Fri Sep 11, 2026 | 09:03 PM IST

Medically Reviewed by Dt Divya Gandhi , Therapeutic Diet (Diabetes & PCOD)

डायबिटीज में देरी से खाना पड़ सकता है भारी, शरीर में हो सकती हैं ये 5 गंभीर समस्याएं

Side Effects Of Staying Hungry In Diabetes: हमारे यहां ज्यादातर लोग सही समय पर मील नहीं लेते हैं। डायबिटीज के मरीजों के लिए यह सही नहीं है। एक्सपर्ट खुद बता रहे हैं कि लंबे समय तक भूखे रहने से डायबिटीज के रोगियों को क्या-क्या नुकसान हो सकते हैं?

डायबिटीज एक गंभीर मेडिकल कंडीशन है। इसका मतलब होता है कि ब्लड शुगर का स्तर स्थिर नहीं होना, क्योंकि शरीर पर्याप्त मात्रा में इंसुलिन नहीं बना पाता है या इंसुलिन का इस्तेमाल नहीं कर पाता है। दोनों ही स्थितियां सही नहीं होती हैं। डायबिटीज के कारण कई तरह की गंभीर बीमारियां हो सकती हैं और इसे मैनेज करने के लिए विशेषज्ञ अक्सर सलाह देते हैं कि हर व्यक्ति समय पर अपना मील ले। कई बार विशेषज्ञ तो यह भी कहते हैं कि डायबिटीज के मरीजों को लंबे समय तक भूखे नहीं रहना चाहिए। उन्हें दिन भर में छोटे-छोटे कई मील लेने चाहिए। इसके बावजूद, आपने देखा होगा कि डायबिटीज के कई ऐसे मरीज हैं, जो लंबे-लंबे समय तक भूखे रहते हैं दो मील के बीच लंबा गैप लेते हैं। क्या आप जानते हैं कि ऐसा किया जाना डायबिटीज के रोगी के लिए खतरनाक हो सकता है? जी, हां! यह सच है। आइए, Divya Gandhi's Diet & Nutrition Clinic की डायटिशियन और न्यूट्रिशनिस्ट दिव्या गांधी से जानते हैं कि डायबिटीज में देर से खाना खाना क्यों भारी पड़ सकता है? जानिए, इससे जुड़े 5 गंभीर नुकसानों के बारें में।

डायबिटीज में लंबे समय तक खाना न खाने के नुकसान

staying hungry in diabetes 5 serious side effects 01 (11)

1. ब्लड शुगर का स्तर गिरना

डायटिशियन और न्यूट्रिशनिस्ट दिव्या गांधी के अनुसार, "डायबिटीज के रोगी अगर समय पर खाना नहीं खाते हैं या लंबे समय तक भूखे रहते हैं, तो सबसे पहले उनका ब्लड शुगर का स्तर गिरता है। ऐसा खासकर उनके साथ होता है, जो डायबिटीज के रोगी अपने ब्लड शुगर को कंट्रोल करने के लिए दवा लेते हैं। लंबे समय तक भूखे रहने के कारण चक्कर आना, हाथ-पांव कांपना, पसीना आने जैसी समस्याएं भी हो सकती हैं।" American Diabetes Association (ADA) में प्रकाशित लेख से पता चलता है कि सही डाइट फॉलो करने से ब्लड को मैनेज करने में मदद मिलती है।

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2. डायबिटिक कीटोएसिडोसिस का जोखिम

आपको बता दें कि डायबिटीज के मरीजों में डायबिटिक कीटोएसिडोसिस एक गंभीर और जानलेवा कंडीशन है। यह समस्या मुख्य रूप से टाइप 1 डायबिटीज में देखने को मिलती है। हालांकि, टाइप 2 डायबिटीज के मरीज भी इसका शिकार हो सकते हैं। अगर डायबिटीज के मरीज लंबे समय तक खाना नहीं खाते हैं और ऐसा अक्सर करते हैं, तो इसकी वजह से उन्हें डायबिटिक कीटोएसिडोसिस का सामना करना पड़ सकता है। इंसुलिन प्रतिरोध के कारण शरीर एनर्जी के लिए ग्लूकोज के बजाय फैट को तोड़ने लगता है। ऐसे में शरीर में कीटोन नाम का एसिड बढ़ सकता है।

3. तेजी से वजन घटना

जैसा कि कुछ देर पहले ही बताया है कि शरीर में इंसुलिन का इस्तेमाल सही तरह से नहीं कर पाता है, तो शरीर एनर्जी के लिए मसल्स या फैट का इस्तेमाल करने लगता है। ऐसे में डायबिटीज के मरीज का तेजी से वजन घटने लगता है। ऐसा उन मरीजों के साथ अधिक होता है, जो लंबे समय तक भूखे रहते हैं।

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4. न्यूरोलॉजिकल समस्या

आपको लग सकता है कि आखिर समय पर खाना न खाना या लंबे समय तक भूखे रहने से न्यूरोलॉजिकल समस्या कैसे हो सकती है? विशेषज्ञों की मानें, तो जब डायबिटीज के मरीज लंबे समय तक खाना नहीं खाते हैं यानी भूखे रहते हैं, तो इसकी वजह से ब्लड शुगर का स्तर तेजी से प्रभावित होने लगता है। ऐसे में ब्रेन फॉग, कंफ्यूजन और तीव्र सिरदर्द की समस्या हो सकती है।

5. डिहाइड्रेशन होना

डायटिशियन और न्यूट्रिशनिस्ट दिव्या गांधी कहती हैं, "डायबिटीज होने पर मरीज को बार-बार पेशाब आने की समस्या हो जाती है। हालांकि, कंडीशन को समय पर दवा और सही टाइम पर मील लेने से मैनेज किया जा सकता है। अगर आप ऐसा नहीं करते हैं, तो डायबिटीज में भूखे रहने के कारण ब्लड शुगर का स्तर बिगड़ सकता है। ऐसे में शरीर अधिक मात्रा में ग्लूकोज को पेशाब के जरिए बाहर निकालता है। इससे न सिर्फ मरीज को बार-बार पेशाब आता है, बल्कि बॉडी डिहाइड्रेट भी हो सकती है।"

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निष्कर्ष

डायबिटीज के रोगियों को अपने खानपान का पूरा ध्यान रखना चाहिए। उन्हें ऐसा कुछ नहीं करना चाहिए जिससे उनका ब्लड शुगर का स्तर प्रभावित हो सकता है। विशेषकर, अपना एक भी मील स्किप नहीं करना चाहिए। समय पर खाना खाना चाहिए और अपनी डाइट को बैलेंस्ड रखना चाहिए ताकि शरीर में पोषक तत्वों की कमी न हो। साथ ही यह ध्यान रखना चाहिए कि उन्हें ऐसी कोई चीज नहीं खानी चाहिए, जिसका ग्लाइसेमिक इंडेक्स हाई हो और ब्लड शुगर का स्तर तेजी से स्पाइक कर जाए।

All Image Credit: Freepik

FAQ

  • क्या देर रात खाने से प्रीडायबिटीज हो सकता है?

    अगर आप अक्सर देर रात खाना खाते हैं, तो प्रीडायबिटी और डायबिटीज होने का रिस्क बढ़ जाता है। दरअसल, जब आप सोने से ठीक पहले हाई कार्ब्स या शुगर युक्त स्नैक्स खाते हैं, तो ब्लड शुगर स्पाइक कर सकता है। इससे बॉडी का सर्केडियन रिदम प्रभावित होता है। लंबे समय तक ऐसा हो, तो भविष्य में प्रीडायबिटीज और डायबिटीज का जोखिम बढ़ जाता है।
  • डायबिटीज का साइड इफेक्ट क्या है?

    डायबिटीज खुद एक गंभीर और क्रॉनिक मेडिकल कंडीशन है। इसकी वजह से स्ट्रोक और हृदय रोग जैसी गंभीर समस्याएं हो सकती हैं।
  • क्या देर रात खाने से हाई ब्लड शुगर हो सकता है?

    हां, देर रात हाई कैलोरी या हाई कार्ब्स लेने से ब्लड शुगर बढ़ सकता है। इससे वजन बढ़ने का रिस्क भी रहता है।

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Disclaimer

इस जानकारी की सटीकता, समयबद्धता और वास्तविकता सुनिश्चित करने का हर सम्भव प्रयास किया गया है हालांकि इसकी नैतिक जि़म्मेदारी ओन्लीमायहेल्थ डॉट कॉम की नहीं है। हमारा आपसे विनम्र निवेदन है कि किसी भी उपाय को आजमाने से पहले अपने चिकित्सक से अवश्य संपर्क करें। हमारा उद्देश्य आपको जानकारी मुहैया कराना मात्र है।

Meera Tagore

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Senior Sub Editor

मीरा टैगोर 2009 से पत्रकारिता में सक्रिय हैं और पिछले 5 वर्षों से विशेष रूप से हेल्थ जर्नलिज्म पर काम कर रही हैं। फिलहाल वह OnlyMyHealthमें सीनियर सब एडिटर के तौर पर कार्यरत हैं। वह महिला स्वास्थ्य और यौन स्वास्थ्य जैसे संवेदनशील विषयों पर लिखती हैं और इनसे जुड़ी जानकारी को प्रमाणित स्रोतों और रिसर्च के आधार पर सटीक और सरल भाषा में पाठकों तक पहुंचाने की कोशिश करती हैं। जिन विषयों में मेडिकल पुष्टि जरूरी होती है, उन्हें प्रकाशित होने से पहले डॉक्टरों द्वारा रिव्यू किया जाता है। उन्होंने अपने करियर की शुरुआत प्रिंट मीडिया से की थी और OnlyMyHealth से पहले Image Reflection Centre, Haribhoomi और MyUpchar के साथ काम कर चुकी हैं।

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