जैसे ही मौसम ठंडा होने लगता है, शरीर का ब्लड सर्कुलेशन कम हो जाता है, जोड़ों में अकड़न की समस्या बढ़ती है और घुटनों का दर्द परेशान करने लगता है। ऐसी स्थिति में कुछ पुराने घरेलू उपचार हैं जो बेहद कारगर तरीके से काम करते हैं। इन्हीं में से एक है महुआ का रस, जिसे लगाना आपके जोड़ों के दर्द और सूजन को कम करता है। दरअसल, महुआ के फूलों में एंटी इंफ्लेमेटरी गुण होता है जो कि जोड़ों में अकड़न और दर्द को कम करने में मदद कर सकता है। इसके अलावा भी इसके कई फायदे हैं, जानते हैं हरियाणा के सिरसा स्थित रामहंस चैरिटेबल हॉस्पिटल के आयुर्वेदिक डॉ. श्रेय शर्मा से।
घुटनों के दर्द में महुआ का रस कैसे काम करता है?
डॉ. श्रेय शर्मा कहते हैं कि महुआ के छाल का रस हमेशा से गठिया के मरीजों के लिए फायदेमंद माना गया है। हालांकि, इसके फूलों का रस या कहें कि इसका अर्क भी घुटनों के दर्द के मरीजों के लिए फायेदमंद हो सकता है। यह मसल रिलैक्सेंट का काम करता है, जिससे दर्द में कमी आती है। इसके अलावा महुआ के पत्तों का उपयोग गठिया में सूजन के उपचार में अत्यंत प्रभावी माना जाता है और इस दौरान आप इसका इस्तेमाल कर सकते हैं।
महुआ के रस का उपयोग करने की सही विधि
महुआ के रस का उपयोग करने की सही विधि की बात करें तो आपको गांव में इसका बना बनाया रस मिल सकता है या आप महुआ का तेल खरीदकर इस्तेमाल कर सकते हैं। हालांकि, अगर उपलब्ध हो तो कुछ मात्रा में महुआ के फूल, पत्तियों और छाल को इक्ट्ठा करके पीस लें और इसका रस दर्द वाली जगह पर गर्म करके लगाएं।
इसे भी पढ़ें: घुटनों में दर्द है, लेकिन एक्स-रे नॉर्मल है? डॉक्टर से जानें इसके पीछे की वजह
महुआ के रस को लगाने का सही समय
डॉ. श्रेय शर्मा कहते हैं कि देखिए अगर आपको कहीं दर्द हो रहा है तो ज्यादातर चीजों को रात में लगाना ज्यादा फायदेमंद हो सकता है क्योंकि उसे श्रेत्र पर काम करने का मौका मिलता है। इसलिए आपको महुआ के फूलों, छाल और पत्तियों का अर्क रात में ही लगाना चाहिए।
क्या महुआ का रस सभी प्रकार के घुटनों के दर्द में प्रभावी है
नहीं, डॉ. श्रेय शर्मा कहते हैं कि महुआ का रस सभी प्रकार के घुटने के दर्द में प्रभावी नहीं है जैसे कि अगर आपके जोड़ों में नमी की कमी से दर्द है तो आपको इसके इस्तेमाल से कोई फायदा नहीं मिलेगा। ऐसे में आपको डॉक्टर की मदद लेनी चाहिए।
महुआ के उपयोग से जुड़ी जरूरी सावधानियां और टिप्स
डॉ. श्रेय शर्मा कहते हैं कि अगर आपकी कोई भी दवा चल रही है तो आपको पहले अपने डॉक्टर से पूछकर ही इसका उपयोग करना चाहिए। अगर आप इसे लगा रहे हैं तो पैच टेस्ट करना जरूरी है नहीं तो आपको अगर आपको कोई एलर्जी है या रिएक्शन है तो इसका पता नहीं चलेगा और बाद में दिक्कत हो सकती है।
इसे भी पढ़ें: घुटने के दर्द में कितना कारगर है हल्दी, काली मिर्च और अदरक का कॉम्बिनेशन? जानें डाइट में कैसे करें शामिल
क्या कहती है स्टडी?
International Journal of Pharmacology and Pharmaceutical Research की मानें, तो महुआ के पेड़ (मधुका इंडिका) के फूलों को किण्वित (ferment) करके बनाई जाने वाली पारंपरिक महुआ वाइन, अपने समृद्ध पोषण और बायोएक्टिव तत्वों के कारण कई स्वास्थ्य लाभ प्रदान करती है। इस वाइन में मौजूद पॉलीफेनोल्स, फ्लेवोनोइड्स और टैनिन जैसे एंटीऑक्सीडेंट, ऑक्सीडेटिव स्ट्रेस से लड़ने में मदद करते हैं और हृदय रोगों तथा तंत्रिका संबंधी (neurological) बीमारियों जैसी पुरानी बीमारियों के जोखिम को कम करते हैं। यह महुआ वाइन सूजन के पारंपरिक उपचार में भी सहायक है और इसलिए जोड़ों के दर्द में इसका इस्तेमाल किया जा सकता है।
निष्कर्ष:
अंत में डॉ. श्रेय कहते हैं कि महुआ का इस्तेमाल कोई मेडिकल उपाय नहीं है। जोड़ों में दर्द की समस्या, हर किसी को अलग-अलग कारणों से हो सकती है और अर्थराइटिस, ऑस्टियोआर्थराइटिस और दूसरी बीमारियों से जुड़ी हो सकती है। यह उपाय कुछ लोगों के लिए शायद काम करे, लेकिन कुछ लोगों के लिए यह बिलकुल भी नहीं काम करेगा। दरअसल, किसी भी बीमारी के सही इलाज के लिए जरूरी है कि आप पहले बीमारी का पता लगाएं, कारणों का पता लगाएं और फिर अपना इलाज करवाएं। इसके साथ घरेलू उपचार की मदद लेना ज्यादा मददगार साबित हो सकता है।
FAQ
जोड़ों के दर्द से तुरंत राहत कैसे पाएं?
जोड़ों के दर्द से तुरंत राहत पाने के लिए आप बर्फ की सिकाई कर सकते हैं जो कि कुछ देर के लिए उस जगह को सुन्न कर देते हैं जिससे दर्द महसूस नहीं होता।कौन से विटामिन की कमी से जोड़ों में दर्द होता है?
विटामिन बी12 और विटामिन डी जोड़ों के दर्द को कम करने में मदद कर सकती है। हालांकि, बिना एक्सपर्ट से सलाह लिए अपने मन से इनका सेवन न करें।
इस जानकारी की सटीकता, समयबद्धता और वास्तविकता सुनिश्चित करने का हर सम्भव प्रयास किया गया है हालांकि इसकी नैतिक जि़म्मेदारी ओन्लीमायहेल्थ डॉट कॉम की नहीं है। हमारा आपसे विनम्र निवेदन है कि किसी भी उपाय को आजमाने से पहले अपने चिकित्सक से अवश्य संपर्क करें। हमारा उद्देश्य आपको जानकारी मुहैया कराना मात्र है।
How we keep this article up to date:
We work with experts and keep a close eye on the latest in health and wellness. Whenever there is a new research or helpful information, we update our articles with accurate and useful advice.
-
Current Version
Oct 20, 2026 21:31 IST
Published By : Pallavi Kumari
Reviewed By : Dr Shrey Sharma
-1792511737025.webp)