सिर के सिर्फ एक हिस्से या एक तरफ दर्द होना आम शारीरिक समस्याओं में से एक है, जो किसी भी व्यक्ति के रोजमर्रा के जीवन और कामकाज को बुरी तरह प्रभावित कर सकता है। यह दर्द कभी हल्का होता है, तो कभी इतना तेज और चुभन वाला कि व्यक्ति के लिए शांति से बैठना भी मुश्किल हो जाता है। Dr. Akshay Chugh, Internal Medicine & Metabolic Disorders, Metro Hospital and Heart Institute, Noida का कहना है कि सिर के एक तरफ दर्द होने के पीछे कई कारण हो सकते हैं, जैसे माइग्रेन, तनाव, नसों से जुड़ी समस्याएं या गलत लाइफस्टाइल।
सिर के एक तरफ दर्द होने के कारण
साल 2016 में The Journal of Headache and Pain में प्रकाशित स्टडी के अनुसार, सिर के एक तरफ होने वाले तेज दर्द को तीन हिससों में बांटा जाता है।
- प्राथमिक सिरदर्द में क्लस्टर सिरदर्द (जो लगभग 20% मामलों में सबसे आम है), माइग्रेन और चेहरे के दर्द से जुड़े अन्य डिसऑर्डर शामिल हैं।
- दूसरे प्रकार के द्वितीयक सिरदर्द में गर्दन की समस्या (सरवाइकोजेनिक सिरदर्द), नसों या ब्लड वेसल्स से जुड़ी समस्याएं, ग्लूकोमा, साइनस, दांतों की समस्या, जबड़े की परेशानी और दिमाग में ट्यूमर जैसी अन्य शारीरिक समस्याएं शामिल होती हैं।
- तीसरे प्रकार में चेहरे की नसों में होने वाली तीव्र चुभन या दर्द, जैसे ट्राइजेमिनल न्यूराल्जिया और ऑक्सिपिटल न्यूराल्जिया शामिल हैं।
Dr. Akshay Chugh का कहना है कि सिर के आधे हिस्से में दर्द होने के पीछे माइग्रेन के साथ अन्य कई कारण हो सकते हैं, जिनमें शामिल हैं-
1. माइग्रेन
यह एक तरफ के सिरदर्द का सबसे बड़ा और आम कारण है। इसमें सिर के एक तरफ तेज टीस उठती है, जैसे कोई नस धड़क रही हो। माइग्रेन के कारण होने वाले एक तरफ सिरदर्द के साथ मरीज को उल्टी या जी मिचलाना, तेज रोशनी और आवाज से चिड़चिड़ापन होने की समस्या हो सकती है।
खाली पेट रहना, नींद पूरी न होना, ज्यादा मानसिक तनाव, तेज गंध या महिलाओं में पीरियड्स के दौरान होने वाले हार्मोनल बदलाव माइग्रेन के ट्रिगर हो सकते हैं।
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2. क्लस्टर सिरदर्द
इस समस्या के कारण माइग्रेन से भी ज्यादा तीखा और भयानक दर्द होता है। यह दर्द सिर के एक हिस्से में, मुख्य रूप से एक आंख के ठीक पीछे या उसके आस-पास होता है। इस स्थिति में सिर के जिस तरफ दर्द होता है, उसी तरफ की आंख लाल हो जाती है, आंख से पानी आने लगता है, पलक सूज जाती है और नाक बंद या बहने लगती है। यह दर्द एक ही समय पर बार-बार उठ सकता है।
3. सर्वाइकोजेनिक सिरदर्द
यह सिरदर्द दिमाग की वजह से नहीं, बल्कि गर्दन की हड्डियों या मांसपेशियों की समस्या से शुरू होता है। दर्द गर्दन या कंधे से शुरू होकर सिर के पिछले हिस्से से होता हुआ एक तरफ के माथे या आंख तक फैलता है। खराब पोश्चर में बैठना भी इसका सबसे बड़ा कारण है।
4. टेम्पोरल आर्टराइटिस
यह समस्या आमतौर पर 50 साल से ज्यादा उम्र के लोगों में पाई जाने वाली एक गंभीर स्थिति है। इस स्थिति में सिर के कनपटी के ब्लड वेसल्स में सूजन आ जाती है। सिर की एक तरफ की नस छूने पर सख्त या बहुत ज्यादा दर्द महसूस होता है। इसके साथ ही, चबाने में दर्द, आंखों के आगे धुंधलापन और हल्का बुखार हो सकता है। इस स्थिति से राहत के लिए तुरंत इलाज की जरूरत होती है, वरना आंखों की रोशनी पर भी बुरा असर पड़ सकता है।
5. ट्राइजेमिनल न्यूराल्जिया
हमारे चेहरे की मुख्य नस पर प्रेशर पड़ने से यह समस्या होती है। इस परेशानी में पीड़ित व्यक्ति के चेहरे या सिर के एक तरफ अचानक बिजली के झटके जैसा तेज दर्द उठता है, जो कुछ सेकेंड से लेकर कुछ मिनट तक रहता है। ब्रश करने, चेहरा धोने या हवा लगने से भी यह दर्द ट्रिगर हो जाता है।
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सिर के एक तरफ दर्द के पीछे छिपी अन्य समस्याएं
Dr. Akshay Chugh के अनुसार, इन बीमारियों के अलावा, सिर के एक तरफ दर्द होने के पीछे आपकी लाइफस्टाइल से जुड़ी कुछ गलत आदतें भी हो सकती हैं, जिनमें शामिल हैं-
- तनाव और डिहाइड्रेशन- शरीर में पानी की कमी होने से दिमाग की नसें सेंसिटिव हो जाती हैं, जो सिर के एक तरफ दर्द का कारण बन सकता है।
- नींद की समस्या- जरूरत से कम या बहुत ज्यादा सोने के कारण या अनिद्रा की समस्या भी सिरदर्द का कारण बन सकती है।
- स्क्रीन टाइम- घंटों लगातार लैपटॉप या मोबाइल की स्क्रीन पर देखना और गर्दन झुकाकर बैठने से भी सिर के एक तरफ दर्द की समस्या हो सकती है।
- कैफीन और अल्कोहल- बहुत ज्यादा चाय या कॉफी और शराब का सेवन भी इस समस्या का कारण बन सकता है।
सिर दर्द से राहत पाने के लिए क्या करना चाहिए?
Dr. Akshay Chugh बताते हैं कि अगर आपको सिर के एक तरफ सिर में दर्द की समस्या अक्सर रहती है तो राहत पाने के लिए इन बातों का ध्यान रखें-
- हेडेक डायरी बनाएं- जब भी सिर में दर्द हो तो नोट करें कि आपने उस दिन क्या खाया था, कितनी नींद ली थी और दर्द किस समय शुरू हुआ। इससे ट्रिगर पकड़ने में मदद मिलेगी।
- पर्याप्त मात्रा में पानी पिएं- दिन में 2.5 से 3 लीटर पानी जरूर पिएं। कई बार डिहाइड्रेशन के कारण भी सिर के एक तरफ दर्द हो सकता है।
- अंधेरे और शांत कमरे में आराम करें- अगर माइग्रेन का दर्द उठ रहा है तो तेज रोशनी और शोर से दूर होकर 20 से 30 मिनट आंखें बंद करके लेट जाएं।
- कोल्ड या हॉट कम्प्रेस- माथे या गर्दन के पीछे बर्फ या ठंडे पानी की पट्टी रखने से भी इस दर्द से राहत मिल सकती है, क्योंकि ये नसों की सूजन को कम करने में मदद करता है।
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डॉक्टर के पास कब जाना चाहिए?
Dr. Akshay Chugh का कहना है कि हर सिरदर्द नॉर्मल नहीं होता है। अगर आपके सिरदर्द के साथ नीचे दिए लक्षण दिखाई दें तो बिना देर किए तुरंत न्यूरोलॉजिस्ट से कंसल्ट करें-
- सिरदर्द अचानक बहुत तेज होना
- सिरदर्द के साथ बुखार, गर्दन में अकड़न या उल्टी होना।
- शरीर के एक हिस्से में कमजोरी, सुन्नपन या बोलने और देखने में दिक्कत आना
- सिर में कोई चोट लगने के बाद दर्द शुरू होना
- 50 साल की उम्र के बाद पहली बार ऐसा तेज सिरदर्द शुरू हुआ हो।
निष्कर्ष
सिर के एक तरफ दर्द होने का मतलब यह नहीं है कि आपको कोई गंभीर बीमारी ही है, लेकिन इसे लगातार नजरअंदाज करना या बिना डॉक्टर की सलाह के रोज पेनकिलर्स खाना आपके किडनी और स्वास्थ्य के लिए खतरनाक हो सकता है। सही समय पर डॉक्टर से मिलकर समस्या के सही कारणों की पहचान करना जरूरी है, ताकि बीमारी को गंभीर होने से रोका जा सके।
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FAQ
किसकी कमी से सिर दर्द होता है?
सिरदर्द मुख्य रूप से शरीर में पानी की कमी, नींद की कमी और कुछ खास विटामिन की कमी के कारण होता है।सिर दर्द में क्या न खाएं?
सिर दर्द या माइग्रेन की समस्या होने पर कुछ खास फूड्स और ड्रिंक्स के सेवन से बचना चाहिए, क्योंकि ये दर्द को और बढ़ा सकते हैं। इन फूड्स में शामिल हैं शराब, ज्यादा कैफीन, प्रोसेस्ड और पैकेटबंद फूड्स, ज्यादा तीखा और आर्टिफिशियल स्वीटनर शामिल हैं।
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Current Version
Oct 01, 2026 20:54 IST
Modified By : Katyayani Tiwari Oct 01, 2026 20:54 IST
Published By : Katyayani Tiwari
Reviewed By : Dr Akshay Chugh
