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डायबिटीज मरीजों को रहता है दिल की बीमारियों का भी खतरा, बचाव के लिए रखें इन 6 बातों का ध्यान

डायबिटीज के मरीजों को दिल से जुड़ी गंभीर बीमारियों का खतरा रहता है, जानें इस खतरे को कम करने के लिए जरूरी टिप्स के बारे में।

Prins Bahadur Singh
Written by: Prins Bahadur SinghUpdated at: Nov 02, 2021 13:37 IST
डायबिटीज मरीजों को रहता है दिल की बीमारियों का भी खतरा, बचाव के लिए रखें इन 6 बातों का ध्यान

असंतुलित खानपान और जीवनशैली के कारण आज के समय में लोगों में तमाम बीमारियां पनप रही हैं। डायबिटीज की समस्या भी खानपान और जीवनशैली से जुड़ी खराब आदतों के कारण हो सकती है। डायबिटीज के रोगियों को डाइट और जीवनशैली का विशेष ध्यान रखना होता है। डायबिटीज या मधुमेह की समस्या में अगर मरीज ब्लड शुगर लेवल को कंट्रोल में नहीं रखते हैं तो इसकी वजह से कई गंभीर समस्याओं का सामना करना पड़ता है। डायबिटीज के मरीजों में दिल की बीमारियों का खतरा भी ज्यादा रहता है। ऐसे मरीज जो डायबिटीज की समस्या से पीड़ित हैं और उनका ब्लड शुगर लेवल हमेशा अनियंत्रित रहता है उन्हें कार्डियोवैस्कुलर डिजीज और कोरोनरी आर्टरी डिजीज का खतरा ज्यादा रहता है। खराब डाइट और सुस्त जीवनशैली के कारण यह खतरा तेजी से बढ़ता है। डायबिटीज के मरीजों को हमेशा डाइट, जीवनशैली और दवाओं के सेवन से जुड़ी कुछ अहम बातों का ध्यान जरूर रखना चाहिए। डायबिटीज के मरीजों को दिल की बीमारियों के खतरे को कम करने के लिए इन बातों का ध्यान जरूर रखना चाहिए।

डायबिटीज के मरीजों के लिए दिल की बीमारियों से बचाव के टिप्स (Do's And Don'ts For Diabetics To Protect Heart Health)

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विश्व स्वास्थ्य संगठन के एक आंकड़े के मुताबिक भारत में स्ट्रोक और हार्ट डिजीज से होने वाली कुल मौतें का पांचवां हिस्सा युवाओं का है। हर साल लगभग 30 लाख लोगों की मौत दुनियाभर में दिल से जुड़ी गंभीर बीमारियों के कारण होती है। जिसमें भारत के लोगों का भी अहम योगदान होता है। ज्यादातर लोग जिन्हें हार्ट स्ट्रोक और हार्ट अटैक जैसी गंभीर समस्याएं हो रही हैं उनमें से 40 प्रतिशत लोगों की उम्र 55 साल से कम की रहती है। लखनऊ के मशहूर कार्डियोलॉजिस्ट डॉ अभिषेक शुक्ला के मुताबिक डायबिटीज के मरीजों में जब ब्लड शुगर के स्तर में बदलाव होते हैं तो इसकी वजह से उनका ब्लड प्रेशर भी असंतुलित होता है। इसकी वजह से उनके शरीर की छोटी रक्त वाहिकाओं (ब्लड वेसेल्स) को नुकसान होता है। अमेरिकन हार्ट एसोसिएशन के एक आंकड़े के मुताबिक सिर्फ अमेरिका में ही डायबिटीज से पीड़ित लगभग 45 प्रतिशत मरीजों में दिल से जुड़ी गंभीर बीमारियां होती हैं। वहीं अन्य लोगों में भी इसका खतरा बना रहता है। इए मरीज जिन्हें डायबिटीज की बीमारी है उन्हें दिल की बीमारियों से बचाव के लिए इन बातों का ध्यान जरूर रखना चाहिए।

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1. डायबिटीज के मरीजों को नहीं करना चाहिए धूम्रपान

टाइप 2 डायबिटीज की समस्या से ग्रसित मरीजों में धूम्रपान कोरोनरी आर्टरी डिजीज का कारण बनता है। डायबिटीज के मरीज जो धूम्रपान करते हैं उन्हें दिल से जुड़ी इन बीमारियों का खतरा रहता है।

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2. कोलेस्ट्रॉल को रखें नियंत्रित

डायबिटीज के मरीजों को कोलेस्ट्रॉल का नियंत्रण जरूर करना चाहिए। शरीर में कोलेस्ट्रॉल की मात्रा बढ़ने पर आपको दिल से जुड़ी बीमारियों का खतरा रहता है। हाई कोलेस्ट्रॉल के कारण हार्ट अटैक और स्ट्रोक आदि का भी खतरा रहता है। ऐसे में डायबिटीज के मरीजों को कोलेस्ट्रॉल का विशेष ध्यान रखना चाहिए। संतुलित खानपान और जीवनशैली में सुधार करने से आप डायबिटीज से ग्रसित होने के बावजूद कोलेस्ट्रॉल का नियंत्रण कर सकते हैं। डायबिटीज के मरीजों में कोलेस्ट्रॉल की मात्रा ज्यादा होने पर रक्त वाहिकाओं को गंभीर नुकसान होता है। 

3. फाइबर का सेवन बढाएं

डायबिटीज के मरीजों को दिल से जुड़ी गंभीर बीमारियों के खतरे को कम करने के लिए खानपान से जुड़ी आदतों में बदलाव जरूर करना चाहिए। दिल को हेल्दी रखने के लिए फाइबर का सेवन बहुत महत्वपूर्ण है इसलिए मरीजों को फाइबर का सेवन जरूर करना चाहिए। फाइबर की उचित मात्रा वाले भोजन का सेवन करने से आप ब्लड शुगर के स्तर में सुधार कर सकते हैं। इसके अलावा फाइबर आपको ब्लड शुगर स्पाइक से बचाने में भी फायदेमंद हो सकता है। हाई फाइबर फूड्स का सेवन आपको न सिर्फ दिल की बीमारियों से दूर रखने में फायदेमंद है बल्कि इसका सेवन डायबिटीज की समस्या को कम करने में भी फायदेमंद होता है। फाइबर की पर्याप्त मात्रा के लिए आप साबुत अनाज और रेशे वाले फल का सेवन कर सकते हैं।

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4. डायबिटीज प्रबंधन के लिए रूटीन बनाएं

डायबिटीज की समस्या से ग्रसित मरीजों को खुद की सेहत की देखभाल करने के लिए एक रूटीन तैयार करना चाहिए। ऐसे मरीज जिनका ब्लड शुगर अनियंत्रित है उन्हें खानपान, जीवनशैली और शारीरिक गतिविधियों का विशेष ध्यान रखना चाहिए। स्वस्थ और संतुलित भोजन और रोजाना शारीरिक गतिविधि करने से आप डायबिटीज की समस्या से बचाव कर सकते हैं। इसके अलावा नियमित रूप से ब्लड शुगर के स्तर की जांच और समय-समय पर डॉक्टर से परामर्श करने से आप इस बीमारी में खुद का सही ढंग से ख्याल रख सकते हैं।

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5. ओमेगा -3 फैटी एसिड की पर्याप्त मात्रा का सेवन करें

डायबिटीज के मरीजों को दिल की बीमारियों से बचाव करने के लिए ओमेगा - 3 फैटी एसिड की पर्याप्त मात्रा वाले फूड्स का सेवन करना चाहिए। ओमेगा 3 मुख्य रूप से तीन तरह की होती है: अल्फा-लिनोलेनिक एसिड (एएलए), ईकोसैपेंटाएनोइक एसिड (ईपीए) और डॉकोसाहेक्सेनोइक एसिड (डीएचए)। अल्फा-लिनोलेनिक एसिड (एएलए) को डायबिटीज की समस्या में बहुत जरूरी माना जाता है क्योंकि शरीर खुद से इसका निर्माण नहीं कर सकता है। यह पौधों में पाया जाता है और पर्याप्त मात्रा में इसका सेवन करने से दिल की बीमारियों के जोखिम को कम किया जा सकता है। इसके अलावा फ्लेक्स और चिया जैसे बीज, अखरोट, सोयाबीन और कैनोला ऑयल में भी पर्य्पट मात्रा में अल्फा-लिनोलेनिक एसिड (एएलए) पाया जाता है। ईपीए और डीएचए दोनों का सबसे आम खाद्य स्रोत फैटी मछली हैं। ईपीए और डीएचए को भी दिल की सेहत के लिए बहुत फायदेमंद माना जाता है। ईपीए और डीएचए दोनों फैटी मछली जैसे सैल्मन, टूना आदि में पाए जाते हैं।

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6. अनहेल्दी फूड्स के सेवन से बचें

डायबिटीज के मरीजों को दिल की बीमारियों के जोखिम को कम करने के लिए अनहेल्दी फूड्स के सेवन से बचना चाहिए। खानपान डायबिटीज और हार्ट डिजीज में बहुत बड़ी भूमिका निभाते हैं। डायबिटीज के मरीजों को अधिक मात्रा में शक्कर, नमक, सैचुरेटेड फैट, ट्रांसफैट और प्रोसेस्ड फूड का सेवन नहीं करना चाहिए। इस फूड्स के सेवन से कोरोनरी हार्ट डिजीज और कार्डियोवैस्कुलर डिजीज का खतरा ज्यादा रहता है।

हार्ट डिजीज से बचाव के टिप्स (Heart Disease Prevention Tips)

असंतुलित खानपान और बदलती जीवनशैली के कारण ज्यादातर भारतीय आबादी दिल से जुड़ी गंभीर बीमारियों का शिकार हो रही है। इससे बचाव के लिए आपको इन बातों का ध्यान रखना चाहिए।

  • तनाव और चिंता की समस्या बढ़ने पर एक्सपर्ट डॉक्टर से इलाज जरूर कराएं।
  • खानपान और लाइफस्टाइल में बदलाव करें।
  • अल्कोहल के सेवन से बचें।
  • स्मोकिंग की लत को छोड़ें।
  • जंक फूड्स या प्रोसेस्ड फूड का सेवन न करें।
  • चीनी और साल्ट के सेवन से भी परहेज रखें।
  • हार्ट के लिए फायदेमंद ताजे फल और सब्जियों का सेवन करें।
  • रोजाना एक्सरसाइज या योग जरूर करें।
  • सकारात्मक दृष्टिकोण (पॉजिटिव थिंकिंग) बनाए रखें, इससे स्ट्रेस को दूर करने में फायदा मिलेगा।
  • लक्षण दिखने पर लापरवाही न बरतें।
  • समय-समय पर हार्ट हेल्थ की जांच कराएं।

डायबिटीज की समस्या खानपान और खराब जीवनशैली से जुड़ी हुई है। इस समस्या में मरीजों को खानपान और लाइफस्टाइल से जुड़ी आदतों में बदलाव करना चाहिए। नियमित रूप से ब्लड शुगर की जांच और डॉक्टर के परामर्श से आप इस समस्या को कंट्रोल कर सकते हैं। दिल से जुड़ी बीमारियों के जोखिम को कम करने के लिए आपको ऊपर बताई गयी बातों का ध्यान जरूर रखना चाहिए।

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