Sat Oct 31, 2026 | 12:12 AM IST

Medically Reviewed by Dr Anju Suryapani , Senior Consultant – Obstetrics, Gynaecology

ब्रेस्ट में अचानक चुभन जैसा दर्द क्यों होता है? डॉक्टर से जानें इसका कारण

ब्रेस्ट में अचानक चुभन जैसे दर्द के कई कारण हो सकते हैं, जिनमें हार्मोनल बदलाव, फाइब्रोसिस्टिक ब्रेस्ट और गलत ब्रा शामिल हैं। आमतौर पर यह कैंसर का संकेत नहीं होता, लेकिन लगातार दर्द या अन्य लक्षणों पर डॉक्टर से सलाह लेनी चाहिए।
ब्रेस्ट में अचानक चुभन जैसा दर्द क्यों होता है? डॉक्टर से जानें इसका कारण 
ब्रेस्ट में अचानक चुभन जैसा दर्द क्यों होता है? डॉक्टर से जानें इसका कारण

महिलाओं के ब्रेस्ट में किसी भी तरह का दर्द या असुविधा होना अक्सर चिंता का कारण बनता है। खासकर, जब ब्रेस्ट में अचानक चुभन जैसा दर्द महसूस हो तो मन में कई तरह के डरावने सवाल आने लगते हैं। हालांकि ज्यादातर महिलाएं इसे तुरंत ब्रेस्ट कैंसर से जोड़ लेती हैं, लेकिन अधिकतर मामलों में यह दर्द कैंसर से जुड़ा हुआ नहीं होता है। आइए Dr.(Prof.) Anju Suryapani, Sr. Consultant- Obstetrics & Gynaecology, Metro Hospital, Noida से जानते हैं कि ब्रेस्ट में चुभन या तेज दर्द क्यों होता है? 

ब्रेस्ट में चुभन वाले दर्द के कारण

National Library of Medicine के अनुसार, ब्रेस्ट में अचानक चुभने वाला दर्द कई कारणों से हो सकता है, जिसमें मांसपेशियों में खिंचाव या चोट, पीरियड से जुड़े हार्मोनल बदलाव या गर्भनिरोधक गोलियों का असर शामिल हैं। 

Dr. Anju Suryapani का कहना है कि ब्रेस्ट में चुभन या तेज दर्द होने के पीछे कई कारण हो सकते हैं, जिनमें शामिल हैं- 

1. हार्मोनल उतार-चढ़ाव

ब्रेस्ट टिश्यू हार्मोन के प्रति बहुत ज्यादा सेंसिटिव होते हैं। पीरियड्स शुरू होने से कुछ दिन पहले शरीर में एस्ट्रोजन और प्रोजेस्टेरोन हार्मोन का लेवल बदलता है, जिससे ब्रेस्ट में भारीपन, सेंसिटिविटी और सुई चुभने जैसा दर्द हो सकता है। गर्भधारण के शुरुआती हफ्तों में या मेनोपॉज के दौरान होने वाले हार्मोनल बदलाव भी इस तरह के दर्द का कारण बनते हैं। 

इसे भी पढ़ें: क्या PMS में आपको भी होता है ब्रेस्ट पेन? डॉक्टर ने बताए इसके 5 बड़े कारण

2. फाइब्रोसिस्टिक ब्रेस्ट चेंजेस 

यह एक बहुत आम और नॉन-कैंसरस स्थिति है। इसमें ब्रेस्ट के टिश्यू गांठदार या स्पंजी हो सकते हैं। पीरियड साइकिल के दौरान ये टिश्यू ज्यादा सेंसिटिव हो जाते हैं, जिससे ब्रेस्ट में अचानक चुभन, भारीपन या हल्का दर्द महसूस हो सकता है। 

3. गलत ब्रा पहनना 

कई बार महिलाओं में यह समस्या अंदरूनी न होकर बाहरी होती है। बहुत टाइट ब्रा या गलत साइज की स्पोर्ट्स ब्रा पहनने से ब्रेस्ट की नसों और मांसपेशियों पर लगातार प्रेशर पड़ता है। यह प्रेशर ब्रेस्ट या पसलियों के आस-पास चुभन और खिंचाव वाले दर्द का कारण बनता है। 

4. कैफीन का ज्यादा सेवन 

चाय, कॉफी, कोल्ड ड्रिंक्स या चॉकलेट में मौजूद कैफीन ब्रेस्ट के ब्लड वेसल्स को प्रभावित कर सकता है। ज्यादा कैफीन लेने से फाइब्रोसिस्टिक टिश्यू उत्तेजित हो जाते हैं, जिससे ब्रेस्ट में सेंसिटिविटी और चुभन बढ़ जाती है। 

breast-pain-reasonbreast-pain-reason

5. पसलियों और मांसपेशियों का दर्द

कई बार दर्द असल में ब्रेस्ट के अंदर नहीं बल्कि सीने की दीवार या पसलियों की मांसपेशियों का होता है। भारी वजन उठाने, जिम में कसरत करने या अचानक गलत मूवमेंट होने से पसलियों की कार्टिलेज में सूजन आ जाती है। यह दर्द सुई चुभने जैसा होता है और ब्रेस्ट के हिस्से में महसूस होता है। 

6. तनाव और एंग्जाइटी 

मानसिक तनाव सिर्फ सिर या पेट को प्रभावित नहीं करता है, बल्कि यह शरीर की मांसपेशियों के जकड़ने का कारण बन सकता है। इस वजह से छाती या ब्रेस्ट के आस-पा चुभन या खिंचाव महसूस हो सकता है। 

क्या यह स्तन कैंसर का लक्षण है?

Dr. Anju Suryapani का कहना है कि ज्यादातर मामलों में, सुई चुभने वाला या तेज दर्द ब्रेस्ट कैंसर का लक्षण नहीं होता है। शुरुआती स्टेज में ब्रेस्ट कैंसर आमतौर पर दर्द के बिना होता है। हालांकि, अगर दर्द के साथ-साथ ब्रेस्ट में कोई सख्त गांठ, निप्पल से खून या असामान्य स्राव, निप्पल का अंदर की ओर मुड़ना या स्किन पर संतरे के छिलके जैसी सूजन दिखाई दे, तो इसे बिल्कुल नजरअंदाज नहीं करना चाहिए।

इसे भी पढ़ें: क्या ब्रेस्ट में दर्द हमेशा कैंसर का संकेत है? जानें क्या कहते हैं डॉक्टर

डॉक्टर से कब संपर्क करना चाहिए?

अगर आपको ब्रेस्ट में दर्द है तो घबराना नहीं चाहिए, बल्कि अपनी स्थिति पर ध्यान देना चाहिए और डॉक्टर से कंसल्ट करना चाहिए। अगर दर्द लगातार बना हुआ है और समय के साथ बढ़ता जा रहा है, दर्द के साथ ब्रेस्ट में कोई गांठ, सूजन या रेडनेस महसूस हो या दर्द के कारण रोजमर्रा की गतिविधियां प्रभावित हो रही हैं। इन स्थितियों में डॉक्टर से मिलें ताकि मेमोग्राफी या अल्ट्रासाउंड करवा कर स्थिति के बारे में पता लगाया जा सके। 

निष्कर्ष

ब्रेस्ट में चुभन या तेज दर्द होना अक्सर हार्मोनल बदलाव, फाइब्रोसिस्टिक बदलाव या मांसपेशियों के खिंचाव का नतीजा होता है। सही साइज की आरामदायक ब्रा पहनना, कैफीन का सेवन सीमित करना और तनाव कम करना इस असुविधा से राहत दिला सकता है। फिर भी, मन की शांति के लिए और किसी भी अनहोनी से बचने के लिए डॉक्टर की सलाह लेना जरूरी है। 

Image Credit: Freepik 

FAQ

  • ब्रेस्ट में चुभन हो तो क्या करें?

    ब्रेस्ट में चुभन होने पर घबराएं नहीं, क्योंकि यह हार्मोनल बदलाव, गलत ब्रा पहनने या तनाव के कारण होता है। ऐसी स्थिति में आप तुरंत डॉक्टर से कंसल्ट करें। 
  • ब्रेस्ट कैंसर के शुरुआती लक्षण क्या होते हैं?

    ब्रेस्ट या अंडरआर्म में कोई गांठ या सूजन महसूस होना और निप्पल से खून या असामान्य डिस्चार्ज निकलना इसके शुरुआती लक्षण हैं। इसके अलावा, ब्रेस्ट की स्किन का रंग बदलना या संकुचन होना भी इसके संकेत हो सकते हैं। 

Read Next

→ पीरियड्स के दौरान सेक्स करने से प्रेग्नेंसी हो सकती है या नहीं? मानें डॉक्टर की बात

Disclaimer

इस जानकारी की सटीकता, समयबद्धता और वास्तविकता सुनिश्चित करने का हर सम्भव प्रयास किया गया है हालांकि इसकी नैतिक जि़म्मेदारी ओन्लीमायहेल्थ डॉट कॉम की नहीं है। हमारा आपसे विनम्र निवेदन है कि किसी भी उपाय को आजमाने से पहले अपने चिकित्सक से अवश्य संपर्क करें। हमारा उद्देश्य आपको जानकारी मुहैया कराना मात्र है।

कात्यायनी तिवारी पिछले 6 वर्षों से पत्रकारिता में सक्रिय हैं। करियर की शुरुआत उन्होंने न्यूज चैनल से की और बाद में डिजिटल मीडिया में हेल्थ और लाइफस्टाइल विषयों पर काम करना शुरू किया। फिलहाल वह OnlyMyHealth में सब एडिटर के तौर पर कार्यरत हैं।वह महिला स्वास्थ्य, पोषण, आयुर्वेद, योग, स्किन हेल्थ और प्रेग्नेंसी जैसे विषयों पर लिखती हैं। उनका प्रयास रहता है कि ताजा रिसर्च, विशेषज्ञ डॉक्टरों की राय और प्रमाणित स्रोतों के आधार पर सही स्वास्थ्य जानकारी सरल भाषा में पाठकों तक पहुंचे। जिन लेखों में मेडिकल पुष्टि जरूरी होती है, उन्हें प्रकाशित होने से पहले डॉक्टरों द्वारा रिव्यू किया जाता है।OnlyMyHealth से पहले वह Jantantra TV और Boldsky के साथ काम कर चुकी हैं।

Read More..

How we keep this article up to date:

We work with experts and keep a close eye on the latest in health and wellness. Whenever there is a new research or helpful information, we update our articles with accurate and useful advice.

  • Current Version

    Oct 30, 2026 22:09 IST

    Modified By : Katyayani Tiwari
  • Oct 30, 2026 22:09 IST

    Published By : Katyayani Tiwari
    Reviewed By : Dr Anju Suryapani