किस उम्र में आपका जिम जाना है सही, जानें

By  , ओन्‍ली माई हैल्‍थ सम्पादकीय विभाग
May 09, 2017
Quick Bites

  • आमतौर पर व्‍यायाम हर किसी को करना चाहिए।
  • जिम या व्‍यायाम से शरीर को मजबूती प्रदान होती है।
  • जिम शुरू करने के लिए 14 वर्ष उम्र उपयुक्‍त माना जाता है।

जिम जाने को लेकर लोगों की अलग-अलग धारणाएं बनी हुई हैं। जबकि सही मायने में व्‍यायाम शरीर के अंगों की प्राकृतिक गतिविधि है। अगर हम एक बच्‍चे की बात करें तो वह जन्‍म से ही लेटे हुए अपनी भुजाओं और टांगों को हिलाता रहता है। लेकिन अगर कोई वयस्‍क व्‍यक्ति या युवा करे तो वह निश्चित रूप से जल्‍दी ही थक जाएगा। रेंगना, चलना, साइकिलिंग और दौड़ना सभी जिमिंग एक्‍सरसाइज़ हैं, जिसमें मांसपेशियां पूरी ताकत लगाती है। तो आइए जानते हैं जानते हैं जिम जाने की ए, बी, सी, डी।

इसे भी पढ़ें : जिम जाने से पहले जरूर पढ़ें ये जरूरी बात

exercise

एक्‍सपर्ट की राय

एक्‍सपर्ट का मानना है कि अगर बच्चों के दौड़ने, चलने, तैरने, साइकिलिंग करने की कोई उम्र नही है तो फिर जिम जाने की आयु-सीमा क्यों है। अगर आप जिम एक्सरसाइज़ की मूवमेंट्स की और देखे तो आप आसानी से निरीक्षण कर सकते है की वह सभी गतिविधियाँ साधारण और प्राकृतिक है। मूवमेंट्स जैसे कि पुश-अप, चिन-अप्स, फ्रंट प्रैस, बारबेल कर्ल आदि बायो मेकैनिकल मूवमेंट्स है, जहाँ मांसपेशियां पेशी समूह के बायोलॉजिकल मूवमेंट्स के साथ जोर लगती है।

इसे भी पढ़ें : जिम करने के बाद जरूर खाएं ये 5 चीजें

यह मांसपेशियों कि मजबूती, जोड़ो पर कम दबाव का काम करती है जबकि कुछ खेल जैसे कि कुश्ती, कबड्डी, बॉक्सिंग और सभी बॉल और रैकेट गेम्स को अगर हाई इंटेंसिटी से खेल जाए तो चोट लगने कि संभावना होती है। इन खेलों में यह निश्चित नही कि अगली मूवमेंट क्या होगी और कौन सी मसल, जोड़ पर दबाव पड़ेगा। इसके लिए शरीर कि निश्चित असाधारण गतिविधियों जैसे रोटेशन, रोइंग, सरकमडक्‍शन, डॉरसीफ्लेक्‍शन आदि करने पड़ते है। इनसे अवांछित मोच और दर्द हो सकते है। जबकि जिम एक्सरसाइज़ मूवमेंट्स बहुत साधारण बल लगाने वाली होती है और मांसपेशियों के फैलाव में मदद करती है।

 

इस उम्र से शुरू करें जिम

अक्‍सर यह सलाह दी जाती है कि 14 वर्ष कि आयु ही जिम जाने कि उचित आयु है जब जिम के द्वारा मिलने वाले लाभ बिना समस्या के प्राप्त हो सकते है। इस आयु में स्त्री और पुरुष में नेचुरल हार्मोन का फ्लो बढ़ जाता है और जिम एक्सरसाइज़ से प्राप्त प्राकृतिक विकास स्त्री और पुरुष दोनों के लिए लाभदायी होता है। हालांकि इस बात का ध्यान रहे कि बच्चे मानसिक रूप से स्वस्थ हो और उन्हें किसी योग्य, मान्यता प्राप्त और प्रेरित ट्रेनर के अंतर्गत ही ट्रेनिंग दी जाए। जिससे उन्‍हें किसी तरह की समस्‍या न हो।

 

ऐसे अन्य स्टोरीज के लिए डाउनलोड करें: ओनलीमायहेल्थ ऐप

Image Source: Getty

Read More Article on Sports & Fitness In Hindi

Loading...
Is it Helpful Article?YES5345 Views 0 Comment
संबंधित जानकारी
  • सभी
  • लेख
  • स्लाइडशो
  • वीडियो
  • प्रश्नोत्तर
This website uses cookie or similar technologies, to enhance your browsing experience and provide personalised recommendations. By continuing to use our website, you agree to our Privacy Policy and Cookie Policy. OK