वजन घटाने की कोशिश कर रहे ज्यादातर लोग सबसे पहले इंटरनेट पर यही सर्च करते हैं कि क्या खाएं और क्या छोड़ें? कोई कहता है प्रोटीन बढ़ा लो, तो कोई सलाह देता है कि फाइबर से भरी डाइट अपनाओ। सोशल मीडिया, फिटनेस इंफ्लूएंसर्स और डाइट ट्रेंड्स ने इस कंफ्यूजन को और बढ़ा दिया है। नतीजा यह कि लोग कभी हाई-प्रोटीन डाइट शुरू कर देते हैं, तो कभी अचानक फाइबर से भरपूर सलाद और फल ही खाने लगते हैं लेकिन सवाल वही रहता है कि वजन घटाने में वाकई क्या ज्यादा असरदार है, फाइबर या प्रोटीन? इस बारे में सही जानकारी के लिए हमने जयपुर स्थित Angelcare-A Nutrition and Wellness Center की निदेशक, डाइटिशियन एवं न्यूट्रिशनिस्ट अर्चना जैन से बात की-
वजन घटाने में फाइबर बेहतर या प्रोटीन?
डाइटिशियन अर्चना जैन बताती हैं कि वजन घटाना सिर्फ कम खाने का नाम नहीं है, बल्कि सही चीजें खाने का खेल है। अगर डाइट बैलेंस न हो तो वजन तो कम हो सकता है, लेकिन कमजोरी, थकान और मसल लॉस जैसी समस्याएं सामने आ सकती हैं। इसलिए यह समझना जरूरी है कि फाइबर और प्रोटीन दोनों शरीर में क्या काम करते हैं और वजन घटाने में कैसे मदद करते हैं।
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- डाइटिशियन अर्चना जैन साफ कहती हैं कि वजन घटाने में फाइबर और प्रोटीन दोनों की जरूरत होती है।
- फाइबर भूख कंट्रोल करता है, जबकि प्रोटीन मसल्स को सुरक्षित रखता है और फैट बर्निंग प्रोसेस को सपोर्ट करता है।
- अगर डाइट में सिर्फ फाइबर होगा और प्रोटीन कम होगा, तो वजन तो घटेगा लेकिन शरीर कमजोर हो सकता है।
- वहीं सिर्फ प्रोटीन लेने से कब्ज और पाचन की समस्या हो सकती है।
वजन घटाने के लिए फाइबर
फाइबर एक ऐसा न्यूट्रिएंट है जो पचता नहीं है, लेकिन पाचन तंत्र के लिए बेहद जरूरी होता है। डाइटिशियन अर्चना जैन के अनुसार, फाइबर पेट को लंबे समय तक भरा रखता है, जिससे बार-बार भूख नहीं लगती। इससे ओवरईटिंग कंट्रोल होती है और कैलोरी इनटेक अपने आप कम हो जाता है। फाइबर आंतों की सफाई करता है, कब्ज से बचाता है और मेटाबॉलिज्म को बेहतर बनाता है। फल, सब्जियां, साबुत अनाज और दालें फाइबर के अच्छे सोर्स हैं।
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वजन घटाने के लिए प्रोटीन
प्रोटीन को अक्सर मसल्स बनाने वाला न्यूट्रिएंट माना जाता है, लेकिन वजन घटाने में भी इसकी अहम भूमिका है। डाइटिशियन अर्चना जैन बताती हैं कि प्रोटीन पचाने में शरीर ज्यादा कैलोरी खर्च करता है। साथ ही प्रोटीन मसल्स को टूटने से बचाता है, जो वेट लॉस के दौरान बेहद जरूरी है। अंडा, दाल, पनीर, दही, सोया और नट्स प्रोटीन के सोर्स माने जाते हैं।
किन लोगों के लिए फाइबर ज्यादा जरूरी है?
जिन लोगों को बार-बार भूख लगती है, कब्ज की समस्या रहती है या पेट जल्दी साफ नहीं होता, उनके लिए फाइबर बेहद जरूरी है। डाइटिशियन अर्चना जैन बताती हैं कि ऐसे लोग अगर अपनी डाइट में फाइबर बढ़ा लें, तो वजन घटाने की प्रक्रिया आसान हो जाती है। हालांकि फाइबर की मात्रा धीरे-धीरे बढ़ानी चाहिए, वरना गैस और ब्लोटिंग की समस्या हो सकती है।
किन लोगों के लिए प्रोटीन ज्यादा जरूरी है?
जो लोग एक्सरसाइज या वर्कआउट करते हैं, उनके लिए प्रोटीन ज्यादा अहम हो जाता है। प्रोटीन मसल रिकवरी में मदद करता है और वजन घटाते समय शरीर को शेप में रखता है। डाइटिशियन अर्चना जैन के अनुसार, अगर प्रोटीन की कमी हो जाए तो वजन घटने के साथ-साथ मसल्स भी कम होने लगती हैं, जिससे शरीर ढीला नजर आने लगता है।
निष्कर्ष
अगर आप वजन घटाना चाहते हैं तो यह सवाल पूछना गलत नहीं है कि फाइबर बेहतर है या प्रोटीन, लेकिन इसका सही जवाब यह है कि दोनों ही जरूरी हैं। डाइटिशियन अर्चना जैन के अनुसार, फाइबर और प्रोटीन का संतुलित सेवन न सिर्फ वजन घटाने में मदद करता है, बल्कि शरीर को हेल्दी, एनर्जेटिक और फिट भी बनाए रखता है। इसलिए किसी एक को छोड़ने की बजाय, दोनों को समझदारी से अपनी डाइट का हिस्सा बनाएं।
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FAQ
बिना एक्सरसाइज के वजन कैसे कम करें?
डाइट कंट्रोल से वजन कम हो सकता है, लेकिन एक्सरसाइज करने से फैट तेजी से बर्न होता है और शरीर शेप में आता है।क्या फाइबर खाने से पेट की चर्बी कम होती है?
फाइबर पेट को लंबे समय तक भरा रखता है, जिससे ओवरईटिंग कम होती है। इससे धीरे-धीरे पेट की चर्बी घटाने में मदद मिल सकती है।क्या फाइबर से वजन बढ़ता है?
नहीं, लेकिन जरूरत से ज्यादा फाइबर लेने पर गैस, ब्लोटिंग और पेट दर्द हो सकता है, जिससे डाइट फॉलो करना मुश्किल हो जाता है।
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Current Version
Jan 28, 2026 11:28 IST
Modified By : Akanksha Tiwari Jan 28, 2026 11:28 IST
Published By : Akanksha Tiwari
Reviewed By : Archana Jain