Ginkgo Biloba: गिंको बाइलोबा (जिंको बिलोबा) सेहत के लिए कैसे है उपयोगी? जानें इसके 7 फायदे और नुकसान

गिंको बाइलोबा (जिंको बिलोबा) सेहत के लिए बेहद उपयोगी है। ऐसे में इसके फायदों के साथ-साथ नुकसान के बारे में भी जानना जरूरी है।

Garima Garg
Written by: Garima GargUpdated at: Apr 14, 2021 14:05 IST
Ginkgo Biloba: गिंको बाइलोबा (जिंको बिलोबा) सेहत के लिए कैसे है उपयोगी? जानें इसके 7 फायदे और नुकसान

प्राचीन काल से कुछ ऐसी जड़ी बूटियां हमारे आस पास मौजूद हैं, जिनका अर्क, पत्तियां, बीज, जड़ आदि के सेवन से सेहत को अनेक समस्याओं से दूर रखा जा सकता है। आज का हमारा लेख भी एक ऐसी ही जानी-मानी जड़ी बूटी पर है। आज हम बात कर रहे हैं, गिंको बाइलोबा (जिंको बिलोबा) की। बता दें कि प्राचीन काल से पाए जाने वाला यह पौधा कई औषधीय गुणों से भरपूर हैं। इसका हर्बल सप्लीमेंट के रूप में भी उपयोग किया जाता है। ऐसे में इनके गुणों के बारे में जानना जरूरी है। आज का हमारा लेख इसी विषय पर है। आज हम आपको अपने इस लेख के माध्यम से बताएंगे कि गिंको बाइलोबा (जिंको बिलोबा) सेहत के लिए कैसे उपयोगी है साथ ही इसके नुकसान भी जानेंगे। पढ़ते हैं आगे...

गिंको बाइलोबा (जिंको बिलोबा) के फायदे (benefits of ginkgo biloba)

ध्यान दें कि गिंको बाइलोबा (जिंको बिलोबा) के पत्तों के अंदर कई औषधीय गुण मौजूद हैं। इसमें ना केवल फ्लेवोनॉयड पाया जाता है बल्कि फेनोलिक यौगिक के साथ-साथ मल्टीविटामिन, एंटी इन्फ्लेमेटरी आदि भी मौजूद होता है। आइए जानते हैं इसके निम्न फायदों के बारे में...

1 - नसों की सूजन को दूर करें गिंको बाइलोबा (जिंको बिलोबा)

बता दें कि गिंको बाइलोबा (जिंको बिलोबा) लोगों के अंदर दर्द निवारक तत्व मौजूद होते हैं जो न केवल नसों के सिकुड़ने की समस्या को दूर करते हैं बल्कि हाथ और पैरों में होने वाले दर्द से भी राहत पहुंचाते हैं। यह न्यूरोपैथिक समस्या जो कि टिशू के क्षतिग्रस्त हो जाने पर हो जाती है, उस समस्या से भी आराम दिलाता है। ऐसे में हम कह सकते हैं कि दर्द को दूर करने में गिंको बाइलोबा (जिंको बिलोबा) बेहद अच्छा है।

2 -  दिल को बनाए बेहतर

बता दें कि इसके पत्तों के अंदर एंटी हाइपरट्रॉफिक गुण मौजूद होते हैं जो न केवल दिल के कार्य में सुधार लाते हैं बल्कि दिल की मांसपेशियों को लिए भी अच्छा है। यह ह्रदय में ब्लड को कम करने की क्षमता पर भी प्रभाव डालता है। यह रक्त संचार प्रणाली को भी संतुलित करता है। ऐसे में हम कह सकते हैं कि दिल की सेहत के लिए गिंको बाइलोबा (जिंको बिलोबा) बेहद अच्छा उपाय है।

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3 - एकाग्रता को बढ़ाएं

आजकल की जीवन शैली के कारण चिंता या अवसाद होना बेहद आम बात है। ऐसे में गिंको बाइलोबा (जिंको बिलोबा) के उपयोग से इन दोनों समस्याओं को दूर किया जा सकता है। इसके अंदर एंटी ऑक्सीडेंट गुण मौजूद होते हैं जो ना केवल मानसिक बीमारी से लड़ते हैं बल्कि अल्जाइमर जैसी समस्या से भी छुटकारा दिलाते हैं। अगर आपकी याद्दाश कमजोर हैं तो आप इसका उपयोग एकाग्रता और याददाश्त को बढ़ाने के लिए कर सकते हैं। बता दें कि अभी इस विषय पर और रिसर्च चल रही है।

4 - आंखों की सेहत के लिए अच्छा है गिंको बाइलोबा (जिंको बिलोबा)

जब आंखों में ग्लूकोमा जैसी स्थिति पैदा हो जाती है तो व्यक्ति की दृष्टि कमजोर होने लगती है। ऐसे में बता दें कि गिंको बाइलोबा (जिंको बिलोबा) के अंदर फ्लेवोनॉयड्स के साथ विटामिन सी, विटामिन ई एंटीऑक्सीडेंट गुण मौजूद होते हैं। जो न केवल फ्री रेडिकल्स से बचाव करते हैं बल्कि ग्लूकोमा को भी कम करते हैं। ऐसे में हम कह सकते हैं कि गिंको बाइलोबा (जिंको बिलोबा) आंखों की सेहत के लिए अच्छा है।

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5 - रक्तचाप को करे नियंत्रित

ध्यान दें कि गिंको बाइलोबा (जिंको बिलोबा) के पत्तों से बना अर्क कई औषधीय गुणों से भरपूर है। इसके अंदर कार्बनिक एसिड, ग्लूकोस, डी ग्लूकेरिक आदि गुण मौजूद है जो न केवल रक्तचाप को नियंत्रित करते हैं बल्कि खून के प्रभाव में सुधार ला सकते हैं। ऐसे हम कह सकते हैं कि रक्त संचार में सुधार के लिए गिंको बाइलोबा (जिंको बिलोबा) बेहद उपयोगी है।

6 - अस्थमा की समस्या को करें दूर

बता दें कि सांस संबंधित समस्याओं को दूर करने में भी गिंको बाइलोबा (जिंको बिलोबा) बेहद महत्वपूर्ण काम आ सकता है। यह न केवल अस्थमा की समस्या को दूर करता है बल्कि खांसी, सर्दी, जुकाम, सांस संबंधित समस्याएं, फेफड़ों से जुड़ी समस्याओं को भी दूर करने में बेहद लाभदायक है। अगर आप स्वास्थ्य संबंधित विकारों को दूर करना चाहते हैं तो गिंको बाइलोबा (जिंको बिलोबा) का उपयोग कर सकते हैं।

7 - त्वचा की समस्या को दूर करें

बता दें कि गिंको बाइलोबा (जिंको बिलोबा) त्वचा की कोई समस्या को दूर करने में बेहद उपयोगी है। अगर आप झुर्रियां या बढ़ती उम्र से परेशान हैं तो यह एंटी रिंकल्स के रूप में काम करता है। आप गिंको बाइलोबा (जिंको बिलोबा) से बना फेस पैक इस्तेमाल कर सकते हैं। यह प्राकृतिक सनस्क्रीन का भी काम करता है। ऐसे में अगर आपकी त्वचा सूर्य की हानिकारक किरणों से क्षतिग्रस्त हो गई है तो इसके लिए आप गिंको बाइलोबा (जिंको बिलोबा) क्रीम भी इस्तेमाल कर सकते हैं और त्वचा की कई समस्या को दूर कर सकते हैं।

जिंको बिलोबा कैसे उपयोगी है?

बता दें कि आप गिंको बाइलोबा (जिंको बिलोबा) की पत्तियों का इस्तेमाल चाय बनाकर कर सकते हैं। इसके अलावा गिंको बाइलोबा (जिंको बिलोबा) कैप्सूल का भी सेवन कर सकते हैं। डॉक्टर के परामर्श के अनुसार आप गिंको बाइलोबा (जिंको बिलोबा) गोलियों का सेवन भी कर सकते हैं या त्वचा पर पेस्ट के रूप में भी बना सकते हैं। आप गिंको बाइलोबा (जिंको बिलोबा) के अर्क को तेल में मिलाकर भी लगा सकते हैं।

गिंको बाइलोबा (जिंको बिलोबा) के नुकसान (side effects of Ginkgo biloba)

गिंको बाइलोबा (जिंको बिलोबा) सेहत के लिए जितना फायदेमंद है उसके अधिक सेवन से नुकसान भी हो सकता है। आइये जानते हैं इनके बारे में...

1 - अगर व्यक्ति को रक्त स्राव की समस्या है तो इसके सेवन से समस्या और बढ़ सकती है।

2 - व्यक्ति को थायराइड कैंसर और लिवर की समस्या भी हो सकती है।

3 - अगर कोई व्यक्ति कच्चा या भुना हुआ गिंको बाइलोबा (जिंको बिलोबा) बीज खाता है तो यह जहर के रूप में भी काम कर सकता है।

4 - गर्भावस्था के दौरान इसका सेवन असुरक्षित हो सकता है ऐसे में डॉक्टर की सलाह पर ही इसका सेवन करें।

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नोट - ऊपर बताए गए बिंदुओं से पता चलता है कि गिंको बाइलोबा (जिंको बिलोबा) हर तरीके से फायदेमंद है। लेकिन इसके अधिक सेवन से कई नुकसान भी हो सकते हैं। ऐसे में अगर आप इसका सेवन करने के बारे में सोच रहे हैं तो सबसे पहले ऊपर दिए गए बिंदुओं को अच्छे से पढ़ें और उसके बाद डॉक्टर की सलाह पर इसका सेवन करें। जैसा कि हमने पहले भी बताया कि अभी गिंको बाइलोबा (जिंको बिलोबा) के ऊपर और भी शोध चल रहे हैं। ऐसे में इसे अपना डाइट में जोड़ने से पहले या इस्तेमाल करने से पहले डॉक्टर की सलाह जरूरी है।

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