बच्चों के स्वास्थ्य को प्रभावित कर रही सोने में होने वाली दिक्कतें, जानें कैसे

जर्नल ऑफ प्रिवेंटिव मेडिसिन में प्रकाशित अध्ययन जब बात आपके बच्चे के स्वास्थ्य की आती है तो नींद की गुणवत्ता महत्व रखती है न कि आपका बच्चा कितने घंटे तक की नींद लेता है। 

Jitendra Gupta
Written by: Jitendra GuptaPublished at: Jun 06, 2019Updated at: Jun 06, 2019
 बच्चों के स्वास्थ्य को प्रभावित कर रही सोने में होने वाली दिक्कतें, जानें कैसे

जब बात आपके बच्चे के स्वास्थ्य की आती है तो नींद की गुणवत्ता महत्व रखती है न कि आपका बच्चा कितने घंटे तक की नींद लेता है। एक हालिया अध्ययन के मुताबिक,  रात की नींद से कई फायदे मिलते हैं, जिसमें आंखों का सुकुन भी शामिल है।

जर्नल ऑफ प्रिवेंटिव मेडिसिन में प्रकाशित अध्ययन के मुताबिक बच्चों के स्वास्थ्य को लेकर जब भी बात होती है तब सबसे पहले यही पूछा जाता है कि आपका बच्चा अच्छी नींद ले रहा है या नहीं। यहां उनका मतलब यह बिल्कुल नहीं कि आपका बच्चा कितने घंटे सो रहा है।   

गर्मी की छुट्टियां और लंबे दिन होने के कारण किशोरों के अभिभावक यह सोचते हैं कि अगले कुछ महीनों में उनके बच्चे की अच्छी नींद की आदतें बदल तो नहीं जाएंगी।

इसे भी पढ़ेंः रोजाना एक कप ब्लूबेरी खाने से दिल की बीमारियां नहीं फटकेंगी पास, जानें क्यों

जर्नल ऑफ प्रिवेंटिव मेडिसिन में प्रकाशित अध्ययन से सामने आया है कि लंबे अरसे तक खराब नींद लेना युवा छात्रों के बीच खराब स्वास्थ्य परिणामों से जुड़ा हुआ है।

अध्ययन के मुताबिक, वे बच्चे, जिन्हें नींद आने में कठनाई या बीच में उठने की आदत होती है उनका स्वास्थ्य ऐसा नहीं होने वालों की तुलना में ढाई गुना तक खराब दर्ज किया गया है। 

इसे भी पढ़ेंः शादी के लिए घोड़ी पर बैठने की है जल्दी तो हो जाइए सावधान, हो सकती हैं ये गंभीर समस्याएं

शोधकर्ताओं की टीम के मुताबिक, अगर इन किशोरों को सप्ताह में एक रात सोने में दिक्कत का सामना करना पड़ता है और ऐसा दो वर्षों से ज्यादा नियमित रूप से हो रहा है तो यह वास्तव में उनके पूरे स्वास्थ्य को प्रभावित करता हुआ प्रतीत होता है।

अध्ययन की लेखक एनालिज्न कोंकलिन ने कहा, ''इस अध्ययन से विशेषकर जो सबसे दिलचस्प चीज सामने आई है वह यह है कि लंबे अरसे तक सोने में परेशानी, खराब नींद गुणवत्ता और स्वास्थ्य परिणामों के बीच संबंध लड़कियों के मुकाबले लड़कों में ज्यादा मजबूत दिखाई दिए।''

Read More Articles On Health News in Hindi

Disclaimer