Doctor Verified

चारधाम यात्रा में श्रद्धालुओं की मौत का कारण बन रही हैं सेहत से जुड़ी ये गलतियां, जानें बचाव के उपाय

चारधाम यात्रा के दौरान 70 से ज्यादा श्रद्धालुओं की मौत हो चुकी है, जानें ऐसी यात्रा में किन बातों का ध्यान रखें और क्या सावधानियां बरतें?

Prins Bahadur Singh
Written by: Prins Bahadur SinghPublished at: Jun 09, 2022Updated at: Jun 09, 2022
चारधाम यात्रा में श्रद्धालुओं की मौत का कारण बन रही हैं सेहत से जुड़ी ये गलतियां, जानें बचाव के उपाय

हमारे देश में धार्मिक यात्राओं का बड़ा महत्त्व है और हर साल लाखों की संख्या में लोग अलग-अलग जगहों पर धार्मिक यात्राएं करते हैं। उत्तराखंड धार्मिक यात्रा के लिहाज से एक महत्वपूर्ण जगह है। इस साल की केदारनाथ धाम और अन्य चारधाम यात्रा शुरू होने के महीने भर से कम समय के भीतर 70 से ज्यादा श्रद्धालुओं की मौत हो चुकी है। जिस तरह से चारधाम यात्रा के दौरान श्रद्धालुओं की मौत हो रही है उसको लेकर सभी चिंतित हैं। अक्सर यह देखा गया है कि धार्मिक यात्राओं या पहाड़ी यात्रा पर जाने से पहले ज्यादातर लोग जरूरी एहतियात नहीं बरतते हैं। धर्म और आस्था के नाम पर लोग सेहत से जुड़ी बातों का विशेष ध्यान नहीं रखते हैं जिसके चलते उन्हें कई परेशानियां झेलनी पड़ सकती हैं। बीते साल कोरोना वायरस संक्रमण के चलते चारधाम यात्रा नहीं हुई थी लेकिन इस साल 3 मई से जब यह यात्रा शुरू हुई तो लाखों की संख्या में श्रद्धालु अब तक भगवान के दर्शन कर चुके हैं। धार्मिक यात्राओं में शारीरिक क्षमता और स्वास्थ्य से जुड़े मुद्दों को ध्यान में न रखने के कारण लोगों को कई परेशानियां हो रही हैं और कई लोगों की मौत भी हो रही है।

क्यों हो रही है चारधाम यात्रा के दौरान श्रद्धालुओं की मौत? (Chardham Yatra Devotees Death Causes?)

इस साल चारधाम यात्रा शुरू होने के बाद कुछ दिनों के भीतर ही लगभग 70 या उससे अधिक श्रद्धालुओं की यात्रा के दौरान ही मौत हो चुकी है। कोरोना वायरस महामारी के प्रकोप के बाद इस साल यह यात्रा दोबारा से शुरू हुई तो लोगों की भारी संख्या लाजिमी है लेकिन यात्रा के दौरान लोगों की मौत होना बेहद चिंताजनक है। कई मीडिया रिपोर्ट्स यह बताती हैं कि जिन यात्रियों की चारधाम यात्रा के दौरान मौत हुई है उनमें से कई यात्रियों की पोस्टमार्टम रिपोर्ट से यह पता चला है कि कुछ श्रद्धालुओं की मौत का कारण कोरोना वायरस संक्रमण भी है। ऐसे में सवाल यह उठता है कि क्या बिना सेहत की जांच कराए धार्मिक यात्राओं पर लोग जा रहे हैं? क्या पहाड़ों में यात्रियों को सांस लेने में तकलीफ हो रही है या उनके फेफड़ों को पर्याप्त ऑक्सीजन नहीं मिल पा रहा है? 

Chardham Yatra Devotees Death Causes

इसे भी पढ़ें: खांसी-जुखाम, अपच और पेट से जुड़ी बीमारियों दूर करने में फायदेमंद है ये स्‍पेशल हर्ब 'फरन'

बाबू ईश्वर शरण हॉस्पिटल के सीनियर फिजिशियन डॉ समीर कहते हैं कि कोरोना वायरस संक्रमण के कारण लोगों के फेफड़ों और सांस लेने से जुड़े अंगों पर गंभीर प्रभाव पड़ा है। कई आंकड़े यह बताते हैं कि कोरोना से संक्रमित होने के बाद लोगों में हाई ब्लड प्रेशर और अस्थमा की समस्या भी बढ़ी है। इस दौरान डायबिटीज के मरीजों की संख्या भी बढ़ी है। और इन सबका कारण है कि लोगों में अभी भी सेहत के प्रति जागरूकता की कमी है। अधिक ऊंचाई पर चलने की वजह से लोगों को सांस लेने में तकलीफ होती है और ऐसे में उनकी तबियत बिगड़ने का खतरा ज्यादा रहता है। ऐसे लोग जो अस्थमा, कोरोना वायरस संक्रमण, ब्लड प्रेशर और डायबिटीज जैसी बीमारियों के शिकार हैं उनके द्वारा लापरवाही करने या बिना सेहत का ध्यान दिए यात्रा पर जाना जोखिम भरा होता है। धार्मिक यात्रा हो या कोई भी पहाड़ी यात्रा अगर आप इन बीमारियों के मरीज हैं तो पहले अपनी जांच कराएं और बिना डॉक्टर की सलाह लिए ऐसी यात्राएं न करें।

चारधाम, अमरनाथ जैसी धार्मिक या पहाड़ी यात्रा करते समय रखें इन बातों का ध्यान (Things to Keep in Mind Before Going To Chardham Yatra)

चारधाम यात्रा, अमरनाथ यात्रा या किसी भी धार्मिक यात्रा जो पहाड़ी जगहों पर है वहां जाने से पहले आपको सेहत से जुड़ी कुछ जरूरी बातों का ध्यान रखना चाहिए। अगर आपको सांस से जुड़ी परेशानी है या ब्लड प्रेशर जैसी समस्या है तो बिना डॉक्टर की सलाह लिए इन यात्राओं पर जाना जोखिम भरा हो सकता है। चारधाम यात्रा में श्रद्धालुओं की हो रही मौत के बाद एक्सपर्ट्स इन बातों का विशेष ध्यान देने पर जोर दे रहे हैं - 

  • यात्रा से पहले अपना हेल्थ चेकअप जरूर कराएं।
  • यात्रा करने से पहले अपनी कोविड जांच जरूर कराएं।
  • अगर सांस से जुड़ी समस्या है तो हाई एल्टीट्यूड पर जाने से पहले डॉक्टर की सलाह लें।
  • यात्रा के दौरान किसी भी तरह की दिक्कत होने पर आपको तुरंत डॉक्टर की सहायता लेनी चाहिए।
  • हार्ट, सांस, फेफड़ों और डायबिटीज की बीमारी होने पर अधिक ऊंचाई पर जाने से बचें और सावधानी का ध्यान रखें।
  • यात्रा के दौरान या उससे पहले स्मोकिंग, शराब का सेवन या नशा करने से बचें।
  • कोरोना काल में धार्मिक पहाड़ी यात्रा करते समय कोविड प्रोटोकॉल का पालन जरूर करें।
  • लंबी पैदल यात्रा के दौरान जल्दबाजी न करें और बीच-बीच में आराम जरूर करें।
  • यात्रा के दौरान शरीर में पानी की कमी न होने दें और भूखे न रहें।

अगर आप चारधाम यात्रा, अमरनाथ यात्रा जैसी किसी भी पहाड़ी यात्रा पर जानें की सोच रहे हैं तो इन बातों का ध्यान जरूर रखें। यात्रा से पहले अपनी सेहत की जांच जरूर कराएं और किसी भी तरह की तकलीफ होने पर डॉक्टर की सलाह जरूर लें।

(Image Source - The Hindu)

 

 

Disclaimer