Fri Sep 11, 2026 | 09:50 PM IST

Medically Reviewed by Dr Shobha Gupta , Medical Director and IVF Consultant

क्या प्रेग्नेंसी में कॉफी पीने से एसिडिटी हो सकती है? जानें डॉक्टर से

Kya Pregnancy Mein Coffee Pi Sakte Hain: क्या प्रेग्नेंसी में आप भी कई बार कॉफी पीती हैं? अगर हां, तो यह लेख खास आपके लिए है। जानिए, कॉफी पीने से एसिडिटी होती है या नहीं?

Kya Pregnancy Mein Coffee Pine Se Acidity Hoti Hai: कई लोगों को सुबह-सुबह ही कॉफी पीना पसंद होता है। कॉफी पीने से ही दिन की शुरुआत करते हैं। कॉफी में कई ऐसे तत्व होते हैं, जो आपको तुरंत एक्टिव करते हैं। इसलिए, दिन की शुरुआत करने के लिए यह बेहतर विकल्प है। हालांकि, इस बात से इंकार नहीं किया जा सकता है कि कुछ लोगों के लिए कॉफी का सेवन सही नहीं है। ऐसे में सवाल उठता है कि क्या प्रेग्नेंसी में कॉफी का सेवन करना सही होता है? असल में, कॉफी पीने के बाद कुछ लोगों को एसिडिटी की शिकायत हो जाती है। ऐसे में यह जान लेना आवश्यक है कि क्या प्रेग्नेंसी में कॉफी पीने से एसिडिटी की समस्या हो सकती है? आइए, जानते हैं इस बारे में Mumma's Blessing IVF और वृंदावन स्थित Birthing Paradise की Medical Director and IVF Specialist डॉ. शोभा गुप्ता की क्या राय है।

क्या प्रेग्नेंसी में कॉफी पीने से एसिडिटी हो सकती है?- Does Coffee Cause Heartburn During Pregnancy

does coffee cause acid reflux in pregnancy 02 (4)

यह पूरी तरह सच है कि कॉफी पीने से एसिडिटी की समस्या हो सकती है। ऐसा इसलिए होता है, क्योंकि इसमें मौजूद कैफीन और नेचुरल ऑयल पेट को ज्यादा गैस्ट्रिक एसिड बनाने के लिए उत्तेजित करता है। इससे पेट का एसिड इसोफेगस में ऊपर चला आता है, जिससे सीने में जलन होती है। जहां तक सवाल इस बात का है कि क्या प्रेग्नेंसी में भी कॉफी पीने से एसिडिटी हो सकती है? इस बारे में डॉ. शोभा गुप्ता कहती हैं, "हां, प्रेग्नेंसी में भी कॉफी पीने से एसिडिटी की समस्या हो सकती है।" आपको जानकारी के लिए बता दें कि प्रेग्नेंसी के दौरान सीने में जलन, एसिडिटी जैसी समस्याएं आम होती हैं। इन दिनों महिलाओं के शरीर में कई तरह के हार्मोनल बदलाव होते हैं, जो एसिडिटी का कारण बनते हैं। डॉ. शोभा गुप्ता आगे समझाती हैं, "अगर किसी महिला को पहले से ही एसिडिटी की दिक्कत है, तो उन्हें कॉफी पीने से बचना चाहिए, क्योंकि उनकी कंडीशन बिगड़ सकती है।" National Institutes of Health (.gov) की एक रिपोर्ट कहती है कि सीमित मात्रा में कॉफी पीने का गर्भवती महिला और गर्भ में पल रहे शिशु पर इसका कोई असर नहीं पड़ता है।

इसे भी पढ़ें: प्रेग्नेंसी के दौरान गर्मियों में गैस और अपच की समस्या क्यों बढ़ जाती है? डॉक्टर बता रहे हैं 4 कारण

प्रेग्नेंसी में एक दिन में कितनी कॉफी पीना सेफ होता है?

does coffee cause acid reflux in pregnancy 01 (13)

डॉ. शोभा गुप्ता बताती हैं, "अगर किसी प्रेग्नेंट महिला को ब्लड प्रेशर की दिक्कत है, उन्हें कॉफी पीने से बचना चाहिए। अगर प्रेग्नेंट महिला को कॉफी पीने की आदत है, तो उन्हें पूरे दिन में अधिकतम 200 मिलीग्राम से ज्यादा इसका सेवन नहीं करना चाहिए।" डॉ. शोभा गुप्ता आगे सलाह देती हैं, "कॉफी पीते हुए प्रेग्नेंट महिलाओं को पूरी सावधानी बरतनी चाहिए। अगर कॉफी पी रही हैं, तो उन्हें फ्राइड चीजों का सेवन बंद कर देना चाहिए। यह भी सीने में जलन का एक मुख्य कारण बन सकता है।" American College of Obstetricians and Gynecologists (ACOG) में भी कहा गया है कि प्रेग्नेंसी में एक दिन में 200 mg से ज्यादा कॉफी नहीं पीनी चाहिए।

इसे भी  पढ़ें: क्या प्रेग्नेंसी में ज्यादा गैस बनना नॉर्मल है? डॉक्टर से जानें इससे बचने के उपाय

प्रेग्नेंसी में कॉफी के साथ क्या न खाएं?

प्रेग्नेंसी में कॉफी पीने में कोई बुराई नहीं है, लेकिन इन दिनों पूरी सावधानी बरतनी चाहिए ताकि महिलाओं का स्वास्थ्य सही रहे। इसके लिए डॉ. शोभा गुप्ता कुछ विशेष किस्म की सावधानियां बरतने की सलाह देती हैं, जैसे-

  1. कॉफी के साथ स्पाइसी फूड न खाएं।
  2. कॉफी के साथ फैटी और फ्राइड फूड खाना सही नहीं है।
  3. कॉफी या कुछ भी खाने के तुरंत बाद बिस्तर पर न लेटें।
  4. रात को सोने से तीन घंटे पहले अपना डिनर कर लें। चाहें, तो इस दौरान कॉफी पी सकती हैं।
  5. अगर कॉफी पीते ही समस्या होने लगती है, तो इसे पूरी तरह डाइट से निकाल दें।

इसे भी पढ़ें: प्रेग्नेंसी के दौरान पेट में गैस बनने पर अपनाएं ये 4 उपाय, जल्द मिलेगा आराम

निष्कर्ष

कुल मिलाकर कहने का मतलब यह है कि कॉफी पीना सेहत के लिए बुरा नहीं है। अगर प्रेग्नेंट महिला को अक्सर नींद आती है, तो वे कॉफी का सेवन कर सकती हैं, लेकिन इसका सीमित मात्रा में ही सेवन किया जाना चाहिए। साथ ही, अगर किसी तरह की स्वास्थ्य समस्या है, तो इससे दूरी बनाए रखना उनके और गर्भ में पल रहे शिशु के लिए बेहतर होता है। खासकर, जिन महिलाओं को ब्लड प्रेशर की समस्या है, उन्हें कॉफी से दूर रहना चाहिए। असल में कॉफी में मौजूद कैफीन एक हार्मोन (एडेनोसिन) को ब्लॉक करता है और रक्त वाहिकाएं (Blood Vessels) सिकुड़ सकती हैं। इससे ब्लड प्रेशर तुरंत स्पाइक कर सकता है।

All Image Credit: Freepik

FAQ

  • प्रेग्नेंसी में कॉफी का क्या असर होता है?

    प्रेग्नेंसी में कॉफी पीने से भ्रूण के विकास पर नकारात्मक असर पड़ सकता है। एनसीबीआई की एक रिपोर्ट कहती है कि गर्भावस्था में कैफीन लेने से यह आसानी से प्लेसेंटा को पार कर सकता है और प्लेसेंटा में रक्त प्रवाह को कम कर सकता है।
  • प्रेग्नेंसी में कौन सा खाना एसिडिटी का कारण बनता है?

    गर्भावस्था में हार्मोनल बदलाव और गर्भाशय के पेट पर दबाव पड़ने के कारण अपच और सीने में जलन की समस्या बनी रहती है। इन दिनों में गर्भवती महिलाओं को वसायुक्त, मसालेदार भोजन, कैफीन, चॉकलेट या खट्टे फलों का सेवन नहीं करना चाहिए।
  • प्रेग्नेंसी में एसिडिटी बने तो क्या करना चाहिए?

    प्रेग्नेंसी में एसिडिटी से बचने के लिए हमेशा धीरे-धीरे खाएं और अच्छी तरह चबाकर खाना खाएं। खाना खाने के बाद कम से कम 2-3 घंटे तक लेटने से बचें। एक बार में हैवी मील न लें, दिन भर में थोड़ा-थोड़ा खाएं और लिक्विड डाइट ज्यादा लें। साथ ही दिन भर में पर्याप्त मात्रा में पानी पीना न भूलें।

Read Next

क्या वाकई एक्सरसाइज से बढ़ जाते हैं नॉर्मल डिलीवरी के चांस? डॉक्टर से जानें सच्चाई

Disclaimer

इस जानकारी की सटीकता, समयबद्धता और वास्तविकता सुनिश्चित करने का हर सम्भव प्रयास किया गया है हालांकि इसकी नैतिक जि़म्मेदारी ओन्लीमायहेल्थ डॉट कॉम की नहीं है। हमारा आपसे विनम्र निवेदन है कि किसी भी उपाय को आजमाने से पहले अपने चिकित्सक से अवश्य संपर्क करें। हमारा उद्देश्य आपको जानकारी मुहैया कराना मात्र है।

Meera Tagore

Meera Tagore

Senior Sub Editor

मीरा टैगोर 2009 से पत्रकारिता में सक्रिय हैं और पिछले 5 वर्षों से विशेष रूप से हेल्थ जर्नलिज्म पर काम कर रही हैं। फिलहाल वह OnlyMyHealthमें सीनियर सब एडिटर के तौर पर कार्यरत हैं। वह महिला स्वास्थ्य और यौन स्वास्थ्य जैसे संवेदनशील विषयों पर लिखती हैं और इनसे जुड़ी जानकारी को प्रमाणित स्रोतों और रिसर्च के आधार पर सटीक और सरल भाषा में पाठकों तक पहुंचाने की कोशिश करती हैं। जिन विषयों में मेडिकल पुष्टि जरूरी होती है, उन्हें प्रकाशित होने से पहले डॉक्टरों द्वारा रिव्यू किया जाता है। उन्होंने अपने करियर की शुरुआत प्रिंट मीडिया से की थी और OnlyMyHealth से पहले Image Reflection Centre, Haribhoomi और MyUpchar के साथ काम कर चुकी हैं।

Read More..

How we keep this article up to date:

We work with experts and keep a close eye on the latest in health and wellness. Whenever there is a new research or helpful information, we update our articles with accurate and useful advice.

  • Current Version

    Feb 26, 2026 18:44 IST

    Modified By : Meera Tagore
  • Feb 26, 2026 18:44 IST

    Modified By : Meera Tagore
  • Feb 26, 2026 18:44 IST

    Modified By : Meera Tagore
  • Feb 26, 2026 18:44 IST

    Published By : Meera Tagore
    Reviewed By : Dr Shobha Gupta

Medically reviewed content
200+ medical reviewers in network
17 Years of Trusted Health Content
Medically reviewed content
200+ medical reviewers in network
17 Years of Trusted Health Content
Medically reviewed content
200+ medical reviewers in network
17 Years of Trusted Health Content