दांतों पर लगी कैविटी को नजरअंदाज करने से हो सकती है कई अन्य परेशानियां

दांतों की सही तरह से सफाई न करने से उनमें कैविटी होने लगती है और ये आगे चलकर दांतों की कई समस्याओं का मुख्य कारण बनती हैं। 

 
Vikas Arya
Written by: Vikas AryaUpdated at: Jan 25, 2023 19:38 IST
दांतों पर लगी कैविटी को नजरअंदाज करने से हो सकती है कई अन्य परेशानियां

दांत आपकी मुस्कान को खूबसूरत बनाने के साथ ही आपके भोजन को चबाने का महत्वपूर्ण कार्य करते हैं। आपको बता दें कि पाचन क्रिया का ये सबसे पहला कार्य होता है, इसके बाद पाचन क्रिया का अगला चरण होता है। लोग अपनी बाहरी खूबसूरती पर तो पूरा ध्यान देते हैं परंतु वह दांतों की स्वच्छता और सेहत पर ध्यान देना भूल जाते हैं। जिसकी वजह से उनके दांतों पर धीरे-धीरे कैविटी जमा होने लगती है। कैविटी लगना आपके दांतों की समस्या के शुरू होने का पहला संकेत होता है। यदि आप इस संकेत को अनदेखा करते हैं तो आगे चलकर आपको दांतों की कई समस्याओ का सामना करना पड़ सकता है। आज आपको इस लेख में हम दांतों की कैविटी से होने वाली कुछ समस्याओं के बारे में बता रहे हैं।  

दांतों में कैविटी क्यों होती है? 

दरअसल जब आप किसी चिपचिप चीज को खाते हैंं तो इसे एक विशेष तरह का एसिड बनता है। जब दांतों पर ये एसिड बनता है तो इससे कैविटी का निर्माण होने लगता है। कैविटी शुरू में तो हल्के भूरे रंग की होती है लेकिन लंबे समय तक यदि इसका इलाज न किया जाए तो ये काले रंग के निशान की तरह दांतों पर दिखने लगती है। इससे दांतों पर दर्द होने लगता है।  

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कैविटी को नजरअंदाज करने से क्या होता है? 

कैविटी को नजरअंदाज नहीं करना चाहिए। इससे दांतों की कई तरह की समस्याएं उत्पन्न हो सकती है। इस समस्या पर ध्यान न देने से व्यक्ति को रूट कैनाल तक की नौबत आ जाती है।  

दांतों में सड़न  

कैविटी को लंबे समय तक नजरअंदाज करने से आपके दांतों में सड़न होने लगती है और दांत समय से पहले ही खराब होने लगते हैं। इस स्थिति में दांतों में तेज दर्द होने लगता है और व्यक्ति को कुछ भी खाने में परेशानी होने लगती है।  

दांतों में इंफेक्शन होना 

दांतों की सड़न दांतो व मसूड़ों में संक्रमण पैदा कर सकती है। दांंतों में बैक्टीरिया इसके आसपास मौजूद जीवित कोशिकाओं को नष्ट करने लगता है। यदि ये क्षति निरंतर हो रही है तो आपको तुरंत डॉक्टर से मिलकर रूट कैनाल की जरूरत हो सकती है। इसमें व्यक्ति को सूजन की समस्या भी हो सकती है।  

दांत निकालना 

दांतों में कैविटी होने पर यदि रूट कैनाल की सलाह नहीं दी जाती है, तो दांत निकाला पड़ सकता है। दांतों में कैविटी होने पर दांत धीरे-धीरे खत्म होने लगता है, लेकिन लंबे समय तक इसका इलाज न करने पर दांत समय से पहले ही टूटने लगते हैं।  

मसूड़े का रोग  

दांतों की कैविटी से मसूड़ों के संक्रमण की संभावना बढ़ जाती है। कैविटी के बाद मसूड़े पहले की अपेक्षा संवेदनशील हो जाते हैं। ऐसे में जब आप सुबह ब्रश करते हैं तो मसूड़ों से खून आने लगता है व इनमें सूजन होने लगती है। इस समस्या को कम करने के लिए आप डॉक्टर के पास जाएं।  

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मुंह में छालोंं की समस्या होना  

दांतों में कैविटी होने पर व्यक्ति को मुंह में छालों की समस्या हो सकती है। इस समस्या में व्यक्ति को कुछ भी खाने में समस्या होने लगती है। छालों को दूर करने के लिए डॉक्टर मुंह की स्वच्छता के लिए कुछ दवाएं दे सकते हैं। इससे छाले तो कम हो जाएंगे लेकिन आपको जल्द ही कैविटी का भी इलाज कराना होता है।  

आज के समय में अधिकतर लोगों को कैविटी की समस्या है। ये समस्या हमारी ही खराब आदतों की वजह से उत्पन्न होती है। इसे दूर करने के लिए हमें डॉक्टर से मिलना चाहिए। साथ ही समय-समय पर दांतों की नियमित जांच कराते रहना चाहिए।  

 
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