कि डायबिटीज, किडनी की बीमारी, दिल की बीमारी और एथेरोस्क्लेरोसिस, उनके लक्षण भी त्वचा पर असर डाल सकते हैं।

5. खराब लाइफस्टाइल के कारण

लगातार धूम्रपान और शराब का सेवन स्किन को पतला कर सकती है। इसके अलावा डाइट में विटामिन ए और सी से भरपूर फूड्स का कम होना भी इस समस्या की वजह बन सकता है। साथ ही जो लोग पानी कम पीते हैं उन्हें भी यह दिक्कत हो सकती है।

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पहला कदम चेहरे की पतली त्वचा को सिर्फ कॉस्मेटिक समस्या मानने के बजाय, इसकी असली वजह का पता लगाना है। डॉक्टर या डर्मेटोलॉजिस्ट आपसे दवाओं, स्किनकेयर प्रोडक्ट्स, धूप के संपर्क, मेडिकल कंडिशन्स और यह बदलाव कितनी तेजी से हुआ, इसके बारे में पूछ सकते है।

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फेस की स्किन पतली होने पर क्या करें?

Dr. Brunda M S कहती हैं कि अगर आपको यह दिक्कत है तो सबसे पहले एक सौम्य स्किनकेयर रूटीन अपनाएं, जिसमें
माइल्ड क्लींजर का इस्तेमाल करें

  • अपनी स्किन टाइप के हिसाब से मॉइस्चराइजर और ब्रॉड-स्पेक्ट्रम सनस्क्रीन का नियमित इस्तेमाल करें।
  • जोरदार स्क्रबिंग, अनावश्यक एक्सफोलिएशन और बिना डॉक्टर की सलाह वाली स्टेरॉयड क्रीम से बचें।

डाइट सही करें

पर्याप्त प्रोटीन और फलों, सब्जियों, साबुत अनाज, नट्स और अन्य पोषक तत्वों से भरपूर संतुलित आहार भी त्वचा की सामान्य सेहत को बनाए रखने में मदद करता है। साथ ही कोशिश करें कि शरीर में हाइड्रेशन सही रहे क्योंकि ये कोलेजन बनाए रखने में मदद करता है।

डॉक्टर को कब दिखाएं?

हालांकि, सिर्फ डाइट से उम्र बढ़ने या लंबे समय तक धूप से हुए नुकसान के कारण त्वचा में आए बड़े संरचनात्मक बदलावों को ठीक नहीं किया जा सकता है। मेडिकल जांच तब बहुत जरूरी हो जाती है जब त्वचा कम समय में काफी पतली हो जाए, आसानी से चोट के निशान या घाव बन जाएं, लगातार रेडनेस या घाव बने रहें, या त्वचा पतली होने के साथ-साथ कोई और अस्पष्ट लक्षण भी दिखें। अगर स्टेरॉयड दवा को इसका कारण माना जा रहा है, तो इसे बिना डॉक्टर की सलाह के अचानक बंद नहीं करना चाहिए, खासकर तब जब इसका इस्तेमाल किसी मेडिकल कंडीशन के लिए किया जा रहा हो।

निष्कर्ष:

अंत में Dr. Brunda M S कहती हैं कि कारण और गंभीरता के आधार पर, डर्मेटोलॉजिस्ट त्वचा की बनावट और कोलेजन उत्पादन को बेहतर बनाने के लिए इलाज के तरीकों पर चर्चा कर सकते हैं। बचाव भी उतना ही जरूरी है। लगातार धूप से बचाव, धूम्रपान से परहेज, अच्छा पोषण और सही स्किनकेयर का इस्तेमाल लंबे समय तक त्वचा की संरचना को सुरक्षित रखने में मदद कर सकता है।

FAQ

  • क्या खाने से चेहरा टाइट होता है?

    अगर आप विटामिन सी और एंटी ऑक्सीडेंट से भरपूर चीजों को खाएं तो कोलेजन बढ़ सकता है। इसके अलावा प्रोटीन से भरपूर चीजें भी स्किन टाइटनिंग में मददगार है।
  • कौन सा तेल लगाने से स्किन टाइट होती है?

    नारियल तेल को स्किन पर लगाने से स्किन की टाइटनिंग में मदद मिल सकती है। इसके अलावा आप घी में केसर मिलाकर स्किन की मालिश कर सकते हैं जिससे त्वचा टाइटनिंग में मदद मिल सकती है।

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Pallavi Kumari

चीफ सब-एडिटर

पल्लवी,  हेल्थ और लाइफस्टाइल पत्रकारिता में करीब 8 साल का अनुभव रखती हैं। शुरुआती कई सालों तक All India Radio में सक्रिय रहीं, फिर विभिन्न वेब पोर्ट्ल्स जैसे TheHealthsite, Indiatv और Jansatta के लिए हेल्थ, लाइफस्टाइल, धर्म, स्त्री विमर्श और साहित्य से जुड़े विषयों पर खूब लिखा और संपादन किया। फिलहाल ओनलीमायहेल्थ में चीफ सब एडिटर के पद पर रहते हुए ये हेल्थ और लाइफस्टाइल से जुड़े गंभीर विषयों को आमजन की सरल-सहज भाषा में परोसने का काम कर रही हैं। इन लेखों को विश्वसनीय और तथ्यपरक बनाने के लिए ये न सिर्फ विषयों पर गहन शोध करती हैं बल्कि, एक्सपर्ट्स और डॉक्टर्स से बात भी करती हैं। Editorial Policy: पल्लवी द्वारा लिखे गए सभी लेखों की हमारी संपादकीय टीम द्वारा तथ्य-जांच की जाती है और आवश्यकता पड़ने पर संबंधित विषय विशेषज्ञों द्वारा समीक्षा की जाती है।

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    Oct 07, 2026 12:48 IST

    Published By : Pallavi Kumari
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