मखाना एक हेल्दी फूड है, जिसे व्रत से लेकर रोजमर्रा के नाश्ते तक कई तरह से खाने का इस्तेमाल किया जा सकता है। इसमें कैलोरी की मात्रा कम होती है और यह कार्बोहाइड्रेट, प्रोटीन और कुछ जरूरी मिनरल्स से भरपूर होता है। वहीं, घी में मखाना भूनने से इसका स्वाद और कुरकुरापन काफी बढ़ जाता है। घी में मौजूद फैट शरीर को एनर्जी देने में मदद करता है। इसलिए, अगर आप रोजाना कुछ मखाने खाने की आदत डालना चाहते हैं तो इन्हें सही मात्रा में और संतुलित डाइट के हिस्से के रूप में डाइट में शामिल करना फायदेमंद हो सकता है। आइए इस लेख में दिल्ली की क्लिनिकल डाइटिशियन और न्यूट्रिशनिस्ट रक्षिता मेहरा से जानते हैं कि व्रत मखाना घी में भूनकर खाने के क्या फायदे हैं?
घी में मखाना भूनकर खाने के फायदे
न्यूट्रिशनिस्ट रक्षिता मेहरा के अनुसार, घी में मखाना भूनकर खाना सेहत के लिए काफी फायदेमंद होता है और आपको ये फायदे मिल सकते हैं-
1. शरीर को ऊर्जा देने में मददगार
मखाने में कार्बोहाइड्रेट होते हैं, जो शरीर को एनर्जी देते हैं। वहीं, घी में मौजूद फैट भी शरीर को एनर्जी देने में मदद करते हैं। इन दोनों का मिश्रण सुबह के नाश्ते या शाम के हल्के स्नैक के रूप में इस्तेमाल करना उपयोगी माना जाता है। हालांकि, मखाने खाने से मिलने वाली एनर्जी आपकी खुराक और मात्रा में निर्भर करती है।
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2. हड्डियों के स्वास्थ्य के लिए उपयोगी
मखाने में कैल्शियम और फॉस्फोरस जैसे मिनरल्स कुछ मात्रा में पाए जाते हैं। ये हड्डियों और दांतों के स्वास्थ्य के लिए भी फायदेमंद माने जाते हैं। हालांकि इसके साथ कैल्शियम, विटामिन डी, प्रोटीन और नियमित शारीरिक गतिविधियां भी जरूरी हैं।
3. पाचन में सहायक
मखाने में कुछ मात्रा में फाइबर पाया जाता है, जो संतुलित आहार का हिस्सा होने पर पाचन और मल त्याग को नियमित रखने में मदद कर सकता है। इन्हें अच्छी तरह चबाकर खाना बेहतर होता है। आप ध्यान रखें कि घी की ज्यादा मात्रा भोजन में शामिल करने से भारीपन महसूस हो सकता है। इसलिए, मखाने भूनते समय सीमित घी का इस्तेमाल करना सही है।
4. वजन नियंत्रित रखने में मददगार
अगर आप वजन कंट्रोल करना चाहते हैं तो बिना ज्यादा तेल, घी या नमक के भुने मखाने एक अच्छा स्नैक बन सकते हैं। इनमें कुछ प्रोटीन और फाइबर होता है, जो पेट भरा महसूस कराने में मदद कर सकता है। हालांकि, घी डालने से इनकी कैलोरी बढ़ जाती है। इसलिए, वजन कम करने के दौरान घी की मात्रा पर ध्यान देना जरूरी है।
5. एंटीऑक्सीडेंट से भरपूर
मखाने में कुछ एंटी-ऑक्सीडेंट पाए जाते हैं, जो शरीर के सेल्स को ऑक्सीडेटिव तनाव से बचाने में भूमिका निभा सकते हैं। संतुलित डाइट में एंटी-ऑक्सीडेंट से भरपूर फूड्स शामिल करना सेहत के लिए फायदेमंद होता है। हालांकि, रोजाना घी में भुने मखाने खाने से किसी खास बीमारी का इलाज होने का दावा नहीं किया जा सकता है।
साल 2022 में Food Production Processing and Nutrition में प्रकाशित स्टडी के अनुसार, भुने हुए मखाने बहुत की पौष्टिक स्नैक हैं, जिनमें भूनने की प्रक्रिया से प्रोटीन, मिनरल्स और फिनोलिक्स व फ्लेवोनॉइड्स जैसे एंटीऑक्सीडेंट की मात्रा बढ़ जाती है। सिर्फ 37% का कम ग्लाइसेमिक इंडेक्स होने के कारण यह ब्लड शुगर के लेवल को कंट्रोल करता है, जिससे यह डायबिटीज और मोटापे जैसी समस्याओं में फायदेमंद माना जाता है।
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मखाने में मौजूद पोषक तत्व और मिनरल्स
न्यूट्रिशनिस्ट रक्षिता मेहरा के अनुसार, मखाना मुख्य रूप से कार्बोहाइड्रेट से भरपूर होते हैं, जिसमें प्रोटीन, थोड़ी मात्रा में फाइबर और कई मिनरल्स भी पाए जाते हैं।
| पोषक तत्व | फायदे |
| कार्बोहाइड्रेट | शरीर को एनर्जी देते हैं |
प्रोटीन |
मांसपेशियों और शरीर के टिश्यू के निर्माण व रखरखाव में फायदेमंद |
कैल्शियम |
हड्डियों और दांतों के स्वास्थ्य के लिए जरूरी |
फॉस्फोरस |
हड्डियों और एनर्जी बढ़ाने से जुड़ी प्रक्रियाओं में भूमिका निभाता है। |
मैग्नीशियम |
मांसपेशियों और नर्वस सिस्टम के सामान्य कामकाज में लाभकारी |
एंटीऑक्सीडेंट |
सेल्स को ऑक्सीडेटिव तनाव से बचाने में मददगार |
मखाने में इन पोषक तत्वों की मात्रा उत्पाद और सेवन की मात्रा के अनुसार बदल सकती है। घी मिलाने से मुख्य रूप से फैट और कैलोरी बढ़ती है, जबकि मखाने के मिनरल्स की मात्रा में खास बढ़ोतरी नहीं होती है।
घी में मखाने भूनने का सही तरीका
न्यूट्रिशनिस्ट रक्षिता मेहरा का कहना है कि घी में मखाने भूनना आसान है और इसके लिए एक कप मखाने और लगभग एक छोटा चम्मच घी लेना काफी हो सकता।
- सबसे पहले एक कड़ाही को धीमी आंच पर गर्म करें।
- इसके बाद इसमें घी डालकर पिघलने दें।
- अब मखाने डालें और लगातार चलाते हुए 5 से 7 मिनट तक भूनें।
- मखाने कुरकुरे हो जाएं, तो गैस बंद कर दें।
- अगर आप चाहें तो स्वाद के लिए इसमें नॉर्मल या व्रत वाला नमक मिला सकते हैं या हल्की काली मिर्च मिला सकते हैं।
ध्यान रहे आपको मखानों को धीमी आंच पर भूनना चाहिए, ताकि वे जलें नहीं। स्वाद बढ़ाने के लिए बहुत ज्यादा घी या नमक डालने से बचें। सामान्य तौर पर लगभग 20 से 30 ग्राम मखाने एक बार के नाश्ते के लिए काफी हो सकते हैं। इसके साथ ही मखाना भूनने के लिए घी की मात्रा अपनी एनर्जी की जरूरतों के अनुसार सीमित रखें।
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किसे नहीं खाना चाहिए?
न्यूट्रिशनिस्ट रक्षिता मेहरा ने बताया कि मखाने आमतौर पर ज्यादातर लोगों के लिए सुरक्षित माने जाते हैं, लेकिन कुछ स्थितियों में सावधानी जरूरी होती है और कुछ लोगों को मखाने खाने से बचना चाहिए-
- वजन कम करने वाले लोग- घी की ज्यादा मात्रा से मखाने में कैलोरी बढ़ सकती है। इसलिए, घी कम मात्रा में इस्तेमाल करें या खाने से बचें।
- दिल की बीमारी वाले लोगों के लिए- घी में सैचुरेटेड फैट होता है। इसलिए, दिल की बीमारी या कोलेस्ट्रॉल ज्यादा बढ़ा होने वाले लोगों को अपने कुल सैचुरेटेड फैट के सेवन पर ध्यान देना चाहिए।
- डायबिटीज से पीड़ित लोग- मखाने में कार्बोहाइड्रेट होते हैं, इसलिए मात्रा और पूरे भोजन में कार्बोहाइड्रेट की कुल मात्रा का ध्यान रखें।
- एलर्जी वाले लोग- अगर आपको मखाना खाने से एलर्जी के लक्षण दिखाई दें तो इसका सेवन बंद करें और डॉक्टर से कंसल्ट करें।
- पाचन से जुड़ी समस्या वाले लोग- ज्यादा मात्रा में खाने से कुछ लोगों को पेट भारी होने या असुविधा होने की समस्या हो सकती है।
निष्कर्ष
घी में भुने मखाने स्वादिष्ट होने के साथ-साथ एनर्जी, कुछ प्रोटीन और जरूरी मिनरल्स होते हैं। इन्हें बैलेंस डाइट के साथ सही और संतुलित मात्रा में खाने से सेहत को कई फायदे मिल सकते हैं और अनहेल्दी स्नैकिंग से बचते हैं।
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FAQ
1 दिन में कितने मखाने खा सकते हैं?
एक हेल्दी व्यक्ति को दिनभर में 25 से 30 ग्राम मखाना खाने चाहिए, क्योंकि ज्यादा मात्रा में मखाना सेहत के लिए हानिकारक हो सकता है।मखाने की तासीर ठंडी होती है या गर्म?
आयुर्वेद के अनुसार मखाने की तासीर ठंडी होती है। इसलिए, इसे गर्मियों में शरीर को ठंडा रखने के लिए खाना फायदेमंद माना जाता है।
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Oct 11, 2026 15:39 IST
Published By : Katyayani Tiwari
Reviewed By : Dt Rakshita Mehra
