रोजाना की वो 5 आदतें जो आपकी बैक बोन यानि रीढ़ की हड्डी को कर रही हैं कमजोर

By  , ओन्‍ली माई हैल्‍थ सम्पादकीय विभाग
Mar 27, 2018
Quick Bites

  • पीठ दर्द का कारण हमारी रोजमर्रा की कुछ गलत आदतें हैं।
  • बैठने में आपकी स्पाइन पर खड़े होने की अपेक्षा 40 प्रतिशत ज्यादा प्रेशर पड़ता है।
  • ल्यूब्रिकेंट अंगों को मोड़ने में और गति देने में मदद करता है।

पीठ और कमर में दर्द की समस्या आम है और ज्यादातर लोगों को ये आए दिन होती ही रहती है। बैक पेन की वजह से आपके रोजमर्रा के काम प्रभावित होते हैं क्योंकि उठने, बैठने, लेटने और सोने में हर तरह से आपको तकलीफ होती है। लेकिन क्या आपने सोचा है कि ऐसा क्यों होता है? पीठ या कमर में हल्के-फुल्के दर्द को हम नजरअंदाज करते रहते हैं क्योंकि बहुत से लोगों को लगता है कि ज्यादा काम करने या गलत तरीके से सो जाने के कारण पीठ में दर्द की समस्या होती है। लेकिन आपको बता दें कि पीठ में दर्द की ज्यादातर समस्याओं के पीछे कारण हमारी रोजमर्रा की कुछ गलत आदतें हैं।

देर तक एक ही जगह बैठना

क्या आपको पता है कि बैठने में आपकी स्पाइन पर खड़े होने की अपेक्षा 40 प्रतिशत ज्यादा प्रेशर पड़ता है। इसलिए अगर आप देर तक एक ही जगह बैठे रहते हैं तो आपको पीठ में दर्द होने की संभावना होती है। हमारे शरीर के सभी जोड़ों पर एक विशेष प्रकार का ल्यूब्रिकेंट होता है, जो अंगों को मोड़ने में और गति देने में मदद करता है। अगर किसी अंग का आप कम इस्तेमाल करते हैं, तो इससे ये ल्यूब्रिकेंट कम होने लगता है और उस अंग की हड्डियां अकड़ने लगती हैं। इसलिए एक ही जगह देर तक बैठने के बजाय हर घंटे में 5 मिनट के लिए टहल लें, ताकि आपकी मांसपेशियों में ब्लड का सर्कुलेशन ठीक रहे।

तनाव की वजह से

तनाव भी बैक पेन की एक बड़ी वजह है। दरअसल जब आप तनाव में होते हैं तब आपकी गर्दन और पीठ की कई मांसपेशियों पर गैर जरूरी दबाव पड़ता है। अगर आप ज्यादातर समय तनाव में रहते हैं, तो ये मांसपेशियां टाइट होकर अकड़ जाती हैं, जिससे पीठ और गर्दन में दर्द की समस्या हो सकती है। तनाव दूर करने के लिए सबसे पहले तो एक ग्लास ठंडा पानी पियें और थोड़ा चहल कदमी कर लें। इससे तनाव दूर होगा और धीरे-धीरे नसें सामान्य अवस्था में आ जाएंगी।

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आपका मैट्रेस या बिस्तर भी हो सकता है वजह

आपकी पीठ में दर्द की एक वजह आपका बिस्तर या आपका गद्दा भी हो सकता है। हर 5 से 7 साल में आपको गद्दे बदल देने चाहिए क्योंकि इतने समय में इन गद्दों का ठोसपन खत्म हो जाता है और ये जगह-जगह से ढीले हो जाते हैं जिससे सोते समय शरीर का सही पोश्चर नहीं बन पाता है। गद्दा चुनते समय हमेशा ध्यान रखें कि ये थोड़ा मोटा हो और ठोस हो। मुलायम और लचीले गद्दे से आपकी पीठ पर अनावश्यक दबाव पड़ सकता है और पीठ दर्द की समस्या हो सकती है।

कहीं आपकी बाइक तो नहीं है कारण

कई बार जब आप अपनी कद-काठी और शरीर की जरूरत से अलग बाइक चलाते हैं, तो भी पीठ और कमर में दर्द की संभावना बढ़ जाती है। शोध में पता चलता है कि दुनियाभर में हर जगह रेगुलर बाइक चलाने वाले 30 से 70 प्रतिशत लोगों में बैक पेन यानि पीठ दर्द की समस्या होती है। इसके लिए आपको बाइक चुनते कुछ बातों का समय ध्यान रखना चाहिए। आपको वही बाइक चलानी चाहिए जिसकी उंचाई इतनी हो कि आपका पूरा तलवा जमीन को छूता हो। इसके अलावा बाइक पर बहुत झुककर बैठने की बजाय अपनी पीठ को सीधा रखें।

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हील वाली सैंडल की वजह से

आपको जानकर हैरानी हो सकती है कि आपकी हील वाली सैंडल भी आपके पीठ में दर्द की एक बड़ी वजह हो सकती है। सैंडल पहनकर बैठने में कोई खास बुराई नहीं है मगर ऊंची हील वाली सैंडल पहनकर चलने-फिरने से आपके पैरों की मांसपेशियों पर दबाव पड़ता है और ये पीठ और कमर में दर्द का कारण बनती हैं। इसके लिए ध्यान रखें कि आपकी सैंडल बहुत हल्की यानि लाइट वेट हो और हील्स बहुत ज्यादा उंचीं न हों।

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