Wed Oct 21, 2026 | 10:01 PM IST

Medically Reviewed by Dr Purendra Bhasin , Ophthalmologist

स्मॉग और प्रदूषण से आंखों में हो रही जलन? राहत के लिए अपनाएं ये 6 उपाय

स्मॉग और प्रदूषण से आंखों में होने वाली जलन, रेडनेस और खुजली आम समस्या है। प्रदूषण की समस्या से राहत पाने के लिए आप आंखों को ठंडे पानी से धोना, आंखों को रगड़ने से बचें और डॉक्टर की सलाह पर आई ड्रॉप्स का इस्तेमाल करें।
स्मॉग और प्रदूषण से आंखों में हो रही जलन? राहत के लिए अपनाएं ये 6 उपायस्मॉग और प्रदूषण से आंखों में हो रही जलन? राहत के लिए अपनाएं ये 6 उपाय

स्मॉग और वायु प्रदूषण आंखों में जलन का कारण बन सकता है, जिससे आंखों में रेडनेस और खुजली जैसी समस्याएं हो सकती हैं। इतना ही नहीं प्रदूषण के कारण आंखों पर होने वाले असर के कारण खुजली, जलन, पानी आना या ऐसा महसूस हो सकता है, जैसे आंखों में कुछ फंस गया हो। हवा में मौजूद बारीक कण और अन्य प्रदूषक तत्व टियर फिल्म को नुकसान पहुंचा सकते हैं। ऐसे में प्रदूषण के कारण होने वाली आंखों की समस्याओं से राहत पाने के लिए आप Dr. Purendra Bhasin, Ophthalmologist, Ratan Jyoti Netralaya Ophthalmic Institute & Research Centre, Gwalior के बताए उपायों को आजमा सकते हैं।

प्रदूषण के कारण आंखों की समस्याओं से राहत के उपाय

साल 2022 में International Journal of Environmental Research and Public Health में प्रकाशित एक स्टडी के अनुसार, हवा में मौजूद प्रदूषक और स्मॉग आंखों की बाहरी सतह और टियर फिल्म को नुकसान पहुंचाते हैं, जिससे आंखों में जलन, रेडनेस, चुभन, ड्राई आई और सूजन या कंजंक्टिवाइटिस जैसी समस्याएं होती हैं।

Dr. Purendra Bhasin बताते हैं कि प्रदूषण के कारण आंखों को होने वाली इन समस्याओं से राहत या बचाव के लिए आप इन उपायों को आजमा सकते हैं-

1. अपनी आंखों को रगड़ने से बचें

प्रदूषण के कारण जब आंखों में खुजली या जलन होती है तो राहत पाने के लिए अक्सर लोग आंखों को रगड़ने लगते हैं। हालांकि, ऐसा करने से जलन और सूजन ज्यादा बढ़ सकती है। अगर आंखों में परेशानी महसूस हो तो उन्हें साफ पानी से धीरे-धीरे धो लें या आंखों के लिए सुरक्षित स्टेराइल सलाइन आई ड्रॉप्स का इस्तेमाल करें।

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2. लुब्रिकेटिंग आई ड्रॉप्स का इस्तेमाल करें

प्रेजर्वेटिव फ्री आर्टिफिशियल टियर्स आंखों के ड्राईनेस, जलन और कुछ फंसने जैसा महसूस होने की समस्या से राहत दिला सकते हैं। ये आई ड्रॉप्स आंखों की सतह पर नमी बनाए रखने और जलन पैदा करने वाले कणों को बाहर निकालने में मदद करते हैं। हालांकि, किसी भी आई ड्रॉप का इस्तेमाल करने से पहले आंखों के डॉक्टर से कंसल्ट करना जरूरी है। बिना सलाह के एंटीबायोटिक या स्टेरॉयड वाली आई ड्रॉप्स का इस्तेमाल नहीं करना चाहिए।

3. प्रदूषण ज्यादा होने पर बाहर जाने से बचें

हमेशा अपने एरिया की एयर क्वालिटी की जानकारी रखें और जब प्रदूषण का लेवल ज्यादा हो तो बिना जरूरत के बाहर न निकलें। अगर बाहर जाना जरूरी हो तो रैपअराउंड चश्मे या अच्छी क्वालिटी के चश्मे पहनें, ताकि धूल और हवा में मौजूद कण सीधे आंखों तक न पहुंचें। इन उपायों को करना उन लोगों के लिए बहुत ज्यादा मददगार हो सकता है, जिन्हें पहले से ही ड्राई आई या आंखों में एलर्जी की समस्या है।

4. आंखों पर ठंडा सेंक लगाएं

बंद पलकों पर धीरे से साफ और ठंडा कपड़ा या सेंक रखने से खुजली, जलन और हल्की परेशानी से राहत मिल सकती है। ध्यान रखें कि बर्फ को सीधे आंखों या पलकों पर लगाने से बचना चाहिए, क्योंकि इसे आपको परेशानी हो सकती है या चोट लगने का जोखिम बढ़ सकता है।

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5. आंखों की साफ-सफाई का ध्यान रखें

आंखों के आस-पास के हिस्से को छूने से पहले अपने हाथ जरूर धो लें। अगर आप कॉन्टैक्ट लेंस पहनते हैं तो आंखों में जलन होने पर चश्मे का इस्तेमाल करें। अगर आपकी आंखें लाल हैं या उनमें दर्द है तो कॉन्टैक्ट लेंस न पहनें। साथ ही, लेंस को कभी भी नल के पानी से न धोएं।

6. स्क्रीन देखते समय बीच-बीच में ब्रेक लें

लंबे समय तक स्क्रीन देखने से आप अपनी पलकें कम झपकाते हैं, जिससे आंखें ज्यादा सूखी और परेशान करने वाली महसूस हो सकती हैं। आंखों पर पड़ने वाले ज्यादा प्रेशर को कम करने के लिए बीच-बीच में ब्रेक लें, जानबूझकर पलकें झपकाएं और स्क्रीन को एक आरामदायक दूरी पर रखें।

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डॉक्टर से कब मिलना चाहिए?

प्रदूषण के संपर्क में आने पर आंखों में जलन और रेडनेस होना काफी आम बात है। हालांकि, अगर आप प्रदूषण के संपर्क में कम आने लगे हैं और जलन अपने आप ठीक हो जाए तो चिंता का कारण नहीं है। लेकिन, अगर आंखों में लगातार रेडनेस बनी रहे, दर्द बढ़े, रोशनी से परेशानी हो, धुंधला दिखाई दे या आंखों से कोई असामान्य डिस्चार्ज हो तो इन समस्याओं को नजरअंदाज नहीं करना चाहिए। तेज दर्द या देखने की क्षमता में अचानक बदलाव होने पर तुरंत डॉक्टर से कंसल्ट करना चाहिए।

निष्कर्ष
प्रदूषण के कारण आंखों में होने वाली जलन और रेडनेस जैसी समस्याओं से राहत पाने के लिए आप ठंडी सेंक, आंखों की सफाई का ध्यान रखना, सही आई ड्रॉप्स का इस्तेमाल और स्क्रीन कम देखने जैसी आदतें अपना सकते हैं। ध्यान रखें, अगर प्रदूषण के कारण आंखों में जलन हो रही है और इसके लक्षण बने रहते हैं तो इसे कोई मामूली समस्या मानकर नजरअंदाज नहीं करना चाहिए। खराब हवा की स्थिति में, प्रदूषण के संपर्क में आना कम करके, आंखों में नमी बनाए रखकर और खुद के कोई दवा लेने से बचकर आप अपनी आंखों की सेहत में सुधार कर सकते हैं।
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FAQ

  • आंख में जलन होने के क्या कारण हो सकते हैं?

    आंखों में जलन होने के पीछे कई कारण हो सकते हैं, जिनमें शामिल हैं ड्राई आई सिंड्रोम, धूल-मिट्टी या परागकणों से होने वाली एलर्जी, लंबे समय तक फोन या कंप्यूटर देखने से हुआ आई स्ट्रेन, धुआं और प्रदूषण।
  • आंख में जलन हो तो कौन सा ड्रॉप लगाएं?

    आंख में जलन होने पर आप राहत पाने के लिए डॉक्टर की सलाह पर आर्टिफिशियल टियर्स या लुब्रिकेंट आई ड्रॉप्स का इस्तेमाल कर सकते हैं। अगर जलन एलर्जी या खुजली के कारण है तो केटोटिफेन जैसे एंटीहिस्टामाइन ड्रॉप्स का इस्तेमाल कर सकते हैं।

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कात्यायनी तिवारी पिछले 6 वर्षों से पत्रकारिता में सक्रिय हैं। करियर की शुरुआत उन्होंने न्यूज चैनल से की और बाद में डिजिटल मीडिया में हेल्थ और लाइफस्टाइल विषयों पर काम करना शुरू किया। फिलहाल वह OnlyMyHealth में सब एडिटर के तौर पर कार्यरत हैं।वह महिला स्वास्थ्य, पोषण, आयुर्वेद, योग, स्किन हेल्थ और प्रेग्नेंसी जैसे विषयों पर लिखती हैं। उनका प्रयास रहता है कि ताजा रिसर्च, विशेषज्ञ डॉक्टरों की राय और प्रमाणित स्रोतों के आधार पर सही स्वास्थ्य जानकारी सरल भाषा में पाठकों तक पहुंचे। जिन लेखों में मेडिकल पुष्टि जरूरी होती है, उन्हें प्रकाशित होने से पहले डॉक्टरों द्वारा रिव्यू किया जाता है।OnlyMyHealth से पहले वह Jantantra TV और Boldsky के साथ काम कर चुकी हैं।

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    Oct 21, 2026 20:39 IST

    Published By : Katyayani Tiwari
    Reviewed By : Dr Purendra Bhasin