भोजन छोड़ने से बढ़ता है गुस्‍सा और घटती है ब्‍लड शुगर

By  , ओन्‍ली माई हैल्‍थ सम्पादकीय विभाग
Aug 22, 2014
Comment

हेल्‍थ संबंधी जानकारी के लिए सब्‍सक्राइब करें

Like onlymyhealth on Facebook!

Quick Bites

  • 'हैंगर' आपके रिश्तों के लिए अच्छा नहीं।
  • भूख से उत्पन्न क्रोध करता है अपनों पर असर।
  • हर चार घंटे में कुछ न कुछ खाते रहना जरूरी।
  • फाइबर युक्त आहार है आपके लिए फायदेमंद।

वो क्या कहते हैं, भूखे भजन न होय गोपाला। और आपको यह शायद यह भी मालूम होगा कि भूखे पेट भजन क्या प्रेम भी नहीं हो सकता। कहते हैं जब पेट हो खाली तो मीठी बात भी लगती है गाली।

शोध में यह बात सामने आयी है कि जब आप लंच नहीं करते, तो आपको एक अजीब तरह की फीलिंग होती है। जानकारों ने इसे अंग्रेजी के हंगर यानी भूख और एंगर यानी क्रोध को मिलाकर नया नाम हैंगर दिया है। जानकारों का मानना है कि यह बर्ताव आपकी लव लाइफ को भी खतरे में डाल सकता है। 107 शादीशुदा जोड़ों पर शोध करने के बाद यह बात सामने आयी है। जिस व्यक्ति का ब्लड शुगर कम होता है वह उसकी प्रतिक्रिया अपने साथी पर निकालता है। और इस शोध में यह ाबत  भी सामने आयी कि इस तरह का व्यवहार महिला और पुरुष दोनों करते हैा। यानी व्यक्ति के जेंडर का इससे कोई फर्क नहीं पड़ता।

skip meal

सुधारें

जब कभी आपको 'हैंगर' होने का आभास हो, तो साबुत अनाज जैसे उच्च फाइबर युक्त आहार का सेवन करें। आपके आहार में कम से कम पांच ग्राम फाइबर होना चाहिये। इससे आपको लंबे समय तक भूख नहीं लगेगी। आपको उच्च शर्करा युक्त आहार का सेवन नहीं करना चाहिये। क्योंकि ऐसे आहार बहुत जल्दी आपके रक्त ग्लूकोज का हिस्सा बन जाएंगे। यानी आपकी 'हैंगर' प्रक्रिया दोबारा शुरू हो जाएगी।

कुछ न कुछ खाते रहें

अगर आपने बीते चार घंटों से कुछ नहीं खाया है, तो इससे आपके रक्त में शर्करा का स्तर तेजी से कम हो जाता है। मस्तिष्क की कोशिकाओं के पास बैकअप ग्लूकोज नहीं बचता। तो दिमाग को सबसे पहले पता चलता है कि आप अब खाली पेट काम कर रहे हैं।

संकेतों को पहचानें

आपके दिमाग के सोचने समझने की शक्ति पर विपरीत असर पड़ता है। एंड्रनालाइन सक्रिय हो जाता है। इससे आपके दिल की धड़कन बढ़ने लगती है। यह शरीर का एक संकेत है कि अब आपको भोजन करना चाहिये। यह आपको बताता है कि आपके शरीर में ईंधन की कमी हो रही है।

low blood sugar

क्या करता है मस्त‍िष्क

अब क्योंकि आपने काफी देर से कुछ नहीं खाया है और आपके मस्तिष्क के पास ईंधन भी खत्म हो गया है। तो बिना ईंधन का मस्तिष्क ऊर्जा को स्व-नियंत्रण की प्रक्रिया से हटाने लगता है। वह इस ऊर्जा को अन्य जरूरी समझे जाने वाले कामों में लगाने लगता है।

क्या होता है इसका असर

गुस्सा, आक्रामकता और मूड में परिवर्तन होने लगता है। अब क्योंकि मसि्तष्क ने ऊर्जा को स्व-नियं‍त्रण से हटा दिया है, इसलिए ये भावनायें भी बेलगाम हो जाती हैं। तो यानी अगर आप गुस्से, चिंता, तनाव और अन्य चीजों से बचे रहना चाहते हैं, तो भोजन की अहम‍ियत को समझें।

इसका असर

यह प्रक्रिया तनाव हॉर्मोन को बढ़ा देती है। इससे चिंता, सिरदर्द और चक्कर आने जैसी तकलीफें होने लगती हैं।

कैसे बचें

हर चार घंट में कुछ न कुछ खाते रहें। कई बार ऐसा होता है कि आप काफी समय तक कुछ नहीं खा पाते। काम के दबाव या किसी अन्य कारण से आपको भोजन करने का समय नहीं मिल पाता। तो ऐसे में ' हैंगर' से बचने के लिए अपने पास कोई न कोई स्नैक्स जरूर रखें।

Write a Review
Is it Helpful Article?YES4 Votes 2093 Views 0 Comment
प्रतिक्रिया दें
disclaimer

इस जानकारी की सटिकता, समयबद्धता और वास्‍तविकता सुनिश्‍चित करने का हर सम्‍भव प्रयास किया गया है । इसकी नैतिक जि़म्‍मेदारी ओन्‍लीमाईहैल्‍थ की नहीं है । डिस्‍क्‍लेमर:ओन्‍लीमाईहैल्‍थ पर उपलब्‍ध सभी साम्रगी केवल पाठकों की जानकारी और ज्ञानवर्धन के लिए दी गई है। हमारा आपसे विनम्र निवेदन है कि किसी भी उपाय को आजमाने से पहले अपने चिकित्‍सक से अवश्‍य संपर्क करें। हमारा उद्देश्‍य आपको रोचक और ज्ञानवर्धक जानकारी मुहैया कराना मात्र है। आपका चिकित्‍सक आपकी सेहत के बारे में बेहतर जानता है और उसकी सलाह का कोई विकल्‍प नहीं है।

संबंधित जानकारी
  • सभी
  • लेख
  • स्लाइडशो
  • वीडियो
  • प्रश्नोत्तर