Fri Sep 11, 2026 | 09:14 PM IST

Doctor Verified

बकरे का मटन खाने से कोलेस्ट्रॉल बढ़ता है क्या? एक्सपर्ट से जानें

Goat meat high cholesterol: हम में से बहुत से लोग बकरे का मीट खाना ज्यादा पसंद करते हैं और उन्हें ये चिकन और मछली की तुलना ज्यादा पसंद होता है। ऐसे में जानते हैं डाइट एक्सपर्ट से कि क्या बकरे का मटन खाने से कोलेस्ट्रॉल बढ़ता है?

Goat meat high cholesterol: नॉन वेज कई प्रकार होता है और हर कोई नॉनवेज में अलग-अलग चीजों को पसंद करता है। किसी को मछली खाना ज्यादा पसंद होता है तो किसी को चिकन का टेस्ट ज्यादा अच्छा लगता है लेकिन कुछ ऐसे लोग भी हैं जो कि बकरे का मीट खाना ज्यादा पसंद करते हैं। ऐसे लोग जहां भी जाते हैं वे बिरयानी से अलग-अलग नॉन वेज रेसिपी में बकरे के मीट से बनी चीजों का चुनाव करते हैं। ऐसे ही लोगों का अक्सर सवाल आता है कि क्या बकरे का मटन खाने से हाई कोलेस्ट्रॉल की समस्या हो सकती है। जो लोग इसे खाना पसंद करते हैं उनमें ये कोलेस्ट्रॉल बढ़ाने के साथ दिल की बीमारियों का कारण बन सकती है? इस बारे में सही राय लेने के लिए हमने Ms. Edwina Raj, Head of Services - Clinical Nutrition & Dietetics, Aster CMI Hospital, Bangalore से बात की।

बकरे का मटन खाने से कोलेस्ट्रॉल बढ़ता है क्या-Does eating goat meat increase cholesterol in hindi?

Nutritionist Ms. Edwina Raj बताती हैं कि बकरे का मांस कम मात्रा में खाने से आमतौर पर कोलेस्ट्रॉल ज्यादा नहीं बढ़ता (goat meat in small amounts does not usually increase cholesterol) क्योंकि इसमें बीफ या पोर्क की तुलना में कम संतृप्त वसा होती है। इतना ही नहीं, आपको इसे खाने से सेहत से जुड़े कई फायदे भी हो सकते हैं।

Goat meat high cholesterol

इसे भी पढ़ें: कोलेस्ट्रॉल के स्तर को नेचुरली कम करने में मदद करती हैं ये पत्तियां

बकरे का मटन खाने के फायदे-Goat meat benefits for health

बकरे का मटन प्रोटीन, आयरन और विटामिन बी12 का अच्छा स्रोत है, जो मांसपेशियों के निर्माण और रक्त स्वास्थ्य में सुधार में मदद करते हैं। बकरी के मांस में पोटैशियम और विटामिन बी जैसे आवश्यक पोषक तत्वों से भरपूर होता है, जो लाल रक्त कोशिकाओं के उत्पादन, तंत्रिका कार्य और दृष्टि के लिए जरूरी हैं। यह उच्च गुणवत्ता वाला प्रोटीन प्रदान करता है, जो हड्डियों को हेल्दी रखने के लिए जरूरी है। इसका लो फैट और हाई कैलोरी और प्रोटीन, इसे वजन प्रबंधन करने वालों के लिए एक अच्छा विकल्प बनाता है। इतना ही नहीं ये इम्यूनिटी बढ़ाने में भी मददगार है। 

इसे भी पढ़ें: क्या गॉल ब्लैडर निकालने से कोलेस्ट्रॉल का स्तर बढ़ सकता है? जानें क्या हैं इनका आपस में कनेक्शन

हालांकि, ज़्यादा मात्रा में खाने या घी या तेल में पकाने से कोलेस्ट्रॉल बढ़ सकता है और हृदय स्वास्थ्य को नुकसान पहुंच सकता है। विशेषज्ञों का कहना है कि बकरे का मांस हृदय-स्वस्थ आहार का हिस्सा हो सकता है अगर वह दुबला हो, चर्बी रहित होइसलिए तलने के बजाय ग्रिल, उबालकर या बेक करके खाना ज्यादा फायदेमंद है।

ध्यान दें कि हाई कोलेस्ट्रॉल वाले लोगों को लाल मांस को हफ्ते में एक या दो बार ही खाना चाहिए और बेहतर हृदय सुरक्षा के लिए उसे सब्जियों, साबुत अनाज और मछली के साथ संतुलित करना चाहिए। साथ ही ध्यान रखें कि कभी भी इसे ज्यादा मात्रा में न खाएं नहीं तो आपको पाचन से जुड़ी समस्या हो सकती है।

Read Next

क्या आप भी खाते हैं बहुत ज्यादा लहसुन? जान लें इसके 5 बड़े नुकसान

Disclaimer

इस जानकारी की सटीकता, समयबद्धता और वास्तविकता सुनिश्चित करने का हर सम्भव प्रयास किया गया है हालांकि इसकी नैतिक जि़म्मेदारी ओन्लीमायहेल्थ डॉट कॉम की नहीं है। हमारा आपसे विनम्र निवेदन है कि किसी भी उपाय को आजमाने से पहले अपने चिकित्सक से अवश्य संपर्क करें। हमारा उद्देश्य आपको जानकारी मुहैया कराना मात्र है।

Pallavi Kumari

Pallavi Kumari

चीफ सब-एडिटर

पल्लवी,  हेल्थ और लाइफस्टाइल पत्रकारिता में करीब 8 साल का अनुभव रखती हैं। शुरुआती कई सालों तक All India Radio में सक्रिय रहीं, फिर विभिन्न वेब पोर्ट्ल्स जैसे TheHealthsite, Indiatv और Jansatta के लिए हेल्थ, लाइफस्टाइल, धर्म, स्त्री विमर्श और साहित्य से जुड़े विषयों पर खूब लिखा और संपादन किया। फिलहाल ओनलीमायहेल्थ में चीफ सब एडिटर के पद पर रहते हुए ये हेल्थ और लाइफस्टाइल से जुड़े गंभीर विषयों को आमजन की सरल-सहज भाषा में परोसने का काम कर रही हैं। इन लेखों को विश्वसनीय और तथ्यपरक बनाने के लिए ये न सिर्फ विषयों पर गहन शोध करती हैं बल्कि, एक्सपर्ट्स और डॉक्टर्स से बात भी करती हैं। Editorial Policy: पल्लवी द्वारा लिखे गए सभी लेखों की हमारी संपादकीय टीम द्वारा तथ्य-जांच की जाती है और आवश्यकता पड़ने पर संबंधित विषय विशेषज्ञों द्वारा समीक्षा की जाती है।

Read More..

How we keep this article up to date:

We work with experts and keep a close eye on the latest in health and wellness. Whenever there is a new research or helpful information, we update our articles with accurate and useful advice.

  • Current Version

    Jan 01, 2026 17:33 IST

    Modified By : Anurag Gupta
  • Jan 01, 2026 17:33 IST

    Published By : Pallavi Kumari

Medically reviewed content
200+ medical reviewers in network
17 Years of Trusted Health Content
Medically reviewed content
200+ medical reviewers in network
17 Years of Trusted Health Content
Medically reviewed content
200+ medical reviewers in network
17 Years of Trusted Health Content