वजन कम करने और फिटनेस की जब भी बात आती है तो अक्सर लोग ब्लैक कॉफी पीने की सलाह देते हैं, लेकिन क्या आपने कभी सोचा है कि आखिर ब्लैक कॉफी को ही फैट बर्न करने का एक बेहतर तरीका क्यों माना जाता है? वहीं, कुछ लोग ब्लैक कॉफी के स्थान पर दूध और चीनी वाली कॉफी पीना पसंद करते हैं, जिसे फैट कम करने के लिहाज से नुकसानदायक माना जाता है। दिल्ली की क्लिनिकल डाइटिशियन और न्यूट्रिशनिस्ट रक्षिता मेहरा का कहना है कि दूध और चीनी वाली कॉफी कैलोरी से भरपूर होती है, जो फैट बढ़ने का कारण बन सकती है। जबकि ब्लैक कॉफी में कैफीन ज्यादा और कैलोरी न के बराबर होती है, जो फैट बर्न करने के लिए एक बेहतर ड्रिंक मानी जाती है। आइए इस लेख में विस्तार से जानते हैं ब्लैक कॉफी, दूध और चीनी वाली कॉफी की तुलना में फैट बर्न के लिए ज्यादा असरदार क्यों मानी जाती है?
फैट बर्न में ब्लैक कॉफी क्यों है ज्यादा असरदार?
न्यूट्रिशनिस्ट रक्षिता मेहरा का कहना है कि ब्लैक कॉफी आमतौर पर कॉफी और पानी का आम सा मिश्रण होता है। इसमें अगर चीनी, क्रीम या अन्य कैलोरी वाली चीजें न मिलाई जाएं तो इसमें कैलोरी की मात्रा बहुत कम होती है। इसी कारण कैलोरी-डेफिसिट वाली डाइट में ब्लैक कॉफी शामिल हो सकती है।
कैफीन हमारे शरीर में थर्मोजेनेसिस और लिपोलिसिस जैसी प्रक्रियाओं को प्रभावित कर सकता है। साल 2023 में Nutrients जर्नल में प्रकाशित एक रिसर्च बताती है कि कैफीन लेने से शरीर का फैट बर्न करने में काफी मदद मिल सकती है। साल 1992 से 2022 के कई स्टडी में यह साफ हुआ है कि चाहे आप आराम कर रहे हों या एक्सरसाइज, कैफीन आपके शरीर की चर्बी को एनर्जी के रूप में इस्तेमाल करने का एक आसान और असरदार तरीका हो सकती है।
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दूध वाली कॉफी से क्या फैट बर्न रुक जाता है?
न्यूट्रिशनिस्ट रक्षिता मेहरा का कहना है कि दूध वाली कॉफी पीने से फैट बर्निंग प्रोसेस रुक जाता है या खत्म हो जाता है यह एक गलतफहमी है। कॉफी में दूध डालने से प्रोटीन, फैट, कार्बोहाइड्रेट और कैलोरी भी शामिल हो जाती है। हालांकि, ऐसा कोई प्रमाण नहीं है कि थोड़ी मात्रा में दूध मिलाने से कैफीन का असर बंद हो जाता है।
न्यूट्रिशनिस्ट रक्षिता मेहरा कहती हैं कि अगर आप बिना चीनी की कॉफी में थोड़ी मात्रा में लो-फैट या नॉर्मल दूध मिलाकर पीते हैं और यह आपकी रोजाना की कैलोरी की जरूरत को पूरा करने में मदद करता है तो यह आपके लिए नुकसानदायक नहीं होता है।
चीनी से पड़ता है ज्यादा फर्क
न्यूट्रिशनिस्ट रक्षिता मेहरा के अनुसार, फैट लॉस के लिए ब्लैक कॉफी और हल्की दूध वाली, लेकिन बिना चीनी की कॉफी असरदार हो सकती है। हालांकि, अगर आप उन लोगों में से हैं, जो कॉफी में चीनी, फ्लेवर्ड सिरप या व्हिप्ड क्रीम मिलाकर पीना पसंद करते हैं, तो यह फैट लॉस नहीं बल्कि फैट गेन का कारण बन सकती है। चीनी या अन्य चीजें सामान्य से ज्यादा मात्रा में कॉफी में मिलाकर पीने से अतिरिक्त कैलोरी धीरे-धीरे शरीर में जमा होने लगती है, जो आपके वेट लॉस प्रक्रिया को प्रभावित कर सकती हैं।

तो फैट बर्न के लिए कौन-सी कॉफी बेहतर?
न्यूट्रिशनिस्ट रक्षिता मेहरा का कहना है कि ब्लैक कॉफी को कैलोरी-डेफिसिट डाइट का हिस्सा बनाना आसान हो सकता है। लेकिन, अगर आपको ब्लैक कॉफी पसंद नहीं है तो आप कम दूध वाली कॉफी बिना चीनी के भी पी सकते हैं। बस इस बात का ध्यान रखना जरूरी है कि इसमें कैलोरी की मात्रा आपके डेली इनटेक का हिस्सा हो।
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एक्सपर्ट की सलाह
न्यूट्रिशनिस्ट रक्षिता मेहरा का कहना है कि "दूध और चीनी वाली कॉफी पीने का फैट बर्न करने से सीधा संबंध नहीं है।, फैट बर्न होना सोच-समझकर की गई डाइट प्लानिंग और उसके साथ एक्सरसाइज व ट्रेनिंग करने का नतीजा है। दूध और चीनी वाली कॉफी कैलोरी से भरपूर ड्रिंक है। कॉफी फैट बर्न करने में मदद कर सकती है, लेकिन इसका असर बहुत कम या न के बराबर होता है।" इसके साथ ही आप इन बातों का ध्यान रखें-
- ब्लैक कॉफी पसंद है तो बिना चीनी के इसे पिएं।
- दूध वाली कॉफी पसंद है तो दूध की मात्रा सीमित रखें।
- कॉफी में चीनी की मात्रा धीरे-धीरे कम करें या बिना चीनी की आदत डालें।
- क्रीम, फ्लेवर्ड सिरप और मीठे कॉफी मिक्स को रोज पीने की आदत न बनाएं।
- कॉफी को अपने भोजन का विकल्प बनाने से बचें।
- फैट बर्न करने के लिए डाइट में पर्याप्त मात्रा में प्रोटीन, फाइबर लें
- अच्छी नींद लें और नियमित रूप से एक्सरसाइज करें।
निष्कर्ष
न्यूट्रिशनिस्ट रक्षिता मेहरा कहती हैं कि फैट बर्न करने के लिए ब्लैक कॉफी को सबसे बेहतर विकल्प नहीं मानना चाहिए। कैफीन फैट मेटाबॉलिज्म और फैट ऑक्सीडेशन पर हल्का प्रभाव डाल सकता है, लेकिन फैट लॉस के लिए लंबे समय तक कैलोरी की मात्रा को संतुलित रखना सबसे ज्यादा जरूरी है। इसलिए, अगर आप ब्लैक कॉफी आराम से पी सकते हैं, तो ही यह आपके लिए अच्छा विकल्प है, लेकिन आपको दूध को पूरी तरह कॉफी से अलग करने की जरूरत नहीं है।
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FAQ
ब्लैक कॉफी पीने से क्या फायदा होता है?
ब्लैक कॉफी पीने से वजन कम होने, मानसिक सतर्कता बढ़ाने और एनर्जी का लेवल बढ़ाने में मदद मिल सकती है। इसे पीने से मेटाबॉलिज्म तेज होता है, जो वेट लॉस में असरदार हो सकता है।1 दिन में कितनी बार ब्लैक कॉफी पीनी चाहिए?
एक हेल्दी व्यक्ति को दिन में कम से कम 2 से 3 कप ब्लैक कॉफी पीना सुरक्षित माना जाता है। ध्यान रहे, दिन में 4 कप कॉफी या उससे ज्यादा पीने से बचना चाहिए।
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Current Version
Aug 19, 2026 14:25 IST
Modified By : Katyayani Tiwari Aug 19, 2026 14:25 IST
Published By : Katyayani Tiwari
Reviewed By : Dt Rakshita Mehra