Fri Sep 11, 2026 | 06:53 PM IST

Medically Reviewed by Dr Deepak Joshi , Ayurveda Expert

हड्डियों में दर्द होने पर पिप्पली का पानी कितना कारगर? आयुर्वेदिक एक्सपर्ट से जानें

Joint pain in winter remedies: पिप्पली का पानी एंटी इंफ्लेमेटरी गुणों से भरपूर है जो कि जोड़ों में दर्द को कम करने के साथ सेहत के लिए कई प्रकार से फायदेमंद है। आइए, जानते हैं इस बारे में आयुर्वेदिक डॉक्टर की राय। 

Joint pain in winter remedies: सर्दियों की शुरुआत के साथ शरीर दर्द की समस्या परेशान करने लगती है। ज्यादातर लोग हड्डियों और जोड़ों के दर्द से परेशान रहते हैं और सुबह से ही ये दिक्कतें परेशान करने लगती हैं। दरअसल, सर्द हवाओं के साथ ब्लड सर्कुलेशन स्लो पड़ने लगता है और हड्डियों व जोड़ों में नमी की कमी होने लगती है जिससे खिंचाव होता है, घर्षण बढ़ता है और दर्द परेशान करने लगता है। ऐसे में आपको सबसे पहले तो उन चीजों को करना चाहिए जो कि ब्लड सर्कुलेशन को तेज करने के साथ हड्डियों में गर्मी पैदा करे जिससे दर्द और घर्षण में कमी आए। ऐसे में गर्म चीजों का सेवन मददगार हो सकता है लेकिन क्या पिप्पली का पानी इस स्थिति में मददगार हो सकता है? आइए जानते हैं इस बारे में डॉ. दीपक जोशी आयुर्वेद एक्सपर्ट प्रवेक कल्प से।

हड्डियों में दर्द होने पर पिप्पली का पानी कितना कारगर?

डॉ. दीपक जोशी बताते हैं कि हड्डियों में दर्द होने पर पिप्पली का पानी पीना बेहद कारगर है। डॉक्टर बताते हैं कि हड्डियों और जोड़ों में दर्द की समस्या आजकल गलत खानपान, बढ़ती उम्र, वात दोष के बढ़ने और शारीरिक कमजोरी के कारण आम होती जा रही है। ऐसे में पिप्पली (लंबी मिर्च) का पानी एक सहायक घरेलू उपाय के रूप में उपयोगी माना जाता है क्यों इसके पीछे कई कारण है। जैसे कि

वात और कफ दोष को संतुलित करने वाला

डॉ. दीपक बताते हैं कि आयुर्वेद में पिप्पली को वात और कफ दोष को संतुलित करने वाली औषधि बताया गया है। दरअसल, इन दोनों दोषों का असंतुलन हड्डियों और जोड़ों के दर्द का कारण बन सकता है। ऐसे में जब आप पिप्पली ता पानी पीते हैं तो ये दोनों को बैलेंस करने के साथ हड्डियों के दर्द को कम करने में मदद करता है।

इसे भी पढ़ें: अदरक, काली मिर्च, पिप्पली और मुलेठी को पानी में उबालकर पीने से क्या होता है? डॉक्टर से जानें

सूजन कम करने वाला

हड्डियों में दर्द सिर्फ ठंड की वजह से ही नहीं होती बल्कि इसके पीछे कई कारण हैं जैसे कि आपके शरीर के डाइजेशन का खराब होना जो कि सूजन को ट्रिगर करता है। इतना ही नहीं जब आपका डाइजेशन सही नहीं होता तो चाहकर भी आपकी हड्डियों को पोषण नहीं मिल पाता क्योंकि खराब पाचन की वजह से शरीर जरूरी विटामिन और कैल्शियम को अवशोषित नहीं कर पाता। ऐसे में पिप्पली में सूजन कम करने और शरीर की पाचन शक्ति को मजबूत करने वाले गुण होते हैं, जिससे पोषक तत्व बेहतर तरीके से अवशोषित होते हैं और हड्डियों को मजबूती मिलती है। इससे सूजन में कमी आती है और हड्डियों के दर्द में कमी आती है।

pippali water for bone pain

अकड़न कम करने वाला

पिप्पली का गुनगुना पानी शरीर में सूजन कम करने के साथ शरीर में गर्मी बढ़ाने का काम और अकड़न को कम करने में मदद कर सकता है, खासकर सुबह खाली पेट सीमित मात्रा में लेने पर। इससे ब्लड सर्कुलेशन में तेजी आती है और शरीर दर्द कम होने लगता है जिससे व्यक्ति बेहतर महसूस करता है।

इसे भी पढ़ें: घुटनों का दर्द ठीक करने के लिए कैसे करें अरंडी के तेल (कैस्टर ऑयल) का प्रयोग?

कब और कैसे करें पिप्पली के पानी का सेवन?

पिप्पली के पानी का सेवन आप सुबह खाली पेट या फिर शाम के समय कर सकते हैं। आपको करना ये है कि पिप्पली को पानी में डालकर उबाल लें और फिर इसे छान लें। आप इसमें थोड़ा सा टेस्ट लाने के लिए सेंधा नमक या काला नमक भी मिला सकते हैं जिससे इसे पीना आपके लिए आसान हो जाएगा।

हालांकि, यह किसी दवा का विकल्प नहीं है। ज्यादा मात्रा में पिपली लेने से पेट में जलन, एसिडिटी या गर्मी की समस्या हो सकती है। इसलिए गठिया, गंभीर हड्डी रोग, गर्भवती महिलाएं या पहले से दवाएं ले रहे मरीज इसे अपनाने से पहले डॉक्टर या आयुर्वेदिक विशेषज्ञ से सलाह जरूर लें। संतुलित डाइट, कैल्शियम, विटामिन डी और नियमित हल्का व्यायाम भी हड्डियों के दर्द में उतना ही जरूरी है।

FAQ

  • मेरे जोड़ों में अचानक दर्द क्यों होता है?

    अचानक से जोड़ों में दर्द यूंही परेशान नहीं करती है। अगर आपको रुमेटीइड गठिया और ऑस्टियोआर्थराइटिस की बीमारी है तो इसके लक्षण के रूप में अचानक से जोड़ों में दर्द हो सकता है। इसके अलावा अगर आपके जोड़ों में सूजन है तो दर्द हो सकता है। 
  • जोड़ों के दर्द से कैसे बचें?

    जोड़ों के दर्द से परेशान हैं तो डाइट में उन चीजों को शामिल करें जो कि ब्लड सर्कुलेशन को तेज करने के साथ दर्द कम करने वाला है। ऐसे में आप एंटी इंफ्लेमेटरी हल्दी, लौंग और इस तरह की गर्म जड़ी बूटियों को ले सकते हैं। 
  • रात में जोड़ों में दर्द क्यों होता है?

    रात में जोड़ों का दर्द परेशान करने पीछे असली कारण है ब्लड सर्कुलेशन का स्लो होना जिससे अकड़न की समस्या बढ़ जाती है और जोड़ों का दर्द ट्रिगर करने लगता है।

Read Next

हेल्थ के साथ-साथ बालों को शाइनी बनाता है खजूर के बीजों का तेल, आयुर्वेदाचार्य से जानें फायदे

Disclaimer

इस जानकारी की सटीकता, समयबद्धता और वास्तविकता सुनिश्चित करने का हर सम्भव प्रयास किया गया है हालांकि इसकी नैतिक जि़म्मेदारी ओन्लीमायहेल्थ डॉट कॉम की नहीं है। हमारा आपसे विनम्र निवेदन है कि किसी भी उपाय को आजमाने से पहले अपने चिकित्सक से अवश्य संपर्क करें। हमारा उद्देश्य आपको जानकारी मुहैया कराना मात्र है।

Pallavi Kumari

Pallavi Kumari

चीफ सब-एडिटर

पल्लवी,  हेल्थ और लाइफस्टाइल पत्रकारिता में करीब 8 साल का अनुभव रखती हैं। शुरुआती कई सालों तक All India Radio में सक्रिय रहीं, फिर विभिन्न वेब पोर्ट्ल्स जैसे TheHealthsite, Indiatv और Jansatta के लिए हेल्थ, लाइफस्टाइल, धर्म, स्त्री विमर्श और साहित्य से जुड़े विषयों पर खूब लिखा और संपादन किया। फिलहाल ओनलीमायहेल्थ में चीफ सब एडिटर के पद पर रहते हुए ये हेल्थ और लाइफस्टाइल से जुड़े गंभीर विषयों को आमजन की सरल-सहज भाषा में परोसने का काम कर रही हैं। इन लेखों को विश्वसनीय और तथ्यपरक बनाने के लिए ये न सिर्फ विषयों पर गहन शोध करती हैं बल्कि, एक्सपर्ट्स और डॉक्टर्स से बात भी करती हैं। Editorial Policy: पल्लवी द्वारा लिखे गए सभी लेखों की हमारी संपादकीय टीम द्वारा तथ्य-जांच की जाती है और आवश्यकता पड़ने पर संबंधित विषय विशेषज्ञों द्वारा समीक्षा की जाती है।

Read More..

How we keep this article up to date:

We work with experts and keep a close eye on the latest in health and wellness. Whenever there is a new research or helpful information, we update our articles with accurate and useful advice.

  • Current Version

    Dec 18, 2025 14:12 IST

    Modified By : Pallavi Kumari
  • Dec 18, 2025 14:12 IST

    Published By : Pallavi Kumari
    Reviewed By : Dr Deepak Joshi

Medically reviewed content
200+ medical reviewers in network
17 Years of Trusted Health Content
Medically reviewed content
200+ medical reviewers in network
17 Years of Trusted Health Content
Medically reviewed content
200+ medical reviewers in network
17 Years of Trusted Health Content