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Medically Reviewed by Dr Kiran Gupta , Yoga, Naturopathy Consultant & Nutrition & Dietician

पलाश की चाय पीने से स्किन को मिल सकते हैं कई फायदे, एक्सपर्ट से जानें कारण

आयुर्वेद में कई ऐसी जड़ी-बूटियां बताई गई हैं जो शरीर को अंदर से शुद्ध करके स्किन पर नेचुरल निखार देती हैं, उन्हीं में से एक है पलाश। यहां जानिए, पलाश की चाय पीने के फायदे क्या-क्या हैं?
पलाश की चाय पीने से स्किन को मिल सकते हैं कई फायदे, एक्सपर्ट से जानें कारणपलाश की चाय पीने से स्किन को मिल सकते हैं कई फायदे, एक्सपर्ट से जानें कारण

आज की भागदौड़ भरी जिंदगी, बढ़ता प्रदूषण, अनियमित खानपान और तनाव, इन सबका सबसे पहला असर हमारी स्किन पर दिखाई देता है। कभी अचानक पिंपल्स निकल आते हैं, तो कभी चेहरा बेजान और ड्राई लगने लगता है। महंगे स्किन केयर प्रोडक्ट्स और ट्रीटमेंट्स के बावजूद जब मनचाहा निखार नहीं मिलता, तब लोग नेचुरल और आयुर्वेदिक उपायों की ओर रुख करते हैं। आयुर्वेद में पलाश के फूलों को स्किन के लिए अच्छा बताया गया है, स्किन की अधिकांश समस्याएं शरीर में जमा विषैले तत्वों और रक्त की अशुद्धि के कारण होती हैं। ऐसे में पलाश से बनी हर्बल चाय शरीर को अंदर से डिटॉक्स करने में मदद कर सकती है। इस लेख में मेवाड़ विश्वविद्यालय में प्रोफेसर एवं प्राकृतिक चिकित्सालय बापू नगर, जयपुर की वरिष्ठ चिकित्सक योग, प्राकृतिक चिकित्सा पोषण और आयुर्वेद विशेषज्ञ डॉ. किरण गुप्ता से जानिए, पलाश की चाय पीने के फायदे क्या-क्या हैं?

पलाश की चाय पीने के फायदे क्या-क्या हैं?

आयुर्वेदिक डॉक्टर किरण गुप्ता के अनुसार, पलाश के फूलों से बनी चाय स्किन की कई समस्याओं में फायदेमंद मानी जाती है। यह शरीर में जमा टॉक्सिन्स को बाहर निकालने में मदद करती है, जिससे स्किन साफ और ग्लोइंग बनती है। खासतौर पर जिन लोगों को बार-बार पिंपल्स, दाग-धब्बे या एलर्जी की समस्या रहती है, उनके लिए पलाश चाय लाभकारी हो सकती है।

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  • डॉ. किरण गुप्ता बताती हैं कि पलाश की चाय रक्त को शुद्ध करने में सहायक मानी जाती है, जिससे स्किन संबंधी समस्याएं कम हो सकती हैं।
  • पलाश में प्राकृतिक एंटी-बैक्टीरियल और एंटी-इंफ्लेमेटरी गुण पाए जाते हैं। यह स्किन में सूजन कम करने और बैक्टीरिया को कंट्रोल करने में मदद कर सकता है। नियमित सेवन से एक्ने और फुंसियों की समस्या में सुधार देखा जा सकता है।
  • मौसम बदलने पर कई लोगों को खुजली, रैशेज और लालिमा की शिकायत होती है। आयुर्वेद के अनुसार, पलाश की तासीर कषाय (astringent) और शीतल मानी जाती है, जो स्किन की जलन और एलर्जी को शांत करने में मदद कर सकती है।
  • जब पाचन तंत्र सही रहता है और शरीर से विषैले तत्व बाहर निकलते हैं, तो इसका सीधा असर स्किन पर दिखता है। पलाश चाय डिटॉक्स ड्रिंक की तरह काम कर सकती है, जिससे स्किन में नेचुरल चमक आती है।
  • पलाश में मौजूद एंटीऑक्सीडेंट्स फ्री रेडिकल्स से लड़ने में मदद करते हैं। इससे स्किन की कोशिकाओं को नुकसान कम होता है और एजिंग की प्रक्रिया धीमी हो सकती है।

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पलाश की चाय बनाने का तरीका

पलाश की चाय बनाने के लिए 1 छोटा चम्मच सूखे पलाश के फूल, 1 कप पानी,स्वादानुसार शहद की जरूरत होगी।

  • एक पैन में 1 कप पानी उबाल लें।
  • उबलते पानी में सूखे पलाश के फूल डालें।
  • इसे 5-7 मिनट तक धीमी आंच पर पकने दें।
  • गैस बंद करके छान लें।
  • गुनगुना होने पर इसमें थोड़ा शहद मिलाकर सेवन करें।
  • सुबह खाली पेट या शाम को हल्के नाश्ते के बाद इसका सेवन किया जा सकता है। हफ्ते में 3-4 बार पीना पर्याप्त माना जाता है।

डॉक्टर की सलाह

पलाश की चाय नेचुरल है, लेकिन हर व्यक्ति की प्रकृति अलग होती है। प्रेग्नेंट महिलाएं, स्तनपान कराने वाली महिलाएं या जो लोग किसी गंभीर बीमारी की दवा ले रहे हैं, उन्हें इसका सेवन करने से पहले आयुर्वेदिक चिकित्सक से सलाह जरूर लेनी चाहिए। डॉ. किरण गुप्ता कहती हैं कि ज्यादा मात्रा में सेवन करने से पेट में जलन या असहजता हो सकती है, इसलिए सीमित मात्रा में ही इसका उपयोग करें।

निष्कर्ष

आजकल के प्रदूषण, अनियमित खानपान और तनाव भरी लाइफस्टाइल का सीधा असर हमारी स्किन पर पड़ता है। ऐसे में आयुर्वेदिक उपाय जैसे पलाश चाय एक प्राकृतिक विकल्प हो सकते हैं। यह न केवल शरीर को अंदर से शुद्ध करने में मदद करती है, बल्कि स्किन को साफ, हेल्दी और चमकदार बनाने में भी सहायक मानी जाती है।

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Akanksha Tiwari

Health & Lifestyle Journalist

आकांक्षा तिवारी पिछले 6 वर्षों से पत्रकारिता में सक्रिय हैं, जिनमें से करीब 3 साल उन्होंने हेल्थ जर्नलिज्म को दिए हैं। फिलहाल वह OnlyMyHealth में सीनियर सब एडिटर के तौर पर काम कर रही हैं। वह पोषण, आयुर्वेद, प्रेगनेंसी, हार्ट हेल्थ और फिटनेस जैसे विषयों पर लिखती हैं और स्वास्थ्य से जुड़ी जानकारी को प्रमाणित स्रोतों और रिसर्च के आधार पर सरल भाषा में पाठकों तक पहुंचाने का प्रयास करती हैं। जिन लेखों में मेडिकल पुष्टि जरूरी होती है, उन्हें प्रकाशित होने से पहले विशेषज्ञ डॉक्टरों द्वारा रिव्यू किया जाता है। OnlyMyHealth से पहले वह India TV, India Ahead और News Nation के साथ काम कर चुकी हैं। Editorial Policy: आकांक्षा द्वारा लिखे गए सभी लेखों की हमारी संपादकीय टीम द्वारा तथ्य-जांच की जाती है और आवश्यकता पड़ने पर संबंधित विषय विशेषज्ञों द्वारा समीक्षा की जाती है।

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    Mar 04, 2026 18:24 IST

    Modified By : Akanksha Tiwari
  • Mar 04, 2026 18:24 IST

    Published By : Akanksha Tiwari
    Reviewed By : Dr Kiran Gupta