Fri Sep 11, 2026 | 08:59 PM IST

Medically Reviewed by Dr Akshay Chugh

ब्रश करते समय मसूड़ों से खून क्यों आता है? डॉक्टर से जानें कारण और बचाव के तरीके

ब्रश करते समय मसूड़ों से खून आना मसूड़ों की सूजन, टार्टर या विटामिन की कमी जैसे कई कारणों का संकेत हो सकता है। इसे नजरअंदाज करने से दांतों का गिरना और अन्य गंभीर स्वास्थ्य समस्याएं हो सकती हैं। इसलिए, डॉक्टर से कंसल्ट करना जरूरी है। 

इस पेज पर:-


ब्रश करते समय मसूड़ों से खून आना एक आम समस्या है जिसे अक्सर लोग आम समझकर नजरअंदाज कर देते हैं। हालांकि, यह इस बात का संकेत है कि आपके मसूड़ों में किसी तरह की समस्या है। मसूड़ों से खून आने का बड़ा कारण दांतों में प्लाक और टार्टर का जमना है, जिससे मसूड़ों में सूजन और इंफेक्शन पैदा हो जाता है। Dr. Akshay Chugh, Internal Medicine & Metabolic Disorders, Metro Hospital and Heart Institute, Noida का कहना है कि मसूड़ों से खून आने की समस्या को लेकर समय पर गंभीर होने की जरूरत होती है, क्योंकि समय पर इसके कारणों का पता न लगने से समस्या गंभीर हो सकती है। इसलिए, आइए इस लेख में विस्तार से जानते हैं कि ब्रश करते समय मसूड़ों से खून क्यों आता है?

मसूड़ों से खून आने के कारण

साल 2022 में International Journal Of environmental Research And Public Health में प्रकाशित स्टडी के अनुसार, हांगकांग के वर्किंग युवाओं में मसूड़ों से खून आने की समस्या ज्यादा नॉर्मल है, जिसके कारणों में मसूड़ों की बीमारी, दांतों की सेंसिटिविटी, नींद पूरी न होना आदि शामिल हैं। Dr. Akshay Chugh के अनुसार, मसूड़ों से खून आने के पीछे कई कारण हो सकते हैं, जिनमें शामिल हैं-

1. मसूड़ों की सूजन

मसूड़ों की सूजन जिसे जिंजिवाइटिस कहा जाता है, मसूड़ों से खून आने का सबसे आम कारण है। जब आप खाना खाते हैं और दांतों की ठीक तरह से सफाई नहीं करते हैं तो दांतों और मसूड़ों के जोड़ पर बैक्टीरिया की एक पतली, चिपचिपी परत जम जाती है, जिसे हम प्लाक कहते हैं।

अगर यह प्लाक 24 से 48 घंटों तक साफ न हो तो इसके बैक्टीरिया मसूड़ों में टॉक्सिन्स छोड़ने लगते हैं। इससे मसूड़े लाल, सूजे हुए और बहुत संसिटिव हो जाते हैं। जैसे ही आप ब्रश की ब्रिसल्स मसूड़ों को छूते हैं, उनसे खून निकलने लगता है।

इसे भी पढ़ें: प्रेग्नेंसी प्लानिंग की चेकलिस्ट में ओरल हेल्थ को क्यों रखें सबसे ऊपर? डॉक्टर से जानें 5 कारण

2. टार्टर या कैलकुलस का जमना

जब प्लाक लंबे समय तक साफ नहीं होता है तो लार में मौजूद मिनरल्स के साथ मिलकर यह सख्त हो जाता है, इसे टार्टर कहते हैं। यह पीले या भूरे रंग का जमाव घर पर नॉर्मल ब्रश करने से नहीं हट सकता है। यह टार्टर मसूड़ों को लगातार चुभता रहता है और मसूड़ों को दांत से अलग करने लगता है, जिससे खून आना बंद नहीं होता है।

3. गलत तरीके से ब्रश करना

बहुत से लोग मानते हैं कि दांतों को जोर-जोर से घिसने से वे बहुत ज्यादा सफेद और साफ हो जाएंगे। यह एक बहुत बड़ी गलतफहमी है। सख्त ब्रिसल्स वाला ब्रश इस्तेमाल करने या दांतों को बहुत ज्यादा दबाव देकर घिसने से मसूड़ों के नाजुक टिश्यू को नुकसान पहुचंता है। गलत तरीके से ब्रश करने से मसूड़े पीछे हटने लगते हैं और खून आने लगता है।

4. पायरिया

अगर जिंजिवाइटिस का सही समय पर इलाज न किया जाए तो यह गंभीर बीमारी पायरिया में बदल जाता है। इसमें इंफेक्शन मसूड़ों की गहराई में जाकर दांतों को सपोर्ट देने वाली हड्डी तक पहुंच जाता है। इस समस्या के कारण मसूड़ों से मवाद और खून आता है, मुंह से तेज बदबू आने लगती है और दांत ढीले होकर हिलने लगते हैं।

5. विटामिन की कमी

ब्रश करते समय मसूड़ों से खून आने का एक कारण विटामिन C और K की कमी भी हो सकती है। विटामिन सी हमारे शरीर और मसूड़ों के टिश्यूज को मजबूत बनाए रखने के लिए जरूरी है। इसकी कमी से मसूड़े बहुत कमजोर हो जाते हैं। वहीं, विटामिन K खून का थक्का जमाने में मदद करता है। इसकी कमी से मामूली से प्रेशर पर भी मसूड़ों से खून बहने लगता है।

6. हार्मोनल बदलाव

महिलाओं में प्रेग्नेंसी, पीरियड्स या मेनोपॉज के दौरान शरीर में एस्ट्रोजन और प्रोजेस्टेरोन हार्मोन्स का लेवल बदलता है। इस कारण मसूड़ों में ब्लड फ्लो बढ़ जाता है और वे प्लाक के लिए ज्यादा सेंसिटिव हो जाते हैं, जिससे आसानी से खून आने लगता है।

7. मेडिकल कंडीशन

डायबिटीज के मरीजों में इंफेक्शन से लड़ने की क्षमता कम होती है, इसलिए उनमें मसूड़ों की बीमारी बहुत जल्दी बढ़ती है। इसके अलावा, खून पतला करने वाली दवाइयां लेने वाले मरीजों में भी यह समस्या देखी जाती है।

Causes-of-bleeding-gums-inside

मसूड़ों से खून आने को नजरअंदाज क्यों नहीं करना चाहिए?

Dr. Akshay Chugh का कहना है कि मसूड़ों से खून आने की समस्या को नजरअंदाज करने पर कई खतरे बढ़ सकते हैं, जिसमें-

  1. दांतों का गिरना- मसूड़े दांतों की नींव होते हैं। नींव कमजोर होगी तो हेल्दी दांत भी हिलकर गिर जाएगा।
  2. मुंह की बदबू- जमे हुए बैक्टीरिया और खून के कारण सांसों से लगातार बदबू आती है।
  3. स्वास्थ्य पर बुरा असर- मसूड़ों के बैक्टीरिया खून के फ्लो के साथ शरीर के अन्य हिस्सों तक पहुंचकर दिल की बीमारियों और कंट्रोल में न रहने वाले डायबिटीज के खतरे को बढ़ा सकते हैं।

मसूड़ों से खून आने की समस्या से बचाव के उपाय

Dr. Akshay Chugh के मुताबिक, मसूड़ों से जुड़ी समस्याओं में सुधार करने के लिए आप इन बातों का ध्यान रखें-

1. मुलायम या अल्ट्रा-सॉफ्ट ब्रश का इस्तेमाल करें

हमेशा मुलायम ब्रिसल्स वाले ब्रश का इस्तेमाल करें। ब्रश करते समय दांतों पर ज्यादा प्रेशर न डालें। ब्रश करने का सही तरीका गोल-गोल या ऊपर से नीचे की तरफ होना चाहिए।

2. दिन में दो बार ब्रश और फ्लॉसिंग करें

सुबह उठकर और रात को सोने से पहले 2 मिनट ब्रश जरूर करें। दो दांतों के बीच फंसे खाने को निकालने के लिए डेंटल फ्लॉस का इस्तेमाल करें, क्योंकि ब्रश के ब्रिसल्स वहां तक नहीं पहुंच पाते हैं।

इसे भी पढ़ें: मसूड़ों को मजबूत बनाने के लिए नारियल तेल का उपयोग कैसे करें? एक्सपर्ट से जानें

3. गुनगुने नमक वाले पानी से कुल्ला करें

दिन में 2-3 बार गुनगुने पानी में आधा चम्मच नमक मिलाकर कुल्ला करें। यह एक नेचुरल एंटीॉसेप्टिक की तरह काम करता है और मसूड़ों की सूजन को तुरंत कम करता है।

4. विटामिन C से भरपूर फूड्स

अपने खाने में आंवला, नींबू, संतरा, अमरूद और हरी पत्तेदार सब्जियां शामिल करें ताकि मसूड़े अंदर से मजबूत हों।

5. प्रोफेशनल स्केलिंग करवाएं

हर 6 महीने में अपने डेंटिस्ट के पास जाकर दांतों की सफाई जरूर करवाएं। मशीन से टार्टर और प्लाक की सफाई कराने से मसूड़े वापस अपने हेल्दी कंडीशन में आ जाते हैं। यह एक सुरक्षित प्रक्रिया है और इससे दांत कमजोर नहीं होते हैं।

निष्कर्ष

Dr. Akshay Chugh का कहना है कि मसूड़ों से खून आना ओरल हेल्थ को लेकर एक इमरजेंसी अलार्म है, जिसे नजरअंदाज करना सही नहीं होता है। अगर सही तरीके से ब्रश करने, मुलायम ब्रश का इस्तेमाल करने और नमक के पानी से कुल्ला करने के 4 से 5 दिनों के बाद भी ब्रश करते समय खून आना बंद नहीं हो रहा है तो तुरंत डेंटिस्ट से कंसल्ट करें। शुरुआत में मसूड़ों की बीमारियों का इलाज बहुत आसान, बिना दर्द के और किफायती होता है।
Image Credit: Freepik

FAQ

  • मसूड़े से खून आता है तो क्या करें?

    मसूड़ों से खून आने पर गुनगुने पानी में थोड़ा नमक मिलाकर दिन में दो से तीन बार कुल्ला करें। इसके अलावा, अपने दांतो की नियमित सफाई करें, जिसके लिए मुलायम ब्रिसल वाले ब्रश का इस्तेमाल करें। अगर समस्या बनी रहे तो डॉक्टर से कंसल्ट करें।
  • कौन सा विटामिन मसूड़ों से खून आने से रोकता है?

    मसूड़ों से खून आने की समस्या मुख्य रूप से विटामिन सी और विटामिन के की कमी के कारण होती है और इन्हें पूरा करने से यह समस्या रुक सकती है।

Read Next

ब्रश करने के बाद भी मुंह से दुर्गंध क्यों आती है? डेंटिस्ट से जानें इसके छिपे कारण और बचाव के उपाय

Disclaimer

इस जानकारी की सटीकता, समयबद्धता और वास्तविकता सुनिश्चित करने का हर सम्भव प्रयास किया गया है हालांकि इसकी नैतिक जि़म्मेदारी ओन्लीमायहेल्थ डॉट कॉम की नहीं है। हमारा आपसे विनम्र निवेदन है कि किसी भी उपाय को आजमाने से पहले अपने चिकित्सक से अवश्य संपर्क करें। हमारा उद्देश्य आपको जानकारी मुहैया कराना मात्र है।

कात्यायनी तिवारी पिछले 6 वर्षों से पत्रकारिता में सक्रिय हैं। करियर की शुरुआत उन्होंने न्यूज चैनल से की और बाद में डिजिटल मीडिया में हेल्थ और लाइफस्टाइल विषयों पर काम करना शुरू किया। फिलहाल वह OnlyMyHealth में सब एडिटर के तौर पर कार्यरत हैं।वह महिला स्वास्थ्य, पोषण, आयुर्वेद, योग, स्किन हेल्थ और प्रेग्नेंसी जैसे विषयों पर लिखती हैं। उनका प्रयास रहता है कि ताजा रिसर्च, विशेषज्ञ डॉक्टरों की राय और प्रमाणित स्रोतों के आधार पर सही स्वास्थ्य जानकारी सरल भाषा में पाठकों तक पहुंचे। जिन लेखों में मेडिकल पुष्टि जरूरी होती है, उन्हें प्रकाशित होने से पहले डॉक्टरों द्वारा रिव्यू किया जाता है।OnlyMyHealth से पहले वह Jantantra TV और Boldsky के साथ काम कर चुकी हैं।

Read More..

How we keep this article up to date:

We work with experts and keep a close eye on the latest in health and wellness. Whenever there is a new research or helpful information, we update our articles with accurate and useful advice.

  • Current Version

    Aug 12, 2026 12:18 IST

    Modified By : Katyayani Tiwari
  • Aug 12, 2026 12:18 IST

    Published By : Katyayani Tiwari
    Reviewed By : Dr Akshay Chugh

Medically reviewed content
200+ medical reviewers in network
17 Years of Trusted Health Content
Medically reviewed content
200+ medical reviewers in network
17 Years of Trusted Health Content
Medically reviewed content
200+ medical reviewers in network
17 Years of Trusted Health Content