Resistant Starch Is Good Or Bad For Weight Loss: रेजिस्टेंस स्टार्च (Resistant Starch) वेट लॉस में मदद कर सकता है। यह कई तरह के खाद्य पदार्थों में पाया जाता है जैसे आलू, चावल, केला। यह एक तरह का कार्ब है, जो छोटी आंत में पूरी तरह पच नहीं पाता है। सामान्य स्टार्च की तरह जल्दी टूटकर ग्लूकोज में बदलने के बजाय, यह बड़ी आंत तक पहुंच जाता है। वहां आंत में मौजूद गुड बैक्टीरिया इसे फर्मेंट करते हैं। आइए जानते हैं रेजिस्टेंस स्टार्च वेट लॉस के लिए क्यों फायदेमंद है? बेहतर जानकारी के लिए हमने Dr. Kapil Sharma, Gastroenterologist At Yatharth Super Speciality Hospital, Faridabad से बात की।
वेट लॉस में कैसे मदद करता है रेजिस्टेंस स्टार्च?
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रेजिस्टेंस स्टार्च गुड बैक्टीरिया के लिए फायदेमंद होता है और यह प्रीबायोटिक की तरह काम करता है। रेजिस्टेंस स्टार्च धीरे-धीरे पचता है जिससे ग्लूकोज धीरे रिलीज होता है और शुगर लेवल कंट्रोल करने में मदद मिलती है। इस तरह जब पाचन और शुगर लेवल संतुलित रहता है, तो वेट लॉस में मदद मिलती है।
साल 2015 में Advances In Nutrition में प्रकाशित एक अध्ययन के मुताबिक, डाइट में वजन का 8% रेजिस्टेंस स्टार्च देने पर शरीर की चर्बी कम हुई। रेजिस्टेंस स्टार्च, वेट लॉस में मदद कर सकता है, लेकिन इस अध्ययन के आधार पर यह दावा नहीं किया जा सकता कि इससे मनुष्यों में निश्चित रूप से वजन घटता है क्योंकि यह पशु आधारित स्टडी है।
साल 2024 में Nature Metabolism में प्रकाशित एक अध्ययन में शोधकर्ताओं ने अधिक वजन वाले वयस्कों पर रेजिस्टेंस स्टार्च के प्रभाव का परीक्षण किया। प्रतिभागियों को 8 हफ्ते तक रोजाना 40 ग्राम रेजिस्टेंस स्टार्च दिया गया। शोधकर्ताओं ने पाया कि रेजिस्टेंस स्टार्च लेने के दौरान प्रतिभागियों का वजन औसत 2.8 kg कम हुआ और इंसुलिन रेजिस्टेंस में भी सुधार देखा गया।
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रेजिस्टेंस स्टार्च के 10 प्रमुख स्रोत
- ओट्स
- जौ
- हरी मटर
- हरा केला
- पकाकर ठंडा किया हुआ पास्ता
- पकाकर ठंडा किया हुआ चावल
- उबले और ठंडे किए हुए आलू
- मसूर, मूंग और दूसरी दालें
- काला और काबुली चना
- राजमा
डाइट में रेजिस्टेंस स्टार्च को शामिल करने के तरीके
चावल को पकाकर ठंडा करें
चावल पकाने के बाद उसे जल्दी ठंडा करके फ्रिज में रखें और बाद में अच्छी तरह गर्म करके खाएं। इससे चावल में रेजिस्टेंस स्टार्च बढ़ेगा।
ओट्स को रातभर भिगोकर सुबह खाएं
ओट्स को रातभर भिगो दें और सुबह इसे खाएं। इससे शरीर को रेजिस्टेंस स्टार्च मिलेगा। रेजिस्टेंस स्टार्च ब्लड शुगर लेवल को कंट्रोल करने में मदद करता है और वेट लॉस को सपोर्ट करता है। 30 ग्राम ओट्स में करीब 112 कैलोरी होती है इसलिए सीमित मात्रा में ही ओट्स का सेवन करें।
आलू का सलाद बनाकर खाएं
उबले आलू को ठंडा करके खीरा, टमाटर, पालक और हरी सब्जियों को मिलाकर खाएं। ज्यादा तेल वाली ड्रेसिंग से बचें।
दालें और बीन्स खाएं
दोपहर या रात के खाने में दाल, चना या राजमा शामिल करें। साथ में सब्जियां भी खाएं।
पोर्शन पर गौर दें
रेजिस्टेंस स्टार्च बढ़ाने के लिए चावल, आलू या पास्ता की मात्रा जरूरत से ज्यादा न बढ़ाएं। वेट लॉस के लिए टोटल कैलोरी का संतुलन जरूरी है।
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क्या रेजिस्टेंस स्टार्च का अधिक सेवन करने से वजन बढ़ सकता है?
हां, रेजिस्टेंस स्टार्च वाली चीजों का ज्यादा मात्रा में सेवन करने से वजन बढ़ सकता है।
अगर आप वजन घटाने के लिए चावल या आलू को पकाकर ठंडा करते हैं, लेकिन इसके बाद भी जरूरत से ज्यादा मात्रा में खाते हैं, तो इन चीजों में कैलोरी ज्यादा होने के कारण वजन बढ़ सकता है। ज्यादा मात्रा में रेजिस्टेंस स्टार्च अचानक खाने से कुछ लोगों को गैस, पेट फूलने या पेट में असहजता की समस्या भी हो सकती है। इसलिए इसकी मात्रा धीरे-धीरे बढ़ाना बेहतर है।
केवल रेजिस्टेंस स्टार्च पर निर्भर रहकर वजन नहीं घटता
वजन घटाने के लिए पूरे दिन की टोटल कैलोरी, पर्याप्त प्रोटीन, फाइबर, फिजिकल एक्टिविटी और नींद जरूरी हैं। केवल रेजिस्टेंस स्टार्च पर निर्भर रहने से वजन कम होने की गारंटी नहीं है।
निष्कर्ष:
रेजिस्टेंस स्टार्च एक तरह का कार्ब है जिसकी मदद से वजन कम करने में मदद मिल सकती है। यह नेचुरल खाद्य पदार्थों में पाया जाता है। इससे ब्लड शुगर कंट्रोल और पाचन को बेहतर बनाने में मदद मिलती है जिससे वजन कम हो सकता है। ओट्स, जौ, पास्ता, हरी मटर, हरा केला, पकाकर ठंडा किया हुआ पास्ता, चावल, आलू, दाल और चने में रेजिस्टेंस स्टार्च पाया जाता है। डाइट में रेजिस्टेंस स्टार्च को शामिल करना चाहते हैं, तो चावल को पकाकर, उसे ठंडा करके खाएं। इससे चावल में रेजिस्टेंस स्टार्च बढ़ेगा। इसी तरह ओट्स को रातभर के लिए भिगो दें और सुबह सेवन करें। आलू को हरी सब्जियों के साथ मिलाकर सलाद के फॉर्म में खाएं, दोपहर या रात के खाने में दाल, चना या राजमा का सेवन करें। रेजिस्टेंस स्टार्च युक्त चीजों को जरूरत से ज्यादा न खाएं वरना वजन कम होने के बजाय बढ़ भी सकता है। ज्यादा मात्रा में अचानक से रेजिस्टेंस स्टार्च युक्त चीजों का सेवन करेंगे, तो पाचन समस्याएं जैसे गैस एवं ब्लोटिंग भी हो सकती है। ध्यान रखें कि वेट लॉस के लिए केवल रेजिस्टेंस स्टार्च पर निर्भर रहना फायदेमंद नहीं साबित होगा।
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FAQ
रेजिस्टेंस स्टार्च और सामान्य स्टार्च में क्या अंतर है?
सामान्य स्टार्च छोटी आंत में पचकर ग्लूकोज में बदल जाता है, जबकि रेजिस्टेंस स्टार्च का कुछ हिस्सा छोटी आंत में नहीं पचता और बड़ी आंत तक पहुंचता है। वहां गुड बैक्टीरिया इसे फर्मेंट करते हैं।क्या रेजिस्टेंस स्टार्च खाने से गैस बन सकती है?
हां, बड़ी आंत में रेजिस्टेंस स्टार्च के फर्मेंटेशन से गैस बन सकती है। कुछ लोगों को पेट फूलने, ऐंठन या असहजता की शिकायत भी हो सकती है। इसलिए इसे एक साथ ज्यादा मात्रा में लेने के बजाय धीरे-धीरे मात्रा बढ़ाएं।
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Oct 28, 2026 16:05 IST
Published By : Yashaswi Mathur
Reviewed By : Dr Kapil Sharma
