कौन सा जिम आपके लिए है बेहतर, एसी या नॉन-एसी

By  , ओन्‍ली माई हैल्‍थ सम्पादकीय विभाग
Sep 01, 2018
Quick Bites

  • जिम में आप ट्रेनर की मदद से वर्कआउट करते हैं
  • पार्क या घर में आप अपनी बुद्धिमत्‍ता के अनुसार व्‍यायाम करते हैं
  • सही मायने में तो बिना एसी के जिम होते ही नहीं हैं 

कुछ लोग पार्क में एक्‍सरसाइज करते हैं तो वहीं तमाम लोग ऐसे भी हैं जो जिम में वर्कआउट करना ज्‍यादा पसंद करते हैं। पार्क में आप मैनुअली एक्‍सरसाइज करते हैं जबकि जिम में तमाम तरह के उपकरण मौजूद होते हैं, जिसकी मदद से मांसपेशियों को विशेष तरह से ढालने में मदद मिलती है। जिम में आप ट्रेनर की मदद से वर्कआउट करते हैं जबकि पार्क या घर में आप अपनी बुद्धिमत्‍ता के अनुसार व्‍यायाम करते हैं। 

ये तो हुई जिम और पार्क या घर में एक्‍सरसाइज करने की बात। जिम में उपलब्ध कला सुविधाओं की स्थिति के बावजूद लोग उलझन में होते हैं। वे इस बात से अवगत नहीं हैं कि एसी या नॉन-एसी कौन सा वाला जिम बेहतर होता है। अगर आप अभी तक इस बात से अंजान हैं तो आपको इससे जुड़े तथ्‍यों के बारे में बता रहे हैं। 

 

एसी वाले जिम के लाभ 

एयर कंडीशन का प्रयोग आमतौर पर रूम के वातावरण को अनुकूल बनाने के लिए जाता है। अगर आप एसी वाले जिम में वर्कआउट करते हैं तो इसके कई लाभ हो सकते हैं। इससे आपके शरीर जल्‍दी हीट नहीं होता है यानी शरीर का तापमान सही रहता है और आप असानी से एक्‍सरसाइज कर पाते हैं। वर्कआउट के बाद शरीर भी आसानी से अपने नॉर्मल तापमान में आ जाता है। नियंत्रित तापमान में वर्कआउट करने से मांसपेशियों में ऐंठन नहीं आती है।  

नॉन एसी जिम के फायदे 

सही मायने में तो बिना एसी के जिम होते ही नहीं हैं। आजकल जितने भी जिम खुलते हैं उनमें एसी जरूर होता है। हालांकि जिन जिम में एसी नहीं होते हैं उनके भी फायदे हैं। इस प्रकार के जिम हवादार होते हैं जिसमें बाहर की शुद्ध हवा अंदर आती है, जो कि सेहत के लिए अच्‍छा है। इसके अलावा नॉन एसी जिम में कॉर्डियो का अभ्‍यास करना आसान होता है। वार्म अप भी अच्‍छे से करते हैं। नॉन एसी जिम में वर्कआउट करने के दौरान पसीना ज्‍यादा निकलता है इससे शरीर के सारे विषॉक्‍त बाहर निकल जाते हैं।

एसी और नॉन-एसी जिम से जुड़े कुछ फैक्‍ट्स 

एयर कंडीशनर आपके वर्कआउट की गुणवत्ता पर कोई प्रभाव नहीं डालता है। जिम में वातावरण वर्कआउट में बाधा नहीं डालती है। हालांकि, कुछ लोग पसीने से कैलोरी कनेक्ट करते हैं लेकिन यह गलत है। लेकिन आपका शरीर पसीने के जरिए विषाक्त पदार्थों को नष्ट कर देता है। इसलिए, यह एक व्यक्ति पर निर्भर करता है कि एसी या नॉन-एसी जिम कौन सा बेहतर होता है। 

इसे भी पढ़ें: तैमूर को मिला है फिटनेस चैलेंज, सोशल मीडिया पर वीडियो हो रही है वायरल 

लोग अकसर एसी और नॉन-एसी जिम के बीच भ्रमित होते हैं। लेकिन जिम का वातावरण वर्कआउट को शायद ही प्रभावित करता है। फिटनेस लक्ष्यों को प्राप्त करने के लिए, उचित व्यायाम करना चाहिए और पौष्टिक भोजन का उपभोग करना चाहिए।

ऐसे अन्य स्टोरीज के लिए डाउनलोड करें: ओनलीमायहेल्थ ऐप

Read More Articles On Sports & Fitness In Hindi

 
Loading...
Is it Helpful Article?YES1 Vote 719 Views 0 Comment
संबंधित जानकारी
  • सभी
  • लेख
  • स्लाइडशो
  • वीडियो
  • प्रश्नोत्तर
I have read the Privacy Policy and the Terms and Conditions. I provide my consent for my data to be processed for the purposes as described and receive communications for service related information.
This website uses cookie or similar technologies, to enhance your browsing experience and provide personalised recommendations. By continuing to use our website, you agree to our Privacy Policy and Cookie Policy. OK