सोरायसिस, सिर दर्द और घुटनों के दर्द को प्राकृतिक रूप से ठीक करता है करेला, जानें कैसे

By  , ओन्‍ली माई हैल्‍थ सम्पादकीय विभाग
Apr 02, 2018
Comment

Subscribe for daily wellness inspiration

Like onlymyhealth on Facebook!

Quick Bites

  • खाने में थोड़ी सी कड़वी ये सब्जी गुणों की खान है।
  • करेला हमारी पाचन शक्ति को बढ़ाता है जिसके कारण भूख बढ़ती है।
  • सोरायसिस में भी करेला बहुत फायदेमंद है।

करेला कुछ लोगों को कड़वा होने के कारण नहीं पसंद होता है वहीं इस कड़वेपन के बीच छिपी हुई मिठास कुछ लोगों को बहुत पसंद आती है। करेला आमतौर पर गर्मियों की सब्जी है। खाने में थोड़ी सी कड़वी ये सब्जी गुणों की खान है। इसमें मौजूद औषधीय तत्व हमारे शरीर को कई परेशानियों और रोगों से बचाते हैं। करेला में ढेर सारे मिनरल्स, विटामिन्स, फाइबर और एंटीऑक्सिडेंट्स पाए जाते हैं। आइये आपको बताते हैं करेला खाने से आपको क्या-क्या लाभ मिलता है।

डायबिटीज में फायदेमंद

करेला डाइबिटीज के मरीज़ों के लिए बहुत फायदेमंद है। करेले का प्रयोग एक नैचुरल स्टेरॉयड के रुप में किया जाता है क्‍योंकि इसमें कैरेटिन नामक रसायन होता है जिसका सेवन करने से खून में शुगर का स्‍तर नियंत्रित रहता है। करेले में मौजूद ओलिओनिक एसिड ग्‍लूकोसाइड, शुगर को खून में ना घुलने देने की क्षमता रखता है। यह शुगर लेवल को संतुलित करता है और अग्‍नाशय को इंसुलिन द्वारा अवशोषित होने से रोकता है। करेला इसलिए भी मधुमेह के रोकथाम के लिए जरुरी है क्‍योंकि यह एक साथ शुगर को इकट्ठा कर लेता है और सीधे रक्‍तधारा में बहाता है। इससे शरीर को बिना शुगर के लेवल को बढ़ाए ब्रेक डाउन करने में मदद मिलती है। डायबिटीज के मरीजों को करेले की सब्जी भी खानी चाहिए।

लिवर के लिए है फायदेमंद

करेला हमारी पाचन शक्ति को बढ़ाता है जिसके कारण भूख बढ़ती है। करेले ठंडा होता है, इसलिए यह गर्मी से पैदा हुई बीमारियों के उपचार के लिए फायदेमंद है। लीवर से संबंधित बीमारियों के लिए तो करेला रामबाण औषधि है। जलोदर रोग होने पर आधा कप पानी में 2 चम्मच करेले का रस मिलाकर ठीक होने तक रोजाना तीन-चार बार सेवन करने से फायदा होता है।

इसे भी पढ़ें:- रोजाना बस एक कप कॉफी आपको इन 6 गंभीर बीमारियों से बचाएगी

फोड़े-फुंसी में

अगर आपकी स्किन में कहीं फोड़े-फुंसी हैं, तो आप करेले की जड़ को घिसकर फोड़े या घाव वाली जगह लगा लें। इससे कुछ ही दिनों में फोड़ा ठीक हो जाएगा। अगर करेले की जड़ ना मिले तो करेले के पत्ते को पीसकर थोड़ा गर्म करके पट्टी में बांधकर घाव पर लगा दें, इससे पस निकल जाएगा और घाव में होने वाले दर्द में भी आराम मिलेगा।

कैंसर से बचाव

रोजाना एक गिलास करेले का जूस पीने से अग्नाशय का कैंसर पैदा करने वाली कोशिकाएं नष्ट होती हैं। ऐसा इसलिए होता हैं क्यों कि करेले में मौजूद एंटी- कैंसर कॉम्पोनेंट्स अग्नाशय का कैंसर पैदा करने वाली कोशिकाओं में ग्लूकोस का पाचन रोक देते हैं जिससे इन कोशिकाओं की शक्ति ख़त्म हो जाती हैं और ये ख़त्म हो जाती हैं।

इसे भी पढ़ें:- जोड़ों के दर्द को तुरंत छूमंतर करता है पालक का जूस, जानें पूरी रेसिपी

सोरायसिस

सोरायसिस में भी करेला बहुत फायदेमंद है। एक कप करेले के जूस में एक चम्मच नींबू का जूस मिला लें इस मिश्रण का खली पेट सेवन करें। 3 से 6 महीनें तक इसका सेवन करने से त्वचा पर सोराइसिस के लक्षण दूर होते हैं। यह आपकी रोग प्रतिरोधक क्षमता को भी बढ़ाता है और सोराइसिस को प्राकृतिक रूप से ठीक करने में मदद करता है।

घुटने और सिर का दर्द

करेले में दर्द निवारक गुण भी होते हैं। सिरदर्द काफी समय से लगातार होने लगे तो ऐसे में करेला काफी फायदेमंद साबित होता है। इसके लिए करेले की पत्तियों को पीस लें और फिर इसे माथे पर लगा लें। ऐसा करने से सिरदर्द से आराम मिल जाएगा। करेले से घुटने के दर्द से भी राहत पाई जा सकती है। इसके लिए करेले को हल्का सा भून लें और इसको कॉटन में बांध लें। इसके बाद इसे घुटने पर लगाएं।

ऐसे अन्य स्टोरीज के लिए डाउनलोड करें: ओनलीमायहेल्थ ऐप

Read More Articles On Healthy Eating in Hindi

Loading...
Write Comment Read ReviewDisclaimer
Is it Helpful Article?YES1680 Views 0 Comment
संबंधित जानकारी
  • सभी
  • लेख
  • स्लाइडशो
  • वीडियो
  • प्रश्नोत्तर